बदल रहा है गोरखपुर: जल्द ही यात्रियों के लिए खुल जाएगा स्लीप पॉड होटल, इस प्लेटफॉर्म पर हुआ है निर्माण
गोरखपुर जंक्शन को अंग्रेजों ने बनाया था। रेलवे के दस्तावेज के मुताबिक उस दौरान सोनपुर से छपरा, गोरखपुर होकर मनकापुर तक मेन लाइन बिछाई गई थी। स्टेशन की इमारत एक मंजिला थी और आधा दर्जन कमरे थे। टाइल्स वाली छत थी। पूर्वी छोर पर स्थित कमरा रिफ्रेशमेंट रूम था।
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पूर्वोत्तर रेलवे के गोरखपुर जं. स्टेशन के प्लेटफार्म संख्या 9 पर बनाया गया स्लीप पॉड होटल जल्द ही यात्रियों के लिए खोल दिया जाएगा। पॉड होटल की बुकिंग 06, 12 एवं 24 घंटे के लिए बुक किए जाएंगे। होटल में यात्रियों के लिए भोजन की सुविधा भी उपलब्ध होगी। यह स्लीप पॉड होटल हैंगिंग बेटिंग हाल में 653 वर्ग मीटर में बनाया गया है।
स्लीप सिंगल एवं डबल बेड के केबिन एवं केबिननुमा स्लीप पॉड बनाए गए हैं। इन एसी वाले केबिन में महिलाओं एवं पुरुष के लिए अलग-अलग प्रसाधन बनाए गए हैं। यात्रियों की सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं। इसके अलावा फ्री वाई-फाई की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। इसके अतिरिक्त यहां पर टेलीविजन, चार्जिंग प्वाइंट एवं पढ़ने के लिए रीडिंग लाइट की व्यवस्था है।
प्लेटफार्म संख्या 9 पर बने इस पॉड होटल का फायदा देश भर से गोरखपुर आने वाले यात्रियों को मिलेगा। गोरखपुर जंक्शन स्टेशन पर दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, पुणे, चेन्नई, बंगलौर, हैदराबाद, अहमदाबाद, गुवाहाटी, लखनऊ, अयोध्या, मथुरा, वाराणसी, प्रयागराज, उज्जैन सहित देश के अनेक महानगरों के लिए ट्रेनें चलाई जाती हैं।
रेलवे स्टेशन के स्थापना दिवस को यादगार बनाने में जुटे अफसर
मकर संक्रांति के दिन पूर्वोत्तर रेलवे मुख्यालय के सबसे बड़े स्टेशन गोरखपुर का स्थापना दिवस है। इसे यादगार बनाने के लिए रेल प्रशासन जुटा है। इस दिन स्टेशन परिसर में भव्य कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। केक कटने के साथ ही कई अन्य कार्यक्रम भी आयोजित होंगे।
पहली बार पूर्वोत्तर रेलवे में स्टेशनों का स्थापना दिवस मनाया जाएगा। इसकी शुरुआत गोरखपुर से होगी। यह स्टेशन 15 जनवरी 1885 को अस्तित्व में आया था। लिहाजा 15 जनवरी को गोरखपुर जंक्शन पर उत्सव जैसा माहौल रहेगा। प्लेटफॉर्म पर ही केक काटा जाएगा और वंदे भारत ट्रेन के यात्रियों को गुलाब का फूल देकर उनका वेलकम किया जाएगा।
इसके साथ ही एसी लाउंज के पास एक फोटो गैलरी लगाई जाएगी। इसमें पूर्वोत्तर रेलवे की विकास यात्रा से जुड़ी ऐतिहासिक धरोहरों को रखा जाएगा। रेल प्रशासन ने अभी से इसकी तैयारी शुरू कर दी है। इसके अलावा रेलवे के प्राचीन इतिहास से जुड़ी एक फिल्म प्रदर्शित करने की भी तैयारी है।
गोरखपुर जंक्शन को अंग्रेजों ने बनाया था। रेलवे के दस्तावेज के मुताबिक उस दौरान सोनपुर से छपरा, गोरखपुर होकर मनकापुर तक मेन लाइन बिछाई गई थी। स्टेशन की इमारत एक मंजिला थी और आधा दर्जन कमरे थे। टाइल्स वाली छत थी। पूर्वी छोर पर स्थित कमरा रिफ्रेशमेंट रूम था।
सीपीआरओ पंकज कुमार सिंह ने कहा कि स्टेशन की ऐतिहासिकता के बारे में जानकारी देने के उद्देश्य से प्रमुख स्टेशनों का स्थापना दिवस मनाए जाने की तैयारी की जा रही है। इस अवसर पर फोटो प्रदर्शनी के माध्यम से स्टेशन के इतिहास को यात्रियों को दिखाया जाएगा।