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Hindi News ›   Haryana ›   Chandigarh-Haryana News ›   One thousand temporary employees posted in various departments of the state were shown the way out.

Chandigarh-Haryana News: प्रदेश के विभिन्न विभागों में तैनात एक हजार कच्चे कर्मचारियों को बाहर का रास्ता दिखाया

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चंडीगढ़। हरियाणा विधानसभा चुनाव के परिणाम के बाद कास (कौशल अध्यापक संघ हरियाणा) एसोसिएशन के अध्यक्ष दीपक कालीरमन ने प्रदेश के विभिन्न विभागों में तैनात एक हजार कच्चे कर्मचारियों को बाहर का रास्ता दिखाने का आरोप लगाया है। कहा कि चुनाव के दौरान मौजूदा मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सभी कच्चे कर्मचारियों को सेवा की गारंटी देने का दावा किया था, इस दौरान एक सभा में सीएम सैनी का बोलते हुए एक ऑडियो भी सुनाया। चंडीगढ़ सेक्टर-27 स्थित प्रेस क्लब में प्रेसवार्ता के दौरान मौजूद टीजीटी कच्चे कर्मचारियों ने सरकार से गारंटी की गुहार लगाई है।
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एसोसिएशन के अध्यक्ष ने कहा कि विधानसभा चुनाव के समय मौजूदा मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा था कि प्रदेश में तैनात किसी भी कच्चे कर्मचारी को निकाला नहीं जाएगा। इनमें अनुबंध, आउटसोर्सिंग या एचकेआरएन के माध्यम से लगने वाले सभी कर्मचारी हैं। एसोसिएशन के अध्यक्ष ने कहा कि पंचायती राज, वन विभाग, नहर व सिंचाई विभाग, पशु पालन विभाग में तैनात एक हजार से ज्यादा कच्चे कर्मियों को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है। इनमें एक साल से लेकर 10 साल से तैनात कच्चे कर्मचारी भी शामिल हैं। 2018 से मल्टी पर्पज वर्कर (एमपीडब्ल्यू) प्राथमिक स्कूल में कार्यरत कर्मचारियों का अनुबंध 31 मार्च 2024 को समाप्त करके एक्सटेंशन और सैलरी दोनों नहीं मिल रही है। जबकि, उनसे आश्वासन देकर काम कराया जा रहा है। इनकी संख्या कैथल में 130, पानीपत में 74 और झज्जर में 47 हैं। इस दौरान हरियाणा मल्टीपर्पज वर्कर एसोसिएशन के अध्यक्ष जोगिंदर, कांग्रेस नेता श्वेता ढुल सहित अन्य कच्चे कर्मचारी मौजूद थे।
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