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Ambala News: भारतीय वायु सेना जल्द स्वदेशी तेजस मार्क टू, एमका और सेंसर हथियारों से होगी लैस
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अंबाला। भारतीय वायु सेना जल्द पूरी तरह स्वदेशी तेजस मार्क टू, एमका व सेंसर हथियारों से लैस होगी। इसको लेकर काम किया जा रहा है। यह शब्द पूर्व एयर चीफ मार्शल सेवानिवृत्त आरकेएस भदौरिया ने एयर शो में बतौर मुख्यातिथि के रूप में शामिल होकर कहे। उन्होंने बताया कि भारत में स्वदेशी विनिर्माण क्षेत्र काफी बढ़ रहा है।
यह एयरफोर्स की रीड बनता जा रहा है। अब तेजस को और बढ़ाने की बात की जा रही है। आने वाले समय में तेजस मार्क 2, एमका शक्ति को बढ़ाने का काम करेंगे। स्वदेशी क्षेत्र से और भी कई हथियार आएंगे। स्वदेश में बने रडार, सेंसर, जैमर, अत्याधुनिक हथियार आने वाले समय में आएंगे। आगामी समय में केवल स्वदेश में बने हथियारों का ही इस्तेमाल होगा। उन्होंने कहा कि इंडियन एयरफोर्स की जो क्षमता होनी चाहिए है वो है और आगे भी बढ़ रही है। आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में एयरफोर्स बहुत ही तेजी से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि चाइना व पाकिस्तान से इंडिया काफी मजबूत है। डीआरडीओ भी इस क्षेत्र में काफी उम्दा कर रही है। देश में डिफेंस सेक्टर काफी तेजी से सुधार के साथ बढ़ रहा है।
राफेल का आना काफी मजबूती देने वाली बात
सेवानिवृत्त एयर चीफ मार्शल आरकेएस भदौरिया ने बताया कि राफेल के आने के बाद भारतीय वायु सेना की शक्ति और भी बढ़ी है। यह अपने आप में अत्याधुनिक एयरक्रॉफ्ट है। आने वाले समय में और भी फाइटर्स आएंगे। वह कई मिलती जुलती क्षमताओं के साथ वायु सेना को मजबूत करने का काम करेंगे। आज की तारीख में हम अपनी जरूरतों व सुरक्षा के हिसाब से काफी अच्छी स्थिति में हैं।
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इजराइल में युद्ध जैसे हालातों से देश में डिफेंस सप्लाई पर पड़ेगा असर
पूर्व एयर मार्शल अनिल खोसला ने बताया कि देश के इजरायल से साथ डिफेंस क्षेत्र व तकनीकी क्षेत्र को लेकर काफी अच्छे रिश्ते हैं। हमारी उनसे दोस्ती इतनी अच्छी है कि जब भी हमें जरूरत होती है तब इजरायल बिना प्रश्न पूछे साजोसामान सप्लाई करता है। फिलिस्तीन के साथ भी हम ठीक हैं। हमास के साथ हमारा कोई रिश्ता नहीं है। वह ईरान का आतंकी संगठन है। ऐसे में अभी जो लड़ाई चल रही है, अगर यह बढ़ जाती है तो हमारी डिफेंस सप्लाई पर प्रभाव पड़ेगा। हमें और विश्व के अन्य देशों को तेल को लेकर दिक्कत सामने आएगी। इससे पूरी अर्थव्यवस्था पर भी फर्क पड़ेगा। इस लड़ाई के बढ़ने की क्षमता काफी अधिक है, क्योंकि आसपास ऐसी ही स्थितियां बनी हुई हैं। कुछ देश इजरायल का साथ दे रहे हैं तो कुछ ऐसे भी हैं जहां के लोगों की भावनाएं इजरायल के साथ नहीं हैं। ऐसे में यह परिस्थितियां काफी चिंताजनक हैं।
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यह एयरफोर्स की रीड बनता जा रहा है। अब तेजस को और बढ़ाने की बात की जा रही है। आने वाले समय में तेजस मार्क 2, एमका शक्ति को बढ़ाने का काम करेंगे। स्वदेशी क्षेत्र से और भी कई हथियार आएंगे। स्वदेश में बने रडार, सेंसर, जैमर, अत्याधुनिक हथियार आने वाले समय में आएंगे। आगामी समय में केवल स्वदेश में बने हथियारों का ही इस्तेमाल होगा। उन्होंने कहा कि इंडियन एयरफोर्स की जो क्षमता होनी चाहिए है वो है और आगे भी बढ़ रही है। आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में एयरफोर्स बहुत ही तेजी से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि चाइना व पाकिस्तान से इंडिया काफी मजबूत है। डीआरडीओ भी इस क्षेत्र में काफी उम्दा कर रही है। देश में डिफेंस सेक्टर काफी तेजी से सुधार के साथ बढ़ रहा है।
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राफेल का आना काफी मजबूती देने वाली बात
सेवानिवृत्त एयर चीफ मार्शल आरकेएस भदौरिया ने बताया कि राफेल के आने के बाद भारतीय वायु सेना की शक्ति और भी बढ़ी है। यह अपने आप में अत्याधुनिक एयरक्रॉफ्ट है। आने वाले समय में और भी फाइटर्स आएंगे। वह कई मिलती जुलती क्षमताओं के साथ वायु सेना को मजबूत करने का काम करेंगे। आज की तारीख में हम अपनी जरूरतों व सुरक्षा के हिसाब से काफी अच्छी स्थिति में हैं।
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इजराइल में युद्ध जैसे हालातों से देश में डिफेंस सप्लाई पर पड़ेगा असर
पूर्व एयर मार्शल अनिल खोसला ने बताया कि देश के इजरायल से साथ डिफेंस क्षेत्र व तकनीकी क्षेत्र को लेकर काफी अच्छे रिश्ते हैं। हमारी उनसे दोस्ती इतनी अच्छी है कि जब भी हमें जरूरत होती है तब इजरायल बिना प्रश्न पूछे साजोसामान सप्लाई करता है। फिलिस्तीन के साथ भी हम ठीक हैं। हमास के साथ हमारा कोई रिश्ता नहीं है। वह ईरान का आतंकी संगठन है। ऐसे में अभी जो लड़ाई चल रही है, अगर यह बढ़ जाती है तो हमारी डिफेंस सप्लाई पर प्रभाव पड़ेगा। हमें और विश्व के अन्य देशों को तेल को लेकर दिक्कत सामने आएगी। इससे पूरी अर्थव्यवस्था पर भी फर्क पड़ेगा। इस लड़ाई के बढ़ने की क्षमता काफी अधिक है, क्योंकि आसपास ऐसी ही स्थितियां बनी हुई हैं। कुछ देश इजरायल का साथ दे रहे हैं तो कुछ ऐसे भी हैं जहां के लोगों की भावनाएं इजरायल के साथ नहीं हैं। ऐसे में यह परिस्थितियां काफी चिंताजनक हैं।