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गबन मामला: जांच के लिए पंचायत विभाग कार्यालय पहुंची विजिलेंस टीम

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 25 May 2022 11:24 PM IST
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Embezzlement case: Vigilance team reached Panchayat Department office for investigation
बीडीपीओ कार्यालय में गबन मामले में जांच के लिए पहुंची विजिलेंस टीम। - फोटो : CharkhiDadri
बाढड़ा (चरखी दादरी। गबन मामले में बुधवार को जांच के लिए रोहतक कार्यालय से विजिलेंस टीम बाढड़ा खंड विकास एवं पंचायत कार्यालय पहुंची। टीम ने यहां करीब तीन घंटे बिताए और कई पहलुओं पर बारीकी से जांच की। हालांकि टीम में शामिल अधिकारियों ने जांच के संबंध में कुछ भी कहने से इंकार कर दिया। स्थानीय अधिकारी भी इस मसले पर चुप्पी साध लिया है। बताया जा रहा है कि टीम ने ग्राम सचिवों से प्रयोग किए गए चेक, प्रस्ताव पुस्तिका और सरकारी कोष से हुई धन निकासी की जानकारी भी ली।
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गबन मामले को लेकर करीब चार माह बीतने को है, लेकिन अब तक किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। एसआईटी इस मामले की अलग से जांच कर रही है, जबकि प्रशासन अपने स्तर पर भी इस मामले की जांच करवा रहा है। गबन मामले की लीपापोती का अंदेशा विपक्ष जता चुका है और पंचायत मंत्री इस मामले में निष्पक्ष कार्रवाई के आदेश दे चुके हैं।
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बताया जा रहा है कि उनके आदेशों पर ही रोहतक मुख्यालय से टीम बुधवार को खंड विकास एवं पंचायत विभाग कार्यालय पहुंची। टीम की अगुवाई अधीक्षक अभियंता कुलवंत सिंह जाखड़ ने की। उन्होंने बीडीपीओ कार्यालय पहुंचकर पिछले दो वर्ष में किए गए विकास कार्यों की फाइलें खंगाली। बीडीपीओ रोशनलाल द्वारा दर्ज करवाई गई शिकायत, अब तक दिए गए जांच रिकार्ड व जारी किए गए चेक और विकास योजनाओं के नाम पर निकाली गई धनराशि समेत अन्य पहलुओं पर जांच की।
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ये है मामला
गौरतलब है कि बाढड़ा खंड की पंचायतों में ग्राम सचिव द्वारा बीडीपीओ के फर्जी हस्ताक्षर कर गबन का मामला सामने आया था। इस संबंध में ग्राम सचिव के खिलाफ तत्कालीन और मौजूदा बीडीपीओ ने दो एफआईआर दर्ज करवाई हैं। एक और दो फरवरी को ये एफआईआर दर्ज हुई थीं। अब तक इस मामले में कोई भी गिरफ्तारी नहीं हुई है। वहीं, जांच में सामने आए तथ्यों को लेकर भी अधिकारी कुछ बोलने को तैयार नहीं हैं।
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