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अब बिना छुए ही टिकट की जांच करेंगे टीटीई, विकसित किया है ये खास एप्लीकेशन
Wed, 22 Jul 2020 06:33 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Wed, 22 Jul 2020 06:33 PM IST
सार
- मोबाइल पर क्यूआर कोड के जरिये आएगा टिकट का सारा विवरण
- कोरोना से बचाव को क्रिस ने विकसित किया है खास एप्लीकेशन
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विस्तार
अब रेलवे स्टेशन परिसर और ट्रेनों में चल टिकट परीक्षक (टीटीई) रेल टिकट को बिना छूए ही जांच करेंगे। आरक्षित टिकटों की कांटेक्ट लेंस जांच के लिए सेंटर फॉर रेलवे इनफार्मेशन सिस्टम (क्रिस) ने सभी क्षेत्रीय रेलवे के लिए एक एप्लीकेशन विकसित किया है, जिससे क्यूआर कोड के माध्यम से पीआरएस टिकट का सारा विवरण मोबाइल पर उपलब्ध हो जाएगा।
आरक्षित टिकटों की जांच की यह प्रणाली अत्यंत आधुनिक होने के साथ ही वर्तमान में कोरोना से बचने का बहुत ही प्रभावी तरीका भी है। क्यूआर कोड स्कैनर को फ्री एप, गूगल प्ले स्टोर अथवा आईओएस प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है। एचएचटी भी क्यूआर कोड को स्कैन करने में सक्षम है, जिसके माध्यम से यात्री के पीएनआर का सारा विवरण टीटीई को उपलब्ध हो जाता है।
इसे भी पढ़ें- गोरखपुर जिले में तेजी से बढ़ रहा है राप्ती नदी का जलस्तर, बाढ़ का खतरा बढ़ा
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ऐसे करेगा काम
आरक्षित टिकट बुक होने के बाद क्यूआर कोड का यूआरएल (लिंक) को एसएमएस के माध्यम से यात्रियों के मोबाइल नंबर पर भेज दिया जाएगा। स्टेशन पर प्रवेश करते समय अथवा टिकट चेकिंग के समय यात्रियों को एसएमएस में उपलब्ध क्यूआर कोड के यूआरएल पर क्लिक करना होगा। ऐसा करते ही यात्री के मोबाइल ब्राउजर पर क्यूआर कोड दिखने लगेगा। टीटीई यात्री के मोबाइल पर दिख रहे इस कोड को अपने मोबाइल से, जिसमें क्यूआर कोड स्कैन करने की सुविधा हो, उससे स्कैन कर लेंगे।
एनईआर सीपीआरओ पंकज कुमार सिंह ने कहा कि आरक्षित टिकटों की जांच की इस प्रक्रिया के तहत क्यूआर कोड जनरेट करने के लिए लिंक संबंधित व्यवस्था प्रक्रियाधीन है। निकट भविष्य में टिकट जांच का यह तरीका यात्रियों एवं टीटीई दोनों के लिए बहुत ही सुविधाजनक होगा। गोरखपुर जंक्शन पर आरक्षित टिकटों के क्यूआर कोड की स्कैनिंग करने के लिए अलग से स्कैनर लगाया जा रहा है।
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आरक्षित टिकटों की जांच की यह प्रणाली अत्यंत आधुनिक होने के साथ ही वर्तमान में कोरोना से बचने का बहुत ही प्रभावी तरीका भी है। क्यूआर कोड स्कैनर को फ्री एप, गूगल प्ले स्टोर अथवा आईओएस प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है। एचएचटी भी क्यूआर कोड को स्कैन करने में सक्षम है, जिसके माध्यम से यात्री के पीएनआर का सारा विवरण टीटीई को उपलब्ध हो जाता है।
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ऐसे करेगा काम
आरक्षित टिकट बुक होने के बाद क्यूआर कोड का यूआरएल (लिंक) को एसएमएस के माध्यम से यात्रियों के मोबाइल नंबर पर भेज दिया जाएगा। स्टेशन पर प्रवेश करते समय अथवा टिकट चेकिंग के समय यात्रियों को एसएमएस में उपलब्ध क्यूआर कोड के यूआरएल पर क्लिक करना होगा। ऐसा करते ही यात्री के मोबाइल ब्राउजर पर क्यूआर कोड दिखने लगेगा। टीटीई यात्री के मोबाइल पर दिख रहे इस कोड को अपने मोबाइल से, जिसमें क्यूआर कोड स्कैन करने की सुविधा हो, उससे स्कैन कर लेंगे।
एनईआर सीपीआरओ पंकज कुमार सिंह ने कहा कि आरक्षित टिकटों की जांच की इस प्रक्रिया के तहत क्यूआर कोड जनरेट करने के लिए लिंक संबंधित व्यवस्था प्रक्रियाधीन है। निकट भविष्य में टिकट जांच का यह तरीका यात्रियों एवं टीटीई दोनों के लिए बहुत ही सुविधाजनक होगा। गोरखपुर जंक्शन पर आरक्षित टिकटों के क्यूआर कोड की स्कैनिंग करने के लिए अलग से स्कैनर लगाया जा रहा है।