टीबी अस्पताल में महिला की मौत, बेटी ने कहा- इलाज में हुई लापरवाही
गोरखपुर में 100 बेड वाले टीबी अस्पताल में भर्ती कोरोना संक्रमित 39 वर्षीय महिला की सोमवार की दोपहर में मौत हो गई। बेटी ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। आरोप है कि उनकी मां को आईसीयू की जरूरत थी। वे हर्पीस बीमारी (शरीर में पानी भरने दाने निकलना, अधेड़ी रोग) से पीड़ित थीं।
इसकी जानकारी भी आलाधिकारियों को दी गई, लेकिन किसी ने भी एक न सुनी। स्वास्थ्य विभाग की नाकामी की वजह से मां की मौत हुई है। मौत के बाद अस्पताल प्रशासन चिकित्सीय रिपोर्ट देने में भी आना-कानी कर रहा है। इसे लेकर परिजनों ने जमकर हंगामा किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह मामले को शांत कराया। समाचार लिखे जाने तक परिजन बिना रिपोर्ट शव ले जाने को तैयार नहीं थे।
जानकारी के मुताबिक हुमायुंपुर के दिग्विजय नगर की रहने वाली 38 वर्षीय महिला कोरोना संक्रमित मिलने के बाद 100 बेड वाले टीबी अस्पताल में भर्ती हुई। महिला की बेटी ने बताया कि उनकी मां 10 जुलाई से हर्पीस बीमारी से पीड़ित थीं। तबीयत ज्यादा खराब होने पर 20 जुलाई को गोरक्षनाथ अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां आईसीयू में भर्ती थी। इस दौरान तबीयत में थोड़ा सुधार हुआ। लेकिन इस बीच कोविड की जांच कराई गई तो रिपोर्ट पॉजिटिव मिली।
मुख्यमंत्री पोर्टल पर की शिकायत
सीएम को किया ट्वीट
महिला की बेटी ने बताया कि इसे लेकर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को ट्वीट किया गया। मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत भी की गई। लिखा कि कहीं और रेफर करके इलाज किया जाए। क्योंकि टीबी अस्पताल में इलाज की कोई सुविधा नहीं है। लेकिन कोई जवाब कहीं से नहीं मिला। अंत में मेरी मां की मौत हो गई।
आरोप पूरी तरह से निराधार है। अस्पताल में भर्ती मरीज की पूरी देखभाल की जा रही थी। इलाज में कोई लापरवाही नहीं की गई। उन्हें बेहतर इलाज उपलब्ध कराया जा रहा था। -डॉ. एके चौधरी, संयुक्त निदेशक, टीबी अस्पताल