{"_id":"681524292bdb4ac829043f95","slug":"operation-of-industrial-rubber-molding-machine-in-residential-area-commission-reprimanded-chandigarh-haryana-news-c-16-1-pkl1095-698734-2025-05-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chandigarh-Haryana News: रिहायशी क्षेत्र में औद्योगिक रबर मोल्डिंग मशीन का संचालन, आयोग ने लगाई फटकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chandigarh-Haryana News: रिहायशी क्षेत्र में औद्योगिक रबर मोल्डिंग मशीन का संचालन, आयोग ने लगाई फटकार
विज्ञापन
शिकायतकर्ता को दी जा रहीं धमकियां, कार्रवाई के दिए सख्त आदेश
चंडीगढ़। हरियाणा मानवाधिकार आयोग ने फरीदाबाद के एक रिहायशी क्षेत्र में रबर मोल्डिंग मशीन के संचालन पर कड़ी आपत्ति जताई है। गुरुग्राम में शुक्रवार को सुनवाई करते हुए आयोग ने शिकायतकर्ता की शिकायतों का भी संज्ञान लिया। साथ ही इस लापरवाही के लिए संबंधित अधिकारियों को फटकार भी लगाई है। आयोग ने फरीदाबाद के उपायुक्त, नगर निगम आयुक्त व हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से आगामी बैठक के लिए आदेशों की अनुपालना का ब्योरा भी तलब किया है। इस बीच शिकायतकर्ता फरीदाबाद निवासी नीतू काल्हान ने आरोप लगाए कि उन्हें शिकायत देने के बाद से लगातार धमकियां जा रहीं हैं। इस पर आयोग ने प्रशासन और संबंधित विभागों को तुरंत कड़ी कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
सुनवाई करते हुए आयोग ने पाया कि सतपाल मोगा, जयवीर खटाना और बीरबल की तरफ से एक रिहायशी क्षेत्र में रबर मोल्डिंग मशीन का संचालन किया जा रहा है जिससे शिकायतकर्ता और उनके परिवार के स्वास्थ्य, सुरक्षा और कल्याण को खतरा है। इस प्रकरण में पुलिस केस दर्ज हो चुका है और मामला न्यायालय में विचाराधीन है। अब आयोग ने दो टूक कहा है कि रिहायशी क्षेत्र का अवैध रूप से वाणिज्यिक उपयोग करना और सार्वजनिक गलियों को बाधित करना नगर विकास नियंत्रण विनियमों के तहत अवैध अतिक्रमण है। ये कार्य न केवल जनस्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए हानिकारक हैं बल्कि विधि सम्मत शहरी एवं पर्यावरणीय शासन का भी अपमान हैं। मामले की आगामी सुनवाई चार अगस्त 2025 को होगी।
विज्ञापन
चंडीगढ़। हरियाणा मानवाधिकार आयोग ने फरीदाबाद के एक रिहायशी क्षेत्र में रबर मोल्डिंग मशीन के संचालन पर कड़ी आपत्ति जताई है। गुरुग्राम में शुक्रवार को सुनवाई करते हुए आयोग ने शिकायतकर्ता की शिकायतों का भी संज्ञान लिया। साथ ही इस लापरवाही के लिए संबंधित अधिकारियों को फटकार भी लगाई है। आयोग ने फरीदाबाद के उपायुक्त, नगर निगम आयुक्त व हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से आगामी बैठक के लिए आदेशों की अनुपालना का ब्योरा भी तलब किया है। इस बीच शिकायतकर्ता फरीदाबाद निवासी नीतू काल्हान ने आरोप लगाए कि उन्हें शिकायत देने के बाद से लगातार धमकियां जा रहीं हैं। इस पर आयोग ने प्रशासन और संबंधित विभागों को तुरंत कड़ी कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
सुनवाई करते हुए आयोग ने पाया कि सतपाल मोगा, जयवीर खटाना और बीरबल की तरफ से एक रिहायशी क्षेत्र में रबर मोल्डिंग मशीन का संचालन किया जा रहा है जिससे शिकायतकर्ता और उनके परिवार के स्वास्थ्य, सुरक्षा और कल्याण को खतरा है। इस प्रकरण में पुलिस केस दर्ज हो चुका है और मामला न्यायालय में विचाराधीन है। अब आयोग ने दो टूक कहा है कि रिहायशी क्षेत्र का अवैध रूप से वाणिज्यिक उपयोग करना और सार्वजनिक गलियों को बाधित करना नगर विकास नियंत्रण विनियमों के तहत अवैध अतिक्रमण है। ये कार्य न केवल जनस्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए हानिकारक हैं बल्कि विधि सम्मत शहरी एवं पर्यावरणीय शासन का भी अपमान हैं। मामले की आगामी सुनवाई चार अगस्त 2025 को होगी।
विज्ञापन