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Ambala News: नाबालिगा के दुष्कर्म के दोषी को कारावास
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अंबाला। छावनी में एक क्षेत्र की निवासी 10वीं कक्षा की छात्रा के साथ दुष्कर्म के मामले में पॉक्सो एक्ट की विशेष अदालत ने आरोपी को दोषी मानते हुए तीन साल दो माह के कठोर कारावास की सजा सुनाई। यह फैसला एडीजे मनपाल रमावत की अदालत ने सुनाया।
इसमें कोर्ट ने पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड न भरने की दशा में आरोपियों को दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। एडिशनल डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी सुरजीत सिंह ने बताया कि वर्ष 2021 में पीड़िता की मां की तरफ से थाने में शिकायत दी गई थी कि उसकी 16 साल बेटी घर से लापता है उसे खोजा जाए। मामले में पुलिस ने जांच पड़ताल की तो एक लड़के की संलिप्तता पाई गई। ऐसे में नाबालिगा को बरामद करते हुए पुलिस ने उसके बयान कराए और आरोपी लड़के को नाबालिगा से दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
इसके बाद मामले की सुनवाई पॉक्सो एक्ट की विशेष अदालत में चली और मामले में अब कोर्ट ने लड़के को दोषी मानते हुए तीन साल दो माह के कारावास की सजा सुनाई है। वहीं इस मामले में कोर्ट ने कहा है कि ऐसे मामले में दोषी को किसी प्रकार से सहानभूति नहीं दी जा सकती है। समाज में एक सख्त संदेश जाए इसलिए कड़ी सजा सुनाई गई।
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इसमें कोर्ट ने पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड न भरने की दशा में आरोपियों को दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। एडिशनल डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी सुरजीत सिंह ने बताया कि वर्ष 2021 में पीड़िता की मां की तरफ से थाने में शिकायत दी गई थी कि उसकी 16 साल बेटी घर से लापता है उसे खोजा जाए। मामले में पुलिस ने जांच पड़ताल की तो एक लड़के की संलिप्तता पाई गई। ऐसे में नाबालिगा को बरामद करते हुए पुलिस ने उसके बयान कराए और आरोपी लड़के को नाबालिगा से दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
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इसके बाद मामले की सुनवाई पॉक्सो एक्ट की विशेष अदालत में चली और मामले में अब कोर्ट ने लड़के को दोषी मानते हुए तीन साल दो माह के कारावास की सजा सुनाई है। वहीं इस मामले में कोर्ट ने कहा है कि ऐसे मामले में दोषी को किसी प्रकार से सहानभूति नहीं दी जा सकती है। समाज में एक सख्त संदेश जाए इसलिए कड़ी सजा सुनाई गई।
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