फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   seventh economic census 2019 starts at gorakhpur district

गोरखपुर में सातवीं आर्थिक गणना की शुरुआत, एडीएम ने दिखाई हरी झंडी

Sat, 04 Jan 2020 08:17 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर
डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर Published by: गोरखपुर ब्यूरो Updated Sat, 04 Jan 2020 08:17 PM IST
विज्ञापन
seventh economic census 2019 starts at gorakhpur district
सातवी आर्थिक गणना के जन जागरूकता के लिए कलेक्ट्रेट से रैली निकालते लोग - फोटो : अमर उजाला
एडीएम (फाइनेंस) राजेश सिंह ने शनिवार को कलेक्ट्रेट स्थित डीएम कार्यालय के बाहर प्रगणकों के समूह को हरी झंडी दिखाकर जिले में सातवीं आर्थिक गणना 2019 का शुभारंभ किया। तीन महीने तक चलने वाली इस आर्थिक गणना के दौरान प्रगणक हर घर पर दस्तक देकर परिवार के मुखिया, सभी सदस्य और उनके जीविकोपार्जन के माध्यम के बारे में सूचनाएं जुटाएंगे। किसी से भी उनकी आय के बारे में नहीं पूछा जाएगा। सिर्फ नौकरी या व्यवसाय से जुड़ी जानकारी ली जाएगी। सभी का डाटा भारत सरकारी द्वारा गोपनीय रखा जाएगा और इन आंकड़ों की मदद से केंद्र और राज्य सरकार जनोपयोगी नीतियां बनाएंगी।
विज्ञापन


आर्थिक गणना की जिम्मेदारी सभी कॉमन सर्विस सेंटरों को दी गई है। 2639 प्रगणक तैनात किए गए हैं और उनकी निगरानी के लिए 556 पर्यवेक्षक। इसके अलावा इस पूरी गणना और उसकी प्रगति पर पर जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी व आर्थिक गणना के सदस्य सचिव चंद्रशेखर प्रसाद नजर रखेंगे। गणना मोबाइल एप के माध्यम से होगी। आर्थिक गणना के शुभारंभ के दौरान कॉमन सर्विस सेंटर के डिस्ट्रिक्ट मैनेजर विकास कुमार एवं अंशुल यादव तथा जिला समन्वयक विनीत श्रीवास्तव समेत कई प्रगणक व सुपरवाइजर मौजूद रहे।
विज्ञापन


 

डीएम ने सभी से सहयोग की अपील की

डीएम के. विजयेंद्र पांडियन और एडीएम (फाइनेंस) ने जिले के सभी निवासियों से अपील की है कि वे इस गणना में अपना सहयोग दें। प्रगणक जब घरों पर जाएं तो उन्हें सही-सही जानकारी दें। उन्होंने कहा कि आर्थिक गणना को लेकर किसी भी तरह का भ्रम हो तो उनके समेत जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी से संपर्क किया जा सकता हैं। किसी से भी उनकी आय नहीं पूछी जाएगी।

परिवार के मुखिया के अलावा सभी सदस्यों, मोबाइल नंबर आदि की जानकारी पूछने के अलावा वे नौकरी करते हैं, कृषि या फिर व्यवसाय करते हैं की जानकारी ली जाएगी। व्यवसाय के प्रकार की भी जानकारी ली जाएगी। उन्होंने कहा इन आंकड़ों की मदद से ही सरकार नीतियां बना सकेंगी इसलिए हर कोई इसमें सहयोग करें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed