{"_id":"662ecd8979f891e355068534","slug":"get-the-grains-picked-up-soon-charkhi-dadri-news-c-126-1-shsr1011-116934-2024-04-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"अनाज का उठान जल्द नहीं हुआ तो मंडियां करेंगे बंद : बजरंग गर्ग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अनाज का उठान जल्द नहीं हुआ तो मंडियां करेंगे बंद : बजरंग गर्ग
Mon, 29 Apr 2024 03:58 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Mon, 29 Apr 2024 03:58 AM IST
विज्ञापन
हरियाणा व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंग गर्ग।
चरखी दादरी। हरियाणा व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष व हरियाणा काॅन्फैड के पूर्व चेयरमैन बजरंग गर्ग ने रविवार को आढ़तियों और किसानों से बातचीत की। बजरंग गर्ग ने कहा कि अगर सरकार ने तुरंत प्रभाव से सरसों व गेहूं का उठान नहीं करवाया तो व्यापार मंडल हरियाणा की मंडियाें को बंद करके सड़कों पर उतरेगा।
शहर की अनाज मंडी में काफी दिनों से हजारों क्विंटल सरसों खुले में पड़ी है और भिवानी, दादरी समेत हरियाणा की सभी मंडियां सरसों और गेहूं से अटी पड़ी हैं। पहले बारिश के कारण सरसों और गेहूं भीगने से लाखों क्विंटल सरसों व गेहूं खराब हो चुका है।
बैठक के बाद प्रेस को जारी बयान में उन्होंने कहा कि अगर अब बारिश आई तो हरियाणा में लाखों क्विंटल सरसों और 35 लाख मीट्रिक टन गेहूं खराब हो जाएगा। सरकार की गलत नीतियों से प्रदेश का आढ़ती व किसान बर्बादी के कगार पर है। मुख्यमंत्री के 72 घंटे में अनाज खरीद, उठान व भुगतान के सभी दावे हवाई रहे हैं। सरकार को अपनी घोषणाओं के अनुसार तुरंत प्रभाव से सरसों व गेहूं का उठान व भुगतान कराना चाहिए। वहीं, अनाज उठान में देरी के कारण अनाज में जो कमी मिलती है, उसकी भरपाई आढ़तियों से न करके सरकारी खरीद एजेंसियों के अधिकारियों व ठेकेदारों से करनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
शहर की अनाज मंडी में काफी दिनों से हजारों क्विंटल सरसों खुले में पड़ी है और भिवानी, दादरी समेत हरियाणा की सभी मंडियां सरसों और गेहूं से अटी पड़ी हैं। पहले बारिश के कारण सरसों और गेहूं भीगने से लाखों क्विंटल सरसों व गेहूं खराब हो चुका है।
विज्ञापन
बैठक के बाद प्रेस को जारी बयान में उन्होंने कहा कि अगर अब बारिश आई तो हरियाणा में लाखों क्विंटल सरसों और 35 लाख मीट्रिक टन गेहूं खराब हो जाएगा। सरकार की गलत नीतियों से प्रदेश का आढ़ती व किसान बर्बादी के कगार पर है। मुख्यमंत्री के 72 घंटे में अनाज खरीद, उठान व भुगतान के सभी दावे हवाई रहे हैं। सरकार को अपनी घोषणाओं के अनुसार तुरंत प्रभाव से सरसों व गेहूं का उठान व भुगतान कराना चाहिए। वहीं, अनाज उठान में देरी के कारण अनाज में जो कमी मिलती है, उसकी भरपाई आढ़तियों से न करके सरकारी खरीद एजेंसियों के अधिकारियों व ठेकेदारों से करनी चाहिए।
विज्ञापन