लॉकडाउन का पालन कराने के लिए पुलिस हुई सख्त, जिले की सीमाएं पूरी तरह से सील, पास बनने पर भी लगी रोक
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लॉकडाउन का पालन कराने को लेकर पुलिस ने सख्ती बढ़ा दी है। जिले की सीमाओं को पूरी तरह से सील कर दिया गया है। सिर्फ आवश्यक सेवा वाले वाहनों को ही एंट्री मिलेगी। शहर में किसी को प्रवेश नहीं मिलेगा। उधर, सोमवार को शहर में लॉकडाउन का उल्लंघन करने वालों को पुलिस ने सड़क पर ही बैठाकर उनकी गलती का एहसास कराया।
जानकारी के मुताबिक, लॉकडाउन को लेकर पुलिस ने सोमवार से सख्ती बढ़ा दी है। लोगों तक जरूरी सामान तो पहुंचाया ही जा रहा है, अब सख्ती भी होगी कि किसी भी सूरत में वे घरों से न निकलें। प्रशासन ने सोमवार से पास जारी करना भी बंद कर दिया। अब दो ही सूरत में पास मिलेंगे। एक उन्हें, जिनके घर शोक हो या फिर कोई मरीज गंभीर हो। सीमाओं पर पहरा भी बढ़ा दिया गया है।
डीआईजी राजेश डी मोडक ने बताया कि जनपदों की सीमाओं को पूरी तरह सील कर दिया गया है। अब कोई भी शहर में प्रवेश नहीं कर पाएगा। जो भी बाहर से आ रहा है, उसे सीमा पर ही स्कूल वगैरह में ठहराने का इंतजाम किया गया है। शहर में भी लॉकडान का पूरा पालन कराया गया है।
सोमवार की सुबह टीपी नगर में बेवजह घूम रहे लोगों को सड़क पर ही पुलिस ने बैठाकर उन्हें याद दिलाया कि घरों में रहना कितना जरूरी है। पुलिस अब डंडा चलाने की जगह बेवजह घूमने वालों को इस तरह से दंडित कर रही है। केस दर्ज करने के साथ ही चौराहे पर इन्हें बैठाया जा रहा है, ताकि इनके अंदर शर्म आए और दोबारा ऐसी हरकत न करें।
जरूरी स्वास्थ्य सेवाओं, गमी में ही आवाजाही की अनुमति देगा प्रशासन
अब घर के किसी सदस्य के गंभीर रूप से बीमार होने या फिर गमी जैसी आपात स्थिति में ही कोई जिले से बाहर निकल पाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सख्ती के बाद डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने कलेक्ट्रेट स्थित एडीएम फाइनेंस दफ्तर से बन रहे पास पर रोक लगा दी।
प्रशासन के मुताबिक जिले के भीतर किराना, दवा, दूध और मोहल्लों में सब्जी पहुंचाने वाले ठेला, ई-रिक्शा व पिकअप चालक समेत करीब चार हजार लोगों को पास जारी किए गए हैं। इनमें 25 से 30 लोग ऐसे हैं जिन्होंने बाहर रहकर पढ़ाई या प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे अपने बच्चों या फिर घर के बीमार सदस्यों को लाने के लिए पास बनवाया था।
सोमवार को डीएम खुद एडीएम कार्यालय पहुंचे और पास स्वीकृत कराने के लिए लाइन में लगे 50 से अधिक लोगों केे कलेक्ट्रेट केे बाहर भगाया। उन्होंने पास स्वीकृत करने पर रोक लगा दी। सिर्फ इमरजेंसी सेवाओं या फिर उन इलाकों जहां किराना, दूध या दवा आदि जरूरी सामानों के होम डिलीवरी की व्यवस्था नहीं हो पाई है, को विशेष अनुमति पत्र दिया जाएगा।
पास का दुरुपयोग करते पकड़ गए तो होगी कार्रवाई: एडीएम
एडीएम फाइनेंस राजेश सिंह ने बताया कि अब किसी को भी पास नहीं जारी होगा। जितने लोगों को भी पास जारी किए गए हैं, अगर वे उसका दुरुपयोग करते पकड़े गए तो सख्त कार्रवाई होगी।
सेवाएं न दें तो पंजीकरण निरस्त करें: डीएम
डीएम ने सोमवार को कलेक्ट्रेट स्थित ई-डिस्ट्रिक्ट में बने कंट्रोल रूम का भी निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शिकायतों की संख्या और उनके निस्तारण की जानकारी ली। डीएम ने चेताया कि किराना, दूध, सब्जी, दवा आदि जरूरी सेवाओं के लिए जितने लोगों के भी नाम जारी किए गए हैं और उन्हें पास आदि की सुविधा दी गई है। वे अगर जनता को संबंधित सेवाएं नहीं उपलब्ध कराते हैं तो पास आदि की सुविधा छीनने के साथ ही उनकेे दुकान, प्रतिष्ठान का पंजीकरण निरस्त कर दिया जाए।