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Charkhi Dadri News: 25 पंचायतों ने विभाग को भेजे मनरेगा के तहत प्रस्ताव
Sat, 29 Jul 2023 12:00 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sat, 29 Jul 2023 12:00 AM IST
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चरखी दादरी। ग्राम पंचायतों ने अब मनरेगा स्कीम के तहत भी विकास कार्य करवाने शुरू कर दिए हैं। अब तक जिले की 25 पंचायतों ने मनरेगा के तहत प्रस्ताव पारित कर मनरेगा अधिकारियों को भेज दिए हैं ताकि उनके गांव में कार्य शुरू हो सकें। वहीं, अधिकारियों ने इन प्रस्तावों की जांच शुरू कर दी है, ताकि जल्द अन्य औपचारिकताएं पूरी कर धरातल पर विकास कार्य शुरू करवाए जा सके। जिला में कुल 166 ग्राम पंचायतें हैं।
बता दें कि पंचायतों को गांव के स्कूल व गली में मिट्टी डलवानी है, खेल स्टेडियम का लेवल ठीक करवाना है या अन्य श्रमिक स्तर के कार्य करवाने हैं तो मनरेगा के तहत पूरे करवाए जा सकते हैं। मनरेगा के तहत 100 प्रकार के कार्य करवाए जा सकते हैं। विगत फरवरी 2020 में पिछले सरपंचों का कार्यकाल पूरा हो गया था उसके बाद इनका चार्ज पंचायत विभाग अधिकारी बीडीपीओ को सौंपा गया था। पंचायतों का कार्यकाल पूरा होने के बाद कई माह तो विकास कार्य ठप रहे थे लेकिन अब नई पंचायतों का गठन होने के बाद विकास कार्यों ने गति पकड़ना शुरू कर दिया है। कई कार्य ऐसे होते हैं जो आम आदमी के हित से जुड़े होते हैं जिन्हें जल्दी पूरा करना होता है। इसे देखते हुए छोटे स्तर के कार्य मनरेगा के तहत करवाए जाने लगे हैं।
- छोटे कामों के लिए ग्रामीणों से मांगे जाते हैं सुझाव
जिस गांव में छोटे स्तर के कार्यों को करवाने की जरूरत है वहां ग्रामीणों से भी सुझाव लिए जाते हैं। पंचायत विभाग के ग्राम सचिव व एबीपीओ समय- समय पर गांवों में विजिट भी करते हैं। विजिट के दौरान लोग इन अधिकारियों के समक्ष समस्याएं बता सकते हैं। अधिकारी मौके पर जाकर समस्या का आकलन करेंगे उसके बाद जरूरत के अनुसार प्रस्ताव तैयार किया जाएगा।
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- ये कार्य करवा सकते हैं मनरेगा से
अब 25 पंचायतों से विकास कार्यों के प्रस्ताव मिल चुके हैं। इन गांवों में मनरेगा के तहत काम होना है। कोरोना की वजह से श्रमिकों के लिए काम बंद होने की वजह से सरकार ने मनरेगा स्कीम पर ज्यादा फोकस किया ताकि श्रमिकों को मजदूरी मिले सके और वे अपनी आजीविका कमा सकें। जोहड़ की सफाई करना, नहरों की सफाई करना आदि अनेक प्रकार के कार्य मनरेगा के तहत करवाए जा सकते हैं।
- ज्यादातर पंचायतों ने भेजे पौधरोपण के प्रस्ताव
मनरेगा के तहत विभाग को प्रतिदिन तीन से चार प्रस्ताव मिल रहे हैं। इस समय पौधरोपण अभियान चल रहा है। गांवों में तालाबों व अन्य स्थानों पर पौधरोपण करवाने के लिए पंचायतों ने प्रस्ताव भेजे हैं। गांव इमलोटा सरपंच रामनिवास ने बताया कि गांव में जोहड़ व अन्य स्थानों पर पौधरोपण के लिए मनरेगा अधिकारियों को प्रस्ताव भेजा हुआ है। इसी प्रकार गांव ढाणी फौगाट की सरपंच डिंपल देवी का कहना है कि जोहड़ सफाई व पेड़ लगवाने के लिए प्रस्ताव भेजा हुआ है। गांव मकड़ानी सरपंच सचिन फौगाट ने बताया पंचायत ने विभाग को मनरेगा के तहत काम करवाने के लिए प्रस्ताव भेज रखा है। इसी प्रकार अनेक गांवों की पंचायत ने मनरेगा के तहत काम करवाने के लिए प्रस्ताव पारित कर भेज रखे हैं।
