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Ambala News: सनौली और झांबा गांव के लोगों में श्मशान में जाने के लिए देना पड़ रहा टैक्स
Sat, 06 Dec 2025 02:02 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
Updated Sat, 06 Dec 2025 02:02 AM IST
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सनौली खुर्द गांव में चार महीने से टूटी पड़ी सड़क। संवाद
सनौली। सनौली खुर्द व झांबा गांव के लोगों को अपने मृतकों का संस्कार करने के लिए श्मशान घाट में जाने के लिए उन्हें व रिश्तेदारों को टोल टैक्स देना पड़ता है। यमुना पुल के किनारे बने श्मशान घाट में जाने के लिए रिश्तेदारों को टोल से होकर जाना पड़ता है। जिससे ग्रामीणों में टोल को लेकर रोष बना हुआ है। बता दें कि सनौली खुर्द व झांबा गांव के ग्रामीण अपने मृतकों का संस्कार यमुना पुल के नीचे यमुना घाट पर करते है।
सनौली खुर्द गोशाला व उसके पीछे ईंटों के भट्ठे से होकर करीब सवा दो किमी लंबा सीधा रास्ता श्मशान के यमुना घाट पर जाता है। जो पहले ईंटों से पक्का बनाया गया था। लेकिन चार महीने पहले यमुना बाढ़ के पानी से यमुना घाट पर जाने का रास्ता टूटने से बंद हो गया। जिसे किसानों ने खुद ही रास्ते में मिट्टी डालकर ठीक कर दिया गया था लेकिन इस बार फिर चार महीने पहले भी इस सड़क के टूटने से ग्रामीण अब हरिद्वार हाईवे से होकर यमुना घाट पर संस्कार करने के लिए जाते है।
सनौली खुर्द गांव के सरपंच संजय त्यागी, झांबा गांव के सरपंच प्रतिनिधि महेश त्यागी और किसान सुनील, पवन त्यागी, राममेहर त्यागी व संदीप कुमार ने बताया कि गांव से श्मशान घाट जाने वाली सड़क को टूटे हुए चार महीने से भी ज्यादा का समय हो गया है। इसके टूटने से एक तो गांव के रिश्तेदारों को संस्कार में शामिल होने पर टोल देना पड़ रहा है। इसी सड़क पर करीब 250 किसानों के खेत लगते हैं और उनको अपने खेतों में भी जाने में परेशानी होती है। उनकी सरकार से मांग है कि इस टूटी हुई सड़क को जल्द बनाया जाए।
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सनौली खुर्द गोशाला व उसके पीछे ईंटों के भट्ठे से होकर करीब सवा दो किमी लंबा सीधा रास्ता श्मशान के यमुना घाट पर जाता है। जो पहले ईंटों से पक्का बनाया गया था। लेकिन चार महीने पहले यमुना बाढ़ के पानी से यमुना घाट पर जाने का रास्ता टूटने से बंद हो गया। जिसे किसानों ने खुद ही रास्ते में मिट्टी डालकर ठीक कर दिया गया था लेकिन इस बार फिर चार महीने पहले भी इस सड़क के टूटने से ग्रामीण अब हरिद्वार हाईवे से होकर यमुना घाट पर संस्कार करने के लिए जाते है।
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सनौली खुर्द गांव के सरपंच संजय त्यागी, झांबा गांव के सरपंच प्रतिनिधि महेश त्यागी और किसान सुनील, पवन त्यागी, राममेहर त्यागी व संदीप कुमार ने बताया कि गांव से श्मशान घाट जाने वाली सड़क को टूटे हुए चार महीने से भी ज्यादा का समय हो गया है। इसके टूटने से एक तो गांव के रिश्तेदारों को संस्कार में शामिल होने पर टोल देना पड़ रहा है। इसी सड़क पर करीब 250 किसानों के खेत लगते हैं और उनको अपने खेतों में भी जाने में परेशानी होती है। उनकी सरकार से मांग है कि इस टूटी हुई सड़क को जल्द बनाया जाए।
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सनौली खुर्द गांव में चार महीने से टूटी पड़ी सड़क। संवाद