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Chandigarh-Haryana News: राहुल के सामने प्रदेश के शीर्ष नेताओं को एकजुट करना चुनौती

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- 11 साल बाद संगठन विस्तार करने पहली बार हरियाणा कांग्रेस के दफ्तर में पहुंचेंगे राहुल गांधी
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कुलदीप शुक्ला
चंडीगढ़। 11 साल बाद हरियाणा कांग्रेस के संगठन का विस्तार होने की प्रबल संभावना नजर आ रही है। इससे पहले संगठन विस्तार की कई कोशिशें हरियाणा कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं की गुटबाजी के कारण नाकाम रही थी। पहली बार वरिष्ठ नेताओं की गुटबाजी को दूर रखकर केंद्रीय पर्यवेक्षकों की निगरानी में संगठन विस्तार की कवायद शुरू हुई है। पार्टी के प्रदेश प्रभारी बीके हरिप्रसाद एक माह में पूरी प्रक्रिया को सिरे चढ़ाने का दावा भी कर चुके हैं। मगर राहुल गांधी के सामने प्रदेश के शीर्ष नेताओं की आपसी खींचतान और गुटबाजी खत्म करके एकजुट करना बड़ी चुनौती होगी। संगठन विस्तार को लेकर राहुल गांधी पहली बार हरियाणा कांग्रेस के दफ्तर में बुधवार को आएंगे।


प्रदेश के शीर्ष कांग्रेस नेताओं में गुटबाजी के कारण न सिर्फ संगठन का विस्तार लटका है, बल्कि चुनाव के सात माह बाद भी नेता प्रतिपक्ष की नियुक्ति नहीं हो सकी है। इस बारे में प्रदेश प्रभारी बीके हरिप्रसाद और प्रदेशाध्यक्ष उदयभान के दावे कई बार खाली जा चुके हैं। विधानसभा में तकरीबन 12 से 15 सीटों पर कांग्रेस की मामूली अंतर से हार हुई थी। हारने वाले नेताओं ने भी पार्टी में गुटबाजी और वरिष्ठ नेताओं के बीच खींचतान का आरोप लगाया था।
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संगठन तक ठीक मगर जमीन पर वरिष्ठ नेता ही चेहरा
राहुल गांधी के निर्देशानुसार दूसरे राज्यों से आए केंद्रीय पर्यवेक्षक जिला अध्यक्ष और ब्लॉक स्तर के नेताओं की नियुक्तियां कर रहे हैं। मगर जमीनी स्तर प्रदेश के वरिष्ठ नेता ही प्रमुख चेहरे हैं। प्रदेश में पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा, राष्ट्रीय महासचिव व सांसद कुमारी सैलजा, राष्ट्रीय महासचिव व राज्यसभा सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला दिग्गज नेता हैं। इन नेताओं के अलग-अलग गुट माने जाते हैं। जमीनी स्तर पर वरिष्ठ नेताओं को दिल से एकजुट कराना ही सबसे बड़ी चुनौती होगी।
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52 नेताओं ने मानी थी वरिष्ठ नेताओं की गुटबाजी
विधानसभा चुनाव में हार के कारणों का पता लगाने के बाद पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी ने फैक्ट फाइडिंग कमेटी का गठन किया था। कमेटी ने चुनाव हारने वाले 52 उम्मीदवारों के साथ वर्चुअल बैठक करके हार के कारण पूछे थे। सभी उम्मीदवारों ने पार्टी की गुटबाजी, भितरघात और वरिष्ठ नेताओं की आपसी रंजिश को हार के लिए जिम्मेदार ठहराया था।

पुरानी छोड़िए, राहुल गांधी आ रहे सब ठीक होगा : उदयभान

प्रदेश में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के बीच गुटबाजी, कुछ विधायकों का भाजपा व मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के प्रति लगाव और पार्टी के खिलाफ बयान, नेता प्रतिपक्ष की नियुक्ति न होने सहित कई मुद्दों पर उदयभान ने कहा कि पुरानी छोड़िए। वो सब बीत चुका है। राहुल गांधी आ रहे हैं, सभी वरिष्ठ नेताओं से बात होगी और सभी दिल से एक साथ भी दिखेंगे।
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