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विश्व बॉक्सिंग चैंपियन में दिखेगा भिवानी की तीन बेटियों का पंच
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बॉक्सर नीतू घनघस।
- फोटो : Bhiwani
भिवानी। तुर्की के इस्तांबुल में 6 से 21 मई तक होने वाली महिला विश्व बॉक्सिंग चैंपियनशिप में भिवानी की तीन बेटियों का पंच भी खूब दिखेगा। पूजा बोहरा, नीतू घनघस और जैसमिन लंबोरिया का चयन हुआ है। पूजा बोहरा 81 किलो भार वर्ग में दम दिखाएंगी तो नीतू घनघस 48 किलो भार वर्ग और जैसमिन लंबोरिया 60 किलो भार वर्ग में दम दिखाएंगी।
चैंपियनशिप में युवा महिला मुक्केबाजों को पूजा बोहरा के अनुभव का फायदा मिलेगा। वहीं युवा नीतू और जैसमिन का जोश दिखेगा। तीनों चयनित खिलाड़ी राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने पंच का दम दिखा चुकी हैं। (संवाद)
81 किलो भार वर्ग में खेलेंगी पूजा
ओलंपिक सहित कई अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों खेल चुकीं पूजा बोहरा 81 किलो भार वर्ग में विश्व चैंपियनशिप में भारत की चुनौती पेश करेंगी। 29 वर्षीय पूजा के कोच संजय श्योराण ने बताते हैं कि पूजा आदर्श महिला महाविद्यालय में पढ़ती थीं। उनकी पत्नी मुकेश रानी कॉलेज में लेक्चरर हैं। उसी दौरान उनका पूजा से संपर्क हुआ और उसकी प्रेरणा से पूजा ने बॉक्सिंग शुरू कर दी। वर्ष 2014 में एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीतने के बाद परिजनों ने पूजा का साथ देना शुरू कर दिया। पूजा के पिता राजबीर हरियाणा पुलिस में एसआई के पद से सेवानिवृत्त थे, जिनका कुछ दिन पहले निधन हो गया और माता दमयंती गृहिणी हैं। पूजा खुद भी इन दिनों आबकारी एवं कराधान विभाग में इंस्पेक्टर के पद पर तैनात हैं।
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प्रमुख उपलब्धियां
- 2014 एशियन गेम्स इंच्योन में कांस्य पदक
- 2019 एशियन चैंपियनशिप बैंकांक में स्वर्ण पदक
- 2021 एशियन चैंपियनशिप दुबई में स्वर्ण पदक
48 किलो भार वर्ग में चुनौती पेश करेंगी नीतू घनघस
21 वर्षीय नीतू घणघस ने हाल ही में सोफिया बुल्गारिया में हुए स्ट्रेडजा कप इटली की खिलाड़ी हो हराकर स्वर्ण पदक जीता था। नीतू ने वर्ष 2012 में भिवानी में कोच जगदीश के पास ट्रेनिंग शुरू की थी। इसके बाद वह निरंतर मेहनत करती रही है, आज इस मुकाम पर पहुंची है। 48 किलो भारवर्ग की बॉक्सर नीतू फिलहाल नई दिल्ली में ट्रेनिंग पर गई हुई हैं। नीतू सीबीएलयू से एमपीएड की पढ़ाई कर रही हैं।
प्रमुख उपलब्धियां
-2017 में वर्ल्ड चैंपियनशिप गोवाहटी में स्वर्ण पदक।
-2018 में एशियन चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक।
-2018 वर्ल्ड चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक।
60 किलो भार वर्ग में खेलेंगी जैसमिन
हालुवास गेट क्षेत्र में महताब दास की ढाणी निवासी 20 वर्षीय बॉक्सर जैस्मीन लंबोरिया ने वर्ष 2016 में मुक्केबाजी में चाचा प्रविंद्र और संदीप के मार्गदर्शन में बॉक्सिंग शुरू की। पिता जयबीर लंबोरिया अनुबंध आधार पर सुरक्षाकर्मी हैं। जैसमिन ने बुधवार को टोक्यो ओलंपिक की प्रतिभागी सिमरन जीत कौर को ट्रायल में एकतरफा मुकाबले में हराकर एशियन गेम्स व वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए अपनी जगह पक्की की है।
प्रमुख उपलब्धियां
