सिलिंडर फटने से जंडली स्थित गैस गोदाम के पीछे एक घर में आग लग गई। गनीमत रही बड़ा हादसा होने से टल गया, क्योंकि जिस घर में सिलिंडर फटा उससे कुछ कदम की दूरी पर एलपीजी का गोदाम है। हादसे के वक्त घर में छह सदस्य थे। इनमें से पांच चाय बनने का इंतजार कर रहे थे। दुर्घटना की जानकारी देते हुए घर की महिला मलकीत कौर ने बताया कि सोमवार देर शाम घर के बाहर बनाए गए चूल्हे पर बच्चों के लिए चाय बना रही थी। अचानक घर के अंदर रखे गैस सिलिंडर से रिसाव होने लगा। इतनी देर में 12 वर्षीय बेटा सतनाम आया। कहने लगा मां बदबू सी आ रही है। इससे पहले कि कुछ समझ पाते कि अचानक से रसोई गैस बाहर जल रहे उपलों के चूल्हे के संपर्क में आ गई। देखते ही देखते कमरे में आग लग गई और कमरे में रखा सिलिंडर फट गया। घर की कच्ची छत भरभरा कर ध्वस्त हो गई। मलकीत के अनुसार उस समय घर में पति लखबीर सिंह बाहर बैठा था, जबकि 15 वर्षीय सुमन, 14 वर्षीय बेटी सपना, 12 वर्षीय बेटा सतनाम मौजूद थे।
वहीं, सबसे बड़ी बेटी 17 वर्षीय बेबी काम पर गई हुई थी। मलकीत ने बताया कि आग लगने से बच्चों और मैंने आसपास के लोगों से मदद के लिए गुहार लगाई, लेकिन किसी ने भी मदद के लिए हाथ नहीं बढ़ाया। फिर जैसे-तैसे अपने रिश्तेदारों को फोन किया और उन्होंने फायर ब्रिगेड को सूचना दी। करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद फायर ब्रिगेड ने आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक आग ने घर का सामान अपनी चपेट मेें ले लिया। इस आग में उनके द्वारा पाई-पाई जोड़ कर बनाया गया घर का सारा सामान व जमा पूंजी जल गई।