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Bhiwani News: ओवरफ्लो ड्रेन से जलमग्न खेतों से निकासी तेज, डेढ़ फीट घटा जलभराव
Sun, 13 Jul 2025 12:57 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Sun, 13 Jul 2025 12:57 AM IST
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भिवानी-घग्गर ड्रेन में कट्टे लगाकर रोका पानी।
बवानीखेड़ा। भिवानी-घग्गर ड्रेन के ओवरफ्लो होने से जलमग्न हुई करीब 100 एकड़ कृषि भूमि में पानी निकासी का कार्य तेज कर दिया गया है। सिंचाई विभाग द्वारा लगाए गए 160 क्यूसेक क्षमता के पंपों की मदद से खेतों से पानी को नजदीकी नहरों और ड्रेन में भेजा जा रहा है, जिससे शनिवार को जलभराव का स्तर लगभग डेढ़ फीट कम हो गया है।
ड्रेन के पास मौजूद पंप हाउस पर तैनात हेल्पर कुलदीप, विशाल व राहुल ने बताया कि तीन पंपसेट लगातार चलाए जा रहे हैं। इनमें से दो पंपसेट की मोटर 100-100 एचपी की और एक 60 एचपी की है, जो मिलकर एक समय में औसतन 100 क्यूसेक पानी की निकासी कर रही हैं। इस प्रयास से ड्रेन में पानी का स्तर तेजी से घटा है, जिससे किसानों को बड़ी राहत मिली है।
वहीं मौके पर मौजूद किसानों ने बताया कि शुक्रवार रात को क्षेत्रीय विधायक कपूर वाल्मीकि ने जलभराव वाले स्थानों का दौरा किया था और उच्च अधिकारियों को तुरंत पानी निकासी के आदेश दिए थे। विधायक के निर्देश पर ही तीनों पंपसेट रात्रि से ही काम पर लगा दिए गए थे और ड्रेन का पानी अब नहरों में डाला जा रहा है।
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किसानों ने अपने स्तर पर भी खेतों में ट्यूबवेल व छोटे पंपसेटों के जरिए पानी बाहर निकालने का प्रयास किया है। साथ ही ड्रेन के दोनों ओर मिट्टी से भरे कट्टों की सहायता से बांध को मजबूत किया जा रहा है ताकि आने वाले दिनों में यदि फिर से तेज बारिश होती है तो ड्रेन दोबारा ओवरफ्लो न हो सके। प्रशासन और किसानों की संयुक्त कोशिशों से स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हो रही है।
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ड्रेन के पास मौजूद पंप हाउस पर तैनात हेल्पर कुलदीप, विशाल व राहुल ने बताया कि तीन पंपसेट लगातार चलाए जा रहे हैं। इनमें से दो पंपसेट की मोटर 100-100 एचपी की और एक 60 एचपी की है, जो मिलकर एक समय में औसतन 100 क्यूसेक पानी की निकासी कर रही हैं। इस प्रयास से ड्रेन में पानी का स्तर तेजी से घटा है, जिससे किसानों को बड़ी राहत मिली है।
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वहीं मौके पर मौजूद किसानों ने बताया कि शुक्रवार रात को क्षेत्रीय विधायक कपूर वाल्मीकि ने जलभराव वाले स्थानों का दौरा किया था और उच्च अधिकारियों को तुरंत पानी निकासी के आदेश दिए थे। विधायक के निर्देश पर ही तीनों पंपसेट रात्रि से ही काम पर लगा दिए गए थे और ड्रेन का पानी अब नहरों में डाला जा रहा है।
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किसानों ने अपने स्तर पर भी खेतों में ट्यूबवेल व छोटे पंपसेटों के जरिए पानी बाहर निकालने का प्रयास किया है। साथ ही ड्रेन के दोनों ओर मिट्टी से भरे कट्टों की सहायता से बांध को मजबूत किया जा रहा है ताकि आने वाले दिनों में यदि फिर से तेज बारिश होती है तो ड्रेन दोबारा ओवरफ्लो न हो सके। प्रशासन और किसानों की संयुक्त कोशिशों से स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हो रही है।