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सेना में नौकरी करने के लिए दे दिए सात लाख से अधिक रुपये, बाद में पता चला हो गई ठगी

Mon, 10 Aug 2020 10:19 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Mon, 10 Aug 2020 10:19 AM IST
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Seven lakh 70 thousand rupees lost in Chhattisgarh Army job  greed
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले से बिलासपुर, छत्तीसगढ़ में सेना में नौकरी दिलाने के नाम पर सात लाख 70 हजार रुपये हड़पने का मामला सामने आया है। आरोप है कि दोनों किराएदार थे और परिवार वालों से मित्रता होने के बाद आरोपित ने विश्वास में लेकर धोखा दिया। पीड़ित ने एसएसपी से शिकायत की। एसएसपी के आदेश पर रामगढ़ताल पुलिस रविवार को केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

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जानकारी के मुताबिक, सर्वोदय नगर, रामगढ़ताल निवासी नागेंद्र पांडेय के मकान में जयनारायण सिंह किराएदार हैं। वहीं पर गोला के सड़सड़ा बुजुर्ग निवासी पुरुषोत्तम मिश्रा और उनके भाई युगुल किशोर मिश्रा भी किराएदार हैं। पुरुषोत्तम का जयनारायण के परिवार से परिचय हो गया। जयनारायण बेरोजगार थे और नौकरी की तलाश में थे। सितंबर 2016 में पुरुषोत्तम ने कहा कि उनकी पहुंच सेना और सीआरपीएफ के बड़े अफसरों से है।
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आरोप है कि उसने झांसा देकर नौकरी दिलाने के नाम पर मुझसे सात लाख 70 हजार की मांग की तो छोटे भाई की पत्नी सरोज ने अपने बड़े पुत्र अविनाश के संयुक्त बैंक खाते से 27 अक्तूबर 2016 को 40 हजार रुपये और दो नवंबर 2016 को दो लाख दिए। जयनारायण सिंह ने अपने खाते से 21 दिसंबर 2016 को एक लाख 30 हजार रुपये पुरुषोत्तम के खाते में भेजा। बाकी के चार लाख रुपये सरोज ने पुरुषोत्तम मिश्रा को दिया।

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रुपये पाने के बाद उसने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल ग्रुप बिलासपुर सेंटर छत्तीसगढ़ में कांस्टेबल पद का फर्जी परीक्षा कराकर फर्जी प्रमाणपत्र 24 अक्तूबर 2016 को दिया। दूसरे दिन फर्जी बुलावा पत्र भी आया। फिर बिलासपुर में स्वास्थ्य परीक्षण भी हुआ। चचेरा भाई फर्जी प्रमाणपत्र जमा करने गया तो एक मार्च 2017 को पुरुषोत्तम ने फर्जी नियुक्ति पत्र भी दे दिया। जयनारायण जब प्रमाण पत्र लेकर उप महानिरीक्षक केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल, बिलासपुर पहुंचे तो वहां के अफसर ने से फर्जी बताया।

इसके बाद फर्जीवाड़ा की जानकारी होने पर पुरुषोत्तम से रुपये की मांग शुरू की तो वह आजकल करने लगा। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत के आधार पर कूटरचित दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी की धारा में पुरुषोत्तम व उसके भाई के खिलाफ केस दर्ज भाई युगुल किशोर मिश्रा को हिरासत में ले लिया है। एसएसपी डॉ. सुनील कुमार गुप्ता का कहना है कि शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

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