जिस गांव में छोटे स्तर के कार्यों को करवाने की आवश्यकता है। पंचायत प्रस्ताव पारित कर विभाग के पास भेज सकती है। यह काम मनरेगा के तहत पूरे करवाए जाएंगे। पंजीकृत श्रमिकों से ही मनरेगा के तहत काम करवाए जा रहे हैं।
-राजबीर, सहायक मनरेगा अधिकारी
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बता दें कि पंचायतों को गांव के स्कूल व गली में मिट्टी डलवानी है, खेल स्टेडियम का लेवल ठीक करवाना है या अन्य श्रमिक स्तर के कार्य करवाने हैं तो मनरेगा के तहत पूरे करवाए जा सकते हैं। मनरेगा के तहत 100 प्रकार के कार्य करवाए जा सकते हैं। विगत फरवरी 2020 में पिछले सरपंचों का कार्यकाल पूरा हो गया था उसके बाद इनका चार्ज पंचायत विभाग अधिकारी बीडीपीओ को सौंपा गया था। पंचायतों का कार्यकाल पूरा होने के बाद कई माह तो विकास कार्य ठप रहे थे लेकिन अब नई पंचायतों का गठन होने के बाद विकास कार्यों ने गति पकड़ना शुरू कर दिया है। कई कार्य ऐसे होते हैं जो आम आदमी के हित से जुड़े होते हैं जिन्हें जल्दी पूरा करना होता है। इसे देखते हुए छोटे स्तर के कार्य मनरेगा के तहत करवाए जाने लगे हैं।
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- छोटे कामों के लिए ग्रामीणों से मांगे जाते हैं सुझाव
जिस गांव में छोटे स्तर के कार्यों को करवाने की जरूरत है वहां ग्रामीणों से भी सुझाव लिए जाते हैं। पंचायत विभाग के ग्राम सचिव व एबीपीओ समय- समय पर गांवों में विजिट भी करते हैं। विजिट के दौरान लोग इन अधिकारियों के समक्ष समस्याएं बता सकते हैं। अधिकारी मौके पर जाकर समस्या का आकलन करेंगे उसके बाद जरूरत के अनुसार प्रस्ताव तैयार किया जाएगा।
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- ये कार्य करवा सकते हैं मनरेगा से
अब 25 पंचायतों से विकास कार्यों के प्रस्ताव मिल चुके हैं। इन गांवों में मनरेगा के तहत काम होना है। कोरोना की वजह से श्रमिकों के लिए काम बंद होने की वजह से सरकार ने मनरेगा स्कीम पर ज्यादा फोकस किया ताकि श्रमिकों को मजदूरी मिले सके और वे अपनी आजीविका कमा सकें। जोहड़ की सफाई करना, नहरों की सफाई करना आदि अनेक प्रकार के कार्य मनरेगा के तहत करवाए जा सकते हैं।
- ज्यादातर पंचायतों ने भेजे पौधरोपण के प्रस्ताव
मनरेगा के तहत विभाग को प्रतिदिन तीन से चार प्रस्ताव मिल रहे हैं। इस समय पौधरोपण अभियान चल रहा है। गांवों में तालाबों व अन्य स्थानों पर पौधरोपण करवाने के लिए पंचायतों ने प्रस्ताव भेजे हैं। गांव इमलोटा सरपंच रामनिवास ने बताया कि गांव में जोहड़ व अन्य स्थानों पर पौधरोपण के लिए मनरेगा अधिकारियों को प्रस्ताव भेजा हुआ है। इसी प्रकार गांव ढाणी फौगाट की सरपंच डिंपल देवी का कहना है कि जोहड़ सफाई व पेड़ लगवाने के लिए प्रस्ताव भेजा हुआ है। गांव मकड़ानी सरपंच सचिन फौगाट ने बताया पंचायत ने विभाग को मनरेगा के तहत काम करवाने के लिए प्रस्ताव भेज रखा है। इसी प्रकार अनेक गांवों की पंचायत ने मनरेगा के तहत काम करवाने के लिए प्रस्ताव पारित कर भेज रखे हैं।
जिस गांव में छोटे स्तर के कार्यों को करवाने की आवश्यकता है। पंचायत प्रस्ताव पारित कर विभाग के पास भेज सकती है। यह काम मनरेगा के तहत पूरे करवाए जाएंगे। पंजीकृत श्रमिकों से ही मनरेगा के तहत काम करवाए जा रहे हैं।
-राजबीर, सहायक मनरेगा अधिकारी