{"_id":"61fd83a67cde38497426b8fe","slug":"crime-ambala-news-knl979877120","type":"story","status":"publish","title_hn":"अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम निर्माण में घोटाले पर तीन अधिकारी निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम निर्माण में घोटाले पर तीन अधिकारी निलंबित
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वार हीरोज मेमोरियल स्टेडियम में बन रहे फीफा से मान्यता प्राप्त अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में 46 करोड़ का घोटाला होने के बाद तीन अधिकारियों पर गाज गिर गई है। इन तीनों अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
इस दौरान जांच के बाद विभाग ने घोटाले में संलिप्त पाए गए विभागीय अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की और एक्सईएन, एसडीओ और जेई को सस्पेंड कर दिया है। बेशक इस घोटाले में कार्रवाई को लेकर मंत्रालय को कार्रवाई करने में एक माह का समय लग गया मगर अब सरकार इसमें पूरी तरह सख्ती के मूड में है।
गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में निर्माण कार्य के दौरान हुए घोटाले में गलत तरीकों से करोड़ों रुपये के बिल पास करवाए गए थे, जबकि स्टेडियम में निर्माण सामग्री ही नहीं पहुंची थी। समाचार उजागर होने के बाद प्रदेश के उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने कार्रवाई करने की बात कही थी। जबकि गृहमंत्री अनिल विज भी इस घोटाले को लेकर खासे नाराज हैं।
विज्ञापन
दरअसल, अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम का निर्माण वर्ष 2017 में शुरु हुआ था और स्टेडियम निर्माण के दौरान खामियों को लेकर गृह एवं स्वास्थ्य मंत्री पहले भी कई बार विभागीय अधिकारियों को लताड़ लगा चुके हैं। इस मामले की जांच अभी जारी है और इस दौरान घोटाले की कई परतें खुल सकती हैं। इस प्रोजेक्ट पर पीडब्लयूडी और नगर परिषद दोनों मिलकर काम कर रहे हैं। चूंकि ये गृहमंत्री अनिल विज का ड्रीम प्रोजेक्ट है, इसलिए भी इ स मामले की जांच गहनता से चल रही है।
विज्ञापन
इस दौरान जांच के बाद विभाग ने घोटाले में संलिप्त पाए गए विभागीय अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की और एक्सईएन, एसडीओ और जेई को सस्पेंड कर दिया है। बेशक इस घोटाले में कार्रवाई को लेकर मंत्रालय को कार्रवाई करने में एक माह का समय लग गया मगर अब सरकार इसमें पूरी तरह सख्ती के मूड में है।
विज्ञापन
गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में निर्माण कार्य के दौरान हुए घोटाले में गलत तरीकों से करोड़ों रुपये के बिल पास करवाए गए थे, जबकि स्टेडियम में निर्माण सामग्री ही नहीं पहुंची थी। समाचार उजागर होने के बाद प्रदेश के उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने कार्रवाई करने की बात कही थी। जबकि गृहमंत्री अनिल विज भी इस घोटाले को लेकर खासे नाराज हैं।
विज्ञापन
दरअसल, अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम का निर्माण वर्ष 2017 में शुरु हुआ था और स्टेडियम निर्माण के दौरान खामियों को लेकर गृह एवं स्वास्थ्य मंत्री पहले भी कई बार विभागीय अधिकारियों को लताड़ लगा चुके हैं। इस मामले की जांच अभी जारी है और इस दौरान घोटाले की कई परतें खुल सकती हैं। इस प्रोजेक्ट पर पीडब्लयूडी और नगर परिषद दोनों मिलकर काम कर रहे हैं। चूंकि ये गृहमंत्री अनिल विज का ड्रीम प्रोजेक्ट है, इसलिए भी इ स मामले की जांच गहनता से चल रही है।