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Ambala News: छोटी उम्र में ही बैडमिंटन में चमके हर्षिता और सोमिल
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252.... खेल उपनिदेशक व बैडमिंटर कोच राकेश पांडेय के साथ दाए हर्षिता कांबोज व बाए सोमिल कांबोज प
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संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। छोटी उम्र में ही बैडमिंटन प्रतियोगिताओं में नाम चमका जिले के दो खिलाड़ियों ने मिसाल पेश की है। ये दोनों खिलाड़ी हर्षिता व सोमिल कांबोज हैं, जिन्होंने छह साल की उम्र से ही कर्ण स्टेडियम में बैडमिंटन खेलना शुरू कर दिया था। हर्षिता ने हाल ही में सीआईएससी स्टेट बैडमिंटन चैंपियनशिप में जीतकर राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए क्वालीफाई किया है। वहीं सोमिल ने सीबीएसई जिला बैडमिंटन चैंपियनशिप में जीतकर राज्य स्तर के लिए क्वालीफाई किया है।
सोमिल के पिता सुनील कांबोज रोडवेज में चालक हैं, उन्होंने बताया कि जब वह बेटे को पहली बार दोस्त के साथ लेकर गए तो कोच ने यह कहकर कि उनकी उम्र व कद कम है अकादमी में दाखिल करने से मना कर दिया था। बाद में सोमिल की प्रतिभा को देखकर वह प्रभावित। उसी तरह हर्षिता के पिता मनोज कांबोज जो कि पेशे से व्यवसायी हैं, उन्होंने बताया कि हर्षिता जब चौथी कक्षा में थी तभी से वह बैडमिंटन खेल रही है। हर्षिता का भाई मनमोहन भी बैडमिंटन का राष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी है। उन्हीं के नक्शे कदम पर चलते हुए हर्षिता ने बैडमिंटन खेलना शुरू किया। हर्षिता प्रतिदिन कर्ण स्टेडियम में अभ्यास के लिए जाती हैं।
सोमिल बुआ की प्रेरणा से बने खिलाड़ी
सोमिल कांबोज ने बताया कि वह महज चार साल की उम्र में ही अपनी बुआ के साथ बैडमिंटन खेलने लगे थे। उनका कहना है कि जिस तरह उनकी बुआ पायलट बनकर जहाज उड़ाती है उसी तरह वह अपने रॉकेट से शटल को उड़ाते हैं। सोमिल ने बताया उनके पिता ने उन्हें कम उम्र में कर्ण स्टेडियम की अकादमी में डालकर उनके सपनों को परवान चढ़ाने में मदद की है। वहीं उनके मुख्य कोच व वर्तमान उपनिदेशक खेल विभाग राकेश पांडे का उनकी कामयाबी में अतुलनीय योगदान रहा है।
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सोमिल की उपलब्धियां-
- 2022 में जिला स्तरीय बैडमिंटन प्रतियोगिता के नौ व 11 आयु वर्ग मुकाबले में प्रथम व द्वितीय रहे।
- 2023 में जिला स्तरीय 11 व 13 आयु वर्ग मुकाबलों में सिंगल व डबल में स्वर्ण व रजत जीता।
- 2024 में 13 आयु वर्ग मुकाबलों में सिंगल में स्वर्ण व डबल में रजत पदक हासिल किया।
- अप्रैल 2024 में असंध में आयोजित प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पाया।
- जुलाई 2024 में लिबर्टी समूह की ओर से आयोजित प्रतियोगिता के सिंगल व डबल में स्वर्ण पदक जीता।
- 2025 में पंचकूला में आयोजित बैडमिंटन टूर्नामेंट में स्वर्ण व कांस्य पदक जीता।
हर्षिता की उपलब्धियां-
- 2022 में कर्ण स्टेडियम में आयोजित जिला स्तरीय प्रतियोगिता में प्रथम।
- 2023 में बैडमिंटन के एकल मुकाबले में स्वर्ण पदक जीता।
- 2024 में 13 व 15 आयु वर्ग मुकाबलों में प्रथम स्थान पर रहते हुए स्वर्ण जीता।
