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सिविल अस्पताल में प्रसव के दौरान महिला की मौत, डॉक्टरों के पैनल ने किया पोस्टमार्टम
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अंबाला सिटी। अंबाला के गांव उगाड़ा निवासी एक प्रवासी महिला की शहर के नागरिक अस्पताल में डिलिवरी के दौरान मौत हो गई। हालांकि महिला की मौत को लेकर उसके परिजनों ने किसी पर किसी प्रकार का आरोप नहीं लगाया है। वहीं गर्भवती महिला की मौत कैसे हुई, इसकी जानकारी के लिए डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम किया।
जानकारी के अनुसार मृतक महिला रिंकी देवी (28) के पति नोनू लाल ने बताया कि वह मूल रूप से बिहार के नालंदा के रहने वाले हैं। वह अंबाला के गांव उगाड़ा में ईंट भट्टे पर काम करते हैं। उसकी पत्नी रिंकी तीसरी बार गर्भवती हुई। इसके पहले एक बेटा उम्र करीब 8 साल और बेटी करीब 5 साल की है। 7 जनवरी की रात उसकी गर्भवती पत्नी की तबीयत खराब हुई तो वह उसे माजरी पीएचसी ले गए, जहां से उसी रात डॉक्टरों ने रिंकी को सिटी सिविल अस्पताल रेफर कर दिया। नोनू लाल ने कहा कि मंगलवार सुबह उसकी पत्नी का शहर नागरिक अस्पताल में अल्ट्रासाउंड हुआ, जिससे पता चला कि गर्भ में बच्चे की मौत हो चुकी है। इसके बाद डॉक्टर पूरे दिन प्रसव का प्रयास करते रहे। रात करीब 12 बजे महिला की भी मौत हो गई। मामले में मृतका के पति नोनू का कहना है कि उसकी पत्नी के गर्भ में पल रहा शिशु 8 महीने से ज्यादा का था और महिला को पहले परेशानी भी नहीं थी। मौत की सूचना से डॉक्टरों के बीच भी हड़कंप मच गया। वहीं रिंकी की मौत के बाद उसके परिजनों में गम का माहौल है।
नवजात के पार्थिव शरीर को परिजनों के किया हवाले
पोस्टमार्टम के दौरान परिवार की मांग पर डॉक्टरों की टीम ने गर्भ से बच्चे के पार्थिव शरीर को निकाल कर अलग से परिजनों के हवाले किया और महिला के शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया।
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मृतक महिला की मौत के बाद उसके शव का पोस्टमार्टम करा उसके परिजनों के हवाले कर दिया है।
-डॉ. सीमा, आरएमओ, सिटी सिविल अस्पताल।
जानकारी के अनुसार मृतक महिला रिंकी देवी (28) के पति नोनू लाल ने बताया कि वह मूल रूप से बिहार के नालंदा के रहने वाले हैं। वह अंबाला के गांव उगाड़ा में ईंट भट्टे पर काम करते हैं। उसकी पत्नी रिंकी तीसरी बार गर्भवती हुई। इसके पहले एक बेटा उम्र करीब 8 साल और बेटी करीब 5 साल की है। 7 जनवरी की रात उसकी गर्भवती पत्नी की तबीयत खराब हुई तो वह उसे माजरी पीएचसी ले गए, जहां से उसी रात डॉक्टरों ने रिंकी को सिटी सिविल अस्पताल रेफर कर दिया। नोनू लाल ने कहा कि मंगलवार सुबह उसकी पत्नी का शहर नागरिक अस्पताल में अल्ट्रासाउंड हुआ, जिससे पता चला कि गर्भ में बच्चे की मौत हो चुकी है। इसके बाद डॉक्टर पूरे दिन प्रसव का प्रयास करते रहे। रात करीब 12 बजे महिला की भी मौत हो गई। मामले में मृतका के पति नोनू का कहना है कि उसकी पत्नी के गर्भ में पल रहा शिशु 8 महीने से ज्यादा का था और महिला को पहले परेशानी भी नहीं थी। मौत की सूचना से डॉक्टरों के बीच भी हड़कंप मच गया। वहीं रिंकी की मौत के बाद उसके परिजनों में गम का माहौल है।
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नवजात के पार्थिव शरीर को परिजनों के किया हवाले
पोस्टमार्टम के दौरान परिवार की मांग पर डॉक्टरों की टीम ने गर्भ से बच्चे के पार्थिव शरीर को निकाल कर अलग से परिजनों के हवाले किया और महिला के शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया।
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मृतक महिला की मौत के बाद उसके शव का पोस्टमार्टम करा उसके परिजनों के हवाले कर दिया है।
-डॉ. सीमा, आरएमओ, सिटी सिविल अस्पताल।