- वर्ष 2021 में दुबई में आयोजित एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशीप में कांस्य पदक
- वर्ष 2021 में बॉक्सम इंटरनेशनल बॉक्सिंग टूर्नामेंट में सिल्वर मेडल
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चैंपियनशिप में युवा महिला मुक्केबाजों को पूजा बोहरा के अनुभव का फायदा मिलेगा। वहीं युवा नीतू और जैसमिन का जोश दिखेगा। तीनों चयनित खिलाड़ी राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने पंच का दम दिखा चुकी हैं। (संवाद)
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81 किलो भार वर्ग में खेलेंगी पूजा
ओलंपिक सहित कई अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों खेल चुकीं पूजा बोहरा 81 किलो भार वर्ग में विश्व चैंपियनशिप में भारत की चुनौती पेश करेंगी। 29 वर्षीय पूजा के कोच संजय श्योराण ने बताते हैं कि पूजा आदर्श महिला महाविद्यालय में पढ़ती थीं। उनकी पत्नी मुकेश रानी कॉलेज में लेक्चरर हैं। उसी दौरान उनका पूजा से संपर्क हुआ और उसकी प्रेरणा से पूजा ने बॉक्सिंग शुरू कर दी। वर्ष 2014 में एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीतने के बाद परिजनों ने पूजा का साथ देना शुरू कर दिया। पूजा के पिता राजबीर हरियाणा पुलिस में एसआई के पद से सेवानिवृत्त थे, जिनका कुछ दिन पहले निधन हो गया और माता दमयंती गृहिणी हैं। पूजा खुद भी इन दिनों आबकारी एवं कराधान विभाग में इंस्पेक्टर के पद पर तैनात हैं।
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प्रमुख उपलब्धियां
- 2014 एशियन गेम्स इंच्योन में कांस्य पदक
- 2019 एशियन चैंपियनशिप बैंकांक में स्वर्ण पदक
- 2021 एशियन चैंपियनशिप दुबई में स्वर्ण पदक
48 किलो भार वर्ग में चुनौती पेश करेंगी नीतू घनघस
21 वर्षीय नीतू घणघस ने हाल ही में सोफिया बुल्गारिया में हुए स्ट्रेडजा कप इटली की खिलाड़ी हो हराकर स्वर्ण पदक जीता था। नीतू ने वर्ष 2012 में भिवानी में कोच जगदीश के पास ट्रेनिंग शुरू की थी। इसके बाद वह निरंतर मेहनत करती रही है, आज इस मुकाम पर पहुंची है। 48 किलो भारवर्ग की बॉक्सर नीतू फिलहाल नई दिल्ली में ट्रेनिंग पर गई हुई हैं। नीतू सीबीएलयू से एमपीएड की पढ़ाई कर रही हैं।
प्रमुख उपलब्धियां
-2017 में वर्ल्ड चैंपियनशिप गोवाहटी में स्वर्ण पदक।
-2018 में एशियन चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक।
-2018 वर्ल्ड चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक।
60 किलो भार वर्ग में खेलेंगी जैसमिन
हालुवास गेट क्षेत्र में महताब दास की ढाणी निवासी 20 वर्षीय बॉक्सर जैस्मीन लंबोरिया ने वर्ष 2016 में मुक्केबाजी में चाचा प्रविंद्र और संदीप के मार्गदर्शन में बॉक्सिंग शुरू की। पिता जयबीर लंबोरिया अनुबंध आधार पर सुरक्षाकर्मी हैं। जैसमिन ने बुधवार को टोक्यो ओलंपिक की प्रतिभागी सिमरन जीत कौर को ट्रायल में एकतरफा मुकाबले में हराकर एशियन गेम्स व वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए अपनी जगह पक्की की है।
प्रमुख उपलब्धियां
- वर्ष 2021 में दुबई में आयोजित एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशीप में कांस्य पदक
- वर्ष 2021 में बॉक्सम इंटरनेशनल बॉक्सिंग टूर्नामेंट में सिल्वर मेडल

बॉक्सर जैसमिन लंबोरिया।- फोटो : Bhiwani

बॉक्सर पूजा बोहरा।- फोटो : Bhiwani