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Ambala News: एजेंसियों के दावे पर बोले आढ़ती-अभी 10-12 दिन लगेंगे गेहूं उठान में
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अंबाला सिटी। गेहूं उठान पर अंबाला शहर अनाज मंडी में रविवार को गेहूं की खरीद नहीं हुई है। शहर अनाज मंडी से दो लाख 83 हजार 37 क्विंटल गेहूं का उठान बाकी है। एजेंसियों का दावा है कि वे एक सप्ताह में सभी मंडियों का खाली कर देंगे। इस दावे पर आढ़तियों का कहना है कि जो तैयारियां अब हो रही हैं वो अगर पहले होती तो उठान में इतनी देरी नहीं होती। उठान चल रहा है। अभी 10 से 12 दिन का समय लगेगा।
इधर, गोदामों में गेहूं उतारने में भी अधिक समय लग रहा है। ऐसे में गोदामों के बाहर ट्रकों की लंबी लंबी कतारें देखने को मिल रही है। उठान में देरी के कारण किसानों को समय पर भुगतान भी नहीं मिल पा रहा है। किसानों का कहना है कि सरकार ने 72 घंटों के भीतर भुगतान का नियम बनाया है। लेकिन इसके बाद भी उन्हें समय पर भुगतान नहीं मिल पा रहा है।
आढ़तियों का तर्क
स्पेशल ट्रेन में कम मिल रहे बॉक्स
आढ़ती गौरव गुप्ता ने कहा कि अंबाला से जो स्पेशल ट्रेन लगती है उसमें बॉक्स बहुत कम मिलते है जबकि पंजाब को अधिक मिलते है। इसी के चलते अंबाला से उठान समय पर नहीं हो पाता है। उन्होंने कहा कि जिस हिसाब से उठान चल रहा है। ऐसे में एक सप्ताह तक नहीं, बल्कि 15 मई तक उठान पूरा होगा।
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बिगड़ते मौसम से बन रहा संकट
आढ़ती भारत भूषण अग्रवाल ने कहा कि एजेंसियों को उठान के लिए प्रर्याप्त इंतजाम पहले ही कर लेने चाहिए थे, लेकिन अब बिगड़ते मौसम के कारण आढ़तियों पर भी संकट के बादल छाए हैं।
किसानों के भुगतान में हो रही देरी
उठान में देरी के कारण किसानों को फसलों का समय पर भुगतान नहीं मिल रहा है। पंजोखरा साहिब के रहने वाले तेजपाल और निर्मल सिंह ने बताया कि उन्होंने अपनी फसल 17 अप्रैल को बेची थी। लेकिन अभी तक उनका भुगतान नहीं हुआ है। इसी प्रकार बेगोमाजरा और मोहड़ी गांव के रहने वाले अवतार और हरी सिंह ने भी अपनी फसल 17 अप्रैल को बेची थी, लेकिन अभी तक उनका भुगतान नहीं हुआ है। जबकि नियमानुसार 72 घंटों के भीतर एजेंसी को भुगतान करना होता है।
गेहूं खरीद का अब तक का ब्योरा
कुल आवक -2265908 क्विंटल
कुल खरीद- 2215654 क्विंटल
कुल उठान- 55 प्रतिशत
कुल भुगतान - 251 करोड़
वर्जन
हमारी ओर से पूरी तैयारियां कर ली गई है। वाहनों की संख्या में भी बढ़ोतरी कि गई। एक सप्ताह में उठान के कार्य का पूरा कर लिया जाएगा। फिलहाल आवक भी घट चुकी है।
-अमित कुमार, डीएम हैफेड, अंबाला।
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इधर, गोदामों में गेहूं उतारने में भी अधिक समय लग रहा है। ऐसे में गोदामों के बाहर ट्रकों की लंबी लंबी कतारें देखने को मिल रही है। उठान में देरी के कारण किसानों को समय पर भुगतान भी नहीं मिल पा रहा है। किसानों का कहना है कि सरकार ने 72 घंटों के भीतर भुगतान का नियम बनाया है। लेकिन इसके बाद भी उन्हें समय पर भुगतान नहीं मिल पा रहा है।
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आढ़तियों का तर्क
स्पेशल ट्रेन में कम मिल रहे बॉक्स
आढ़ती गौरव गुप्ता ने कहा कि अंबाला से जो स्पेशल ट्रेन लगती है उसमें बॉक्स बहुत कम मिलते है जबकि पंजाब को अधिक मिलते है। इसी के चलते अंबाला से उठान समय पर नहीं हो पाता है। उन्होंने कहा कि जिस हिसाब से उठान चल रहा है। ऐसे में एक सप्ताह तक नहीं, बल्कि 15 मई तक उठान पूरा होगा।
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बिगड़ते मौसम से बन रहा संकट
आढ़ती भारत भूषण अग्रवाल ने कहा कि एजेंसियों को उठान के लिए प्रर्याप्त इंतजाम पहले ही कर लेने चाहिए थे, लेकिन अब बिगड़ते मौसम के कारण आढ़तियों पर भी संकट के बादल छाए हैं।
किसानों के भुगतान में हो रही देरी
उठान में देरी के कारण किसानों को फसलों का समय पर भुगतान नहीं मिल रहा है। पंजोखरा साहिब के रहने वाले तेजपाल और निर्मल सिंह ने बताया कि उन्होंने अपनी फसल 17 अप्रैल को बेची थी। लेकिन अभी तक उनका भुगतान नहीं हुआ है। इसी प्रकार बेगोमाजरा और मोहड़ी गांव के रहने वाले अवतार और हरी सिंह ने भी अपनी फसल 17 अप्रैल को बेची थी, लेकिन अभी तक उनका भुगतान नहीं हुआ है। जबकि नियमानुसार 72 घंटों के भीतर एजेंसी को भुगतान करना होता है।
गेहूं खरीद का अब तक का ब्योरा
कुल आवक -2265908 क्विंटल
कुल खरीद- 2215654 क्विंटल
कुल उठान- 55 प्रतिशत
कुल भुगतान - 251 करोड़
वर्जन
हमारी ओर से पूरी तैयारियां कर ली गई है। वाहनों की संख्या में भी बढ़ोतरी कि गई। एक सप्ताह में उठान के कार्य का पूरा कर लिया जाएगा। फिलहाल आवक भी घट चुकी है।
-अमित कुमार, डीएम हैफेड, अंबाला।