- जुलाई 2024 में लिबर्टी समूह द्वारा आयोजित प्रतियोगिता के सिंगल व डबल में स्वर्ण जीता।
- 2025 में पंचकूला में आयोजित राज्य स्तरीय टूर्नामेंट में रजत व कांस्य पदक जीता।
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करनाल। छोटी उम्र में ही बैडमिंटन प्रतियोगिताओं में नाम चमका जिले के दो खिलाड़ियों ने मिसाल पेश की है। ये दोनों खिलाड़ी हर्षिता व सोमिल कांबोज हैं, जिन्होंने छह साल की उम्र से ही कर्ण स्टेडियम में बैडमिंटन खेलना शुरू कर दिया था। हर्षिता ने हाल ही में सीआईएससी स्टेट बैडमिंटन चैंपियनशिप में जीतकर राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए क्वालीफाई किया है। वहीं सोमिल ने सीबीएसई जिला बैडमिंटन चैंपियनशिप में जीतकर राज्य स्तर के लिए क्वालीफाई किया है।
सोमिल के पिता सुनील कांबोज रोडवेज में चालक हैं, उन्होंने बताया कि जब वह बेटे को पहली बार दोस्त के साथ लेकर गए तो कोच ने यह कहकर कि उनकी उम्र व कद कम है अकादमी में दाखिल करने से मना कर दिया था। बाद में सोमिल की प्रतिभा को देखकर वह प्रभावित। उसी तरह हर्षिता के पिता मनोज कांबोज जो कि पेशे से व्यवसायी हैं, उन्होंने बताया कि हर्षिता जब चौथी कक्षा में थी तभी से वह बैडमिंटन खेल रही है। हर्षिता का भाई मनमोहन भी बैडमिंटन का राष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी है। उन्हीं के नक्शे कदम पर चलते हुए हर्षिता ने बैडमिंटन खेलना शुरू किया। हर्षिता प्रतिदिन कर्ण स्टेडियम में अभ्यास के लिए जाती हैं।
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सोमिल बुआ की प्रेरणा से बने खिलाड़ी
सोमिल कांबोज ने बताया कि वह महज चार साल की उम्र में ही अपनी बुआ के साथ बैडमिंटन खेलने लगे थे। उनका कहना है कि जिस तरह उनकी बुआ पायलट बनकर जहाज उड़ाती है उसी तरह वह अपने रॉकेट से शटल को उड़ाते हैं। सोमिल ने बताया उनके पिता ने उन्हें कम उम्र में कर्ण स्टेडियम की अकादमी में डालकर उनके सपनों को परवान चढ़ाने में मदद की है। वहीं उनके मुख्य कोच व वर्तमान उपनिदेशक खेल विभाग राकेश पांडे का उनकी कामयाबी में अतुलनीय योगदान रहा है।
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सोमिल की उपलब्धियां-
- 2022 में जिला स्तरीय बैडमिंटन प्रतियोगिता के नौ व 11 आयु वर्ग मुकाबले में प्रथम व द्वितीय रहे।
- 2023 में जिला स्तरीय 11 व 13 आयु वर्ग मुकाबलों में सिंगल व डबल में स्वर्ण व रजत जीता।
- 2024 में 13 आयु वर्ग मुकाबलों में सिंगल में स्वर्ण व डबल में रजत पदक हासिल किया।
- अप्रैल 2024 में असंध में आयोजित प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पाया।
- जुलाई 2024 में लिबर्टी समूह की ओर से आयोजित प्रतियोगिता के सिंगल व डबल में स्वर्ण पदक जीता।
- 2025 में पंचकूला में आयोजित बैडमिंटन टूर्नामेंट में स्वर्ण व कांस्य पदक जीता।
हर्षिता की उपलब्धियां-
- 2022 में कर्ण स्टेडियम में आयोजित जिला स्तरीय प्रतियोगिता में प्रथम।
- 2023 में बैडमिंटन के एकल मुकाबले में स्वर्ण पदक जीता।
- 2024 में 13 व 15 आयु वर्ग मुकाबलों में प्रथम स्थान पर रहते हुए स्वर्ण जीता।
- जुलाई 2024 में लिबर्टी समूह द्वारा आयोजित प्रतियोगिता के सिंगल व डबल में स्वर्ण जीता।
- 2025 में पंचकूला में आयोजित राज्य स्तरीय टूर्नामेंट में रजत व कांस्य पदक जीता।