{"_id":"22392431ef389ccac2532da7d38cfd47","slug":"public-prostest-over-youth-death-in-ambala","type":"story","status":"publish","title_hn":"गुस्साई भीड़ ने अफसरों को खदेड़ा, हाथापाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गुस्साई भीड़ ने अफसरों को खदेड़ा, हाथापाई
अंबाला
Updated Thu, 02 Jan 2014 12:18 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
घरौंडा में मृत मिले नन्हेंड़ा के युवक का शव बुधवार को गांव आने पर लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। सांत्वना और मुआवजे की जानकारी देने पहुंच पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों को गुस्साए लोगों खदेड़ दिया।
इस दौरान पुलिस से धक्कामुक्की भी की गई। मामला बिगड़ता देख एसडीएम और पुलिस अधिकारियों ने मौके से दूर जाने में ही भलाई समझी।
भीड़ करीब पांच सौ मीटर तक अफसरों को दूर ले गए। इसके बाद लोगों ने नेशनल हाईवे पर शव रखकर करीब आधे घंटे तक जाम लगया दिया। इस मामले में एएसआई को मुअत्तल और एसआई को लाइन हाजिर कर दिया गया है। प्रशासन ने मृतक के परिजन को एक लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है।
उधर हालात पर नियंत्रण रखने के लिए इलाके में पुलिस की तैनाती कर दी गई है।
पुलिस को ठहराया मौत का जिम्मेदार
कैंट के नन्हेड़ा क्षेत्र का रहने वाला सुनील बीते 25 दिसंबर से लापता था। 31 दिसंबर को करनाल के घरौंडा क्षेत्र मुनक से परिजनों को फोन आया कि सुनील का शव नहर से बरामद हुआ है।
विज्ञापन
एसडीएम विनय प्रताप सिंह, एसीपी शहर हितेष यादव सहित पुलिस अधिकारी पीड़ित परिवार को सांत्वना देने के लिए पहुंचे, तो लोग भड़क गए। लोगों ने सुनील की मौत का जिम्मेदार सीधे तौर पर पुलिस को ठहराया। प्रशासनिक अमले ने लोगों को समझाने की काफी कोशिश की लेकिन लोग नहीं माने।
एएसआई सस्पेंड, प्रभारी लाइन हाजिर
इस मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए हाउसिंग बोर्ड चौकी के एएसआई नरेश को जहां सस्पेंड कर दिया है, जबकि चौकी प्रभारी एसआई जगदीश कुमार को लाइन हाजिर कर दिया है। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक स्तर पर कर्मचारियों की लापरवाही सामने आई है, जिस के चलते यह कदम उठाया गया है।
एक नहीं दो युवक डूबे हैं नहर में
पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि तीन दोस्त 25 दिसंबर को अपने घर से गये थे। इन में से एक ही घर लौटा, जबकि दो गायब हो गए। पुलिस का कहना है कि जो युवक घर आया है, उसने बताया कि वे सभी एसवाईएल नहर में मछलियां पकड़ने के लिए गये थे।
इसी दौरान सुनील का पैर फिसल गया और वह नहर में गिर गया। सुनील को नहर से निकालने के लिए उसका दोस्त भी नहर में कूद गया। पुलिस ने कॉल डिटेल निकलवाई, जिसमें पता चला कि तीनों दोस्तों की लोकेशन उसी नहर के पास की है। जब उसके दोस्त, जो घर लौट आया था, से पूछताछ की, तो उसने यह सब कुछ बताया। अब दूसरे युवक की तलाश की जा रही है।
------
पीड़ित परिवार को एक लाख का मुआवजा
प्रशासन ने पीड़ित परिवार को एक लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है। यह मुआवजा सरकार की योजना के अनुसार दिया जाएगा। जल्द ही इस योजना के तहत यह मुआवजा पीड़ित परिवार को दे दिया जाएगा। इसके अलावा एक अन्य योजना के तहत बीस हजार रुपये की राशि अलग से दी जाएगी।
विज्ञापन
इस दौरान पुलिस से धक्कामुक्की भी की गई। मामला बिगड़ता देख एसडीएम और पुलिस अधिकारियों ने मौके से दूर जाने में ही भलाई समझी।
भीड़ करीब पांच सौ मीटर तक अफसरों को दूर ले गए। इसके बाद लोगों ने नेशनल हाईवे पर शव रखकर करीब आधे घंटे तक जाम लगया दिया। इस मामले में एएसआई को मुअत्तल और एसआई को लाइन हाजिर कर दिया गया है। प्रशासन ने मृतक के परिजन को एक लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है।
विज्ञापन
उधर हालात पर नियंत्रण रखने के लिए इलाके में पुलिस की तैनाती कर दी गई है।
पुलिस को ठहराया मौत का जिम्मेदार
कैंट के नन्हेड़ा क्षेत्र का रहने वाला सुनील बीते 25 दिसंबर से लापता था। 31 दिसंबर को करनाल के घरौंडा क्षेत्र मुनक से परिजनों को फोन आया कि सुनील का शव नहर से बरामद हुआ है।
विज्ञापन
एसडीएम विनय प्रताप सिंह, एसीपी शहर हितेष यादव सहित पुलिस अधिकारी पीड़ित परिवार को सांत्वना देने के लिए पहुंचे, तो लोग भड़क गए। लोगों ने सुनील की मौत का जिम्मेदार सीधे तौर पर पुलिस को ठहराया। प्रशासनिक अमले ने लोगों को समझाने की काफी कोशिश की लेकिन लोग नहीं माने।
एएसआई सस्पेंड, प्रभारी लाइन हाजिर
इस मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए हाउसिंग बोर्ड चौकी के एएसआई नरेश को जहां सस्पेंड कर दिया है, जबकि चौकी प्रभारी एसआई जगदीश कुमार को लाइन हाजिर कर दिया है। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक स्तर पर कर्मचारियों की लापरवाही सामने आई है, जिस के चलते यह कदम उठाया गया है।
एक नहीं दो युवक डूबे हैं नहर में
पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि तीन दोस्त 25 दिसंबर को अपने घर से गये थे। इन में से एक ही घर लौटा, जबकि दो गायब हो गए। पुलिस का कहना है कि जो युवक घर आया है, उसने बताया कि वे सभी एसवाईएल नहर में मछलियां पकड़ने के लिए गये थे।
इसी दौरान सुनील का पैर फिसल गया और वह नहर में गिर गया। सुनील को नहर से निकालने के लिए उसका दोस्त भी नहर में कूद गया। पुलिस ने कॉल डिटेल निकलवाई, जिसमें पता चला कि तीनों दोस्तों की लोकेशन उसी नहर के पास की है। जब उसके दोस्त, जो घर लौट आया था, से पूछताछ की, तो उसने यह सब कुछ बताया। अब दूसरे युवक की तलाश की जा रही है।
------
पीड़ित परिवार को एक लाख का मुआवजा
प्रशासन ने पीड़ित परिवार को एक लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है। यह मुआवजा सरकार की योजना के अनुसार दिया जाएगा। जल्द ही इस योजना के तहत यह मुआवजा पीड़ित परिवार को दे दिया जाएगा। इसके अलावा एक अन्य योजना के तहत बीस हजार रुपये की राशि अलग से दी जाएगी।