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Bhiwani News: डिजिटल अरेस्ट कर वकील से ठगे 16 लाख, चार आरोपी काबू
Wed, 19 Feb 2025 01:31 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Wed, 19 Feb 2025 01:31 AM IST
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भिवानी में पकड़े गए आरोपियों के साथ पुलिस।
भिवानी। साइबर ठगों ने भिवानी निवासी अधिवक्ता मामनचंद शर्मा को डिजिटल अरेस्ट कर तीन दिनों में उनसे लाखों रुपये की ठगी कर ली। खुद को अंधेरी पुलिस स्टेशन का अधिकारी बता आरोपियों ने अधिवक्ता से बात की। उन्हें मनी लॉन्ड्रिंग का भय दिखाकर उनके खातों से अपने तीन बैंक खातों में 16 लाख रुपये डलवा लिए। साइबर पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनसे छह मोबाइल फोन और 1.52 लाख रुपये बरामद किए हैं।
पीड़ित मामनचंद के साथ 10 फरवरी से 12 फरवरी तक ठगी हुई है। इसके बाद उन्हाेंने 13 फरवरी को साइबर अपराध पुलिस थाने में घटना की रिपोर्ट दर्ज करवाई। इस केस के जांच अधिकारी विकास ने बताया कि साइबर अपराध थाने की टीम ने मामनचंद की शिकायत पर कार्रवाई कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। इन आरोपियों ने अपना नाम भिवानी की बैंक कॉलोनी निवासी कपिल और जिले के निंगाना गांव निवासी अली उर्फ सोनू, राजगढ़ निवासी मोहम्मद इस्लाम और मयंक पारीक बताया।
इन आरोपियों से छह मोबाइल फोन और 1.52 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं। इनके बैंक खातों में 10 लाख रुपये फ्रीज करवाए गए हैं, ताकि मामले का निपटान होने पर पीड़ितों को रुपये वापस मिल सकें। ये आरोपी कमीशन लेकर क्रिप्टो करेंसी का लेनदेन करते थे। डिजिटल अरेस्ट करने के लिए वह चीन और कंबोडिया के गिरोह से जुड़े थे। ये व्हाट्सएप कॉल करते और मनी लॉन्ड्रिंग संबंधी कार्रवाई का भय दिखाकर उनसे अपने खातों में पैसा ट्रांसफर करवाकर ठगी करते हैं।
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फोन नंबर 1930 पर दें साइबर धोखाधड़ी की सूचना
जिला पुलिस ने आम लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। पुलिस के मुताबिक कोई भी व्यक्ति साइबर धोखाधड़ी से बचने के लिए 1930 नंबर पर फोन करें। उन्होंने बताया कि कानून में कभी भी डिजिटल या ऑनलाइन तरीके से पूछताछ नहीं की जाती। इसीलिए कोई भी व्यक्ति पुलिस या अन्य किसी भी जांच एजेंसी का व्यक्ति बनकर आपसे पूछताछ करता है तो आपको सावधान हो जाना चाहिए। ऐसे व्यक्ति की शिकायत साइबर अपराध थाना पुलिस को देनी चाहिए।
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पीड़ित मामनचंद के साथ 10 फरवरी से 12 फरवरी तक ठगी हुई है। इसके बाद उन्हाेंने 13 फरवरी को साइबर अपराध पुलिस थाने में घटना की रिपोर्ट दर्ज करवाई। इस केस के जांच अधिकारी विकास ने बताया कि साइबर अपराध थाने की टीम ने मामनचंद की शिकायत पर कार्रवाई कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। इन आरोपियों ने अपना नाम भिवानी की बैंक कॉलोनी निवासी कपिल और जिले के निंगाना गांव निवासी अली उर्फ सोनू, राजगढ़ निवासी मोहम्मद इस्लाम और मयंक पारीक बताया।
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इन आरोपियों से छह मोबाइल फोन और 1.52 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं। इनके बैंक खातों में 10 लाख रुपये फ्रीज करवाए गए हैं, ताकि मामले का निपटान होने पर पीड़ितों को रुपये वापस मिल सकें। ये आरोपी कमीशन लेकर क्रिप्टो करेंसी का लेनदेन करते थे। डिजिटल अरेस्ट करने के लिए वह चीन और कंबोडिया के गिरोह से जुड़े थे। ये व्हाट्सएप कॉल करते और मनी लॉन्ड्रिंग संबंधी कार्रवाई का भय दिखाकर उनसे अपने खातों में पैसा ट्रांसफर करवाकर ठगी करते हैं।
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फोन नंबर 1930 पर दें साइबर धोखाधड़ी की सूचना
जिला पुलिस ने आम लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। पुलिस के मुताबिक कोई भी व्यक्ति साइबर धोखाधड़ी से बचने के लिए 1930 नंबर पर फोन करें। उन्होंने बताया कि कानून में कभी भी डिजिटल या ऑनलाइन तरीके से पूछताछ नहीं की जाती। इसीलिए कोई भी व्यक्ति पुलिस या अन्य किसी भी जांच एजेंसी का व्यक्ति बनकर आपसे पूछताछ करता है तो आपको सावधान हो जाना चाहिए। ऐसे व्यक्ति की शिकायत साइबर अपराध थाना पुलिस को देनी चाहिए।