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Charkhi Dadri News: हिसार और सिरसा डिपो से की 10 रोडवेज बसों की अदला-बदली
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दादरी रोडवेज वर्कशॉप में सिरसा डिपो से आई बस में फॉग लाइट लगाते कर्मचारी।
चरखी दादरी। दादरी डिपो ने हिसार और सिरसा डिपो के साथ 10 बसें अदला-बदली की हैं। दादरी डिपो के बेड़े में शामिल बीएस-3 मानक की 10 बसों को हिसार व सिरसा भेजा गया है, जबकि दोनों डिपो से पांच-पांच बसें दादरी मंगवाई गई हैं। जो बसें दादरी पहुंची हैं वो बीएस-6 मानक की हैं।
दरअसल, दादरी जिला एनसीआर में शामिल है और इसके चलते यहां निश्चित समय अवधि के बाद बीएस-3 मानक के वाहनों को सड़कों पर नहीं दौड़ाया जा सकता। इसके मद्देनजर दादरी डिपो ने बेड़े में शामिल बीएस-3 मानक की पांच बसें सिरसा और पांच बसें हिसार भेजी हैं। दोनों डिपो से बीएस-6 मानक की पांच-पांच बसें मंगाई गई हैं। अब दादरी डिपो के अन्य दूसरे जिला के डिपो से आईं बसों का संचालन दिल्ली समेत अन्य लंबे रूटों पर कर सकेंगे। अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल उनके पास 9 बसें ही पहुंच पाई हैं। एक बस में तकनीकी खराबी मिलने के कारण उसे कुछ दिनों के लिए रोका गया है। जल्दी ही वो बस भी पहुंच जाएगी।
बीएस-6 मानक की बसें करती हैं कम प्रदूषण
बीएस-3 लेवल की बसों में प्रदूषण अधिक होने के कारण इन्हें एनसीआर से जुड़े जिलों में नहीं चलाया जा सकता। वहीं बीएस-6 मानक की बसों में प्रदूषण रोकने के लिए कई फिल्टर व सुरक्षा के उपकरण लगे हुए हैं। बीएस-6 की बसों में प्रदूषण का लेवल कम होने के कारण दिल्ली के साथ गुरुग्राम व लंबी दूरी तक सफर कर सकती है।
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बेड़े में बीएस-6 मानक बसों की संख्या हुई 68
दादरी परिवहन डिपो में बसों की कुल संख्या 101 है। इनमें 33 बसें बीएस-4 मानक की हैं जबकि 10 बसेंं बदलने के बाद बीएस -6 लेवल की बस संख्या 68 पहुंच गई है। अभी डिपो को बीएस-6 मानक की बसों की और जरूरत है।
-- -- -- -- -- -- -- -- -- -- - डिपो से बीएस-3 मानक वाली 10 बसें हिसार व सिरसा रोडवेज डिपो के पास भेजी गई हैं। इन बसों के बदले हमें अब तक 9 मिल चुकी हैं जबकि एक बस भी जल्द ही दादरी डिपो के बेड़े में शामिल हो जाएगी।
- कृष्ण कुमार, पीएमए, दादरी रोडवेज डिपो
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दरअसल, दादरी जिला एनसीआर में शामिल है और इसके चलते यहां निश्चित समय अवधि के बाद बीएस-3 मानक के वाहनों को सड़कों पर नहीं दौड़ाया जा सकता। इसके मद्देनजर दादरी डिपो ने बेड़े में शामिल बीएस-3 मानक की पांच बसें सिरसा और पांच बसें हिसार भेजी हैं। दोनों डिपो से बीएस-6 मानक की पांच-पांच बसें मंगाई गई हैं। अब दादरी डिपो के अन्य दूसरे जिला के डिपो से आईं बसों का संचालन दिल्ली समेत अन्य लंबे रूटों पर कर सकेंगे। अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल उनके पास 9 बसें ही पहुंच पाई हैं। एक बस में तकनीकी खराबी मिलने के कारण उसे कुछ दिनों के लिए रोका गया है। जल्दी ही वो बस भी पहुंच जाएगी।
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बीएस-6 मानक की बसें करती हैं कम प्रदूषण
बीएस-3 लेवल की बसों में प्रदूषण अधिक होने के कारण इन्हें एनसीआर से जुड़े जिलों में नहीं चलाया जा सकता। वहीं बीएस-6 मानक की बसों में प्रदूषण रोकने के लिए कई फिल्टर व सुरक्षा के उपकरण लगे हुए हैं। बीएस-6 की बसों में प्रदूषण का लेवल कम होने के कारण दिल्ली के साथ गुरुग्राम व लंबी दूरी तक सफर कर सकती है।
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बेड़े में बीएस-6 मानक बसों की संख्या हुई 68
दादरी परिवहन डिपो में बसों की कुल संख्या 101 है। इनमें 33 बसें बीएस-4 मानक की हैं जबकि 10 बसेंं बदलने के बाद बीएस -6 लेवल की बस संख्या 68 पहुंच गई है। अभी डिपो को बीएस-6 मानक की बसों की और जरूरत है।
- कृष्ण कुमार, पीएमए, दादरी रोडवेज डिपो