फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Padma Shri Dr. KK Mohammad said Muslims should hand over site of Mathura and Gyanvapi mosque as a gift in Gora

Gorakhpur: पद्मश्री डॉ. केके मोहम्मद बोले- मथुरा और ज्ञानवापी मस्जिद के स्थान को उपहार की तरह सौंप दें मुसलमान

Fri, 27 Sep 2024 03:25 PM IST
Digvijay Singh संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर Published by: Digvijay Singh Updated Fri, 27 Sep 2024 03:25 PM IST
सार

पद्मश्री डॉ. केके मोहम्मद बृहस्पतिवार को गोरखपुर विश्वविद्यालय और भारतीय इतिहास अनुसंधान परिषद, नई दिल्ली की ओर से आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी के दूसरे दिन संवाद भवन में विशिष्ट व्याख्यान सत्र को संबोधित कर रहे थे।

विज्ञापन
Padma Shri Dr. KK Mohammad said Muslims should hand over site of Mathura and Gyanvapi mosque as a gift in Gora
फाइल फोटो - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

इंडियन काउंसिल ऑफ हिस्टोरिकल रिसर्च (आइसीएचआर) के सदस्य और पद्मश्री डॉ. केके मोहम्मद ने कहा कि जो भी ऐतिहासिक विकास गुजरी हुई सदियों में हुआ, मुसलमानों को उससे सबक लेकर मथुरा और ज्ञानवापी मस्जिद के स्थान को खुद ही हिंदुओं को उपहार की तरह सौंप देना चाहिए। उनकी जो पवित्र इमारत है, उसे कहीं अन्य उपयुक्त स्थल पर स्थानांतरित करने के लिए मुसलमानों को आगे आना चाहिए। इससे सरकार एवं सर्व समाज से भी सहयोग मिल सकेगा। इस स्थानांतरण की प्रक्रिया में पवित्रता एवं सम्मान का पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए।

विज्ञापन


पद्मश्री डॉ. केके मोहम्मद बृहस्पतिवार को गोरखपुर विश्वविद्यालय और भारतीय इतिहास अनुसंधान परिषद, नई दिल्ली की ओर से आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी के दूसरे दिन संवाद भवन में विशिष्ट व्याख्यान सत्र को संबोधित कर रहे थे। डॉ. मोहम्मद ने कहा कि अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय एवं जेएनयू के मार्क्सवादी इतिहासकारों ने अयोध्या साइट से उत्खनन में प्राप्त अध्ययन सामग्री को लेकर मिथ्या प्रचार किया। वे न तो पुरातत्वविद् हैं और न ही वह पुरातत्व सामग्री के वैज्ञानिक विश्लेषण को समझने में समर्थ हैं। 
विज्ञापन


अयोध्या से उत्खनन में मिली मूर्तियां व स्तंभ वहां किसी हिंदू धार्मिक स्थल के मौजूद होने के पुख्ता प्रमाण दे रहे थे, जिन्हें छिपाया गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि अयोध्या से प्राप्त स्तंभ पर पूर्ण कलश अंकित है, जो कि हिन्दू धर्म में समृद्धि एवं वैभव का प्रतीक है। उन्होंने यह भी कहा कि इस्लाम में मूर्ति पूजा निषेध है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि अयोध्या से प्राप्त कई हिन्दू देवी-देवताओं की मूर्तियां इस्लाम से कैसे संबंधित हो सकती हैं? उन्होंने अलीगढ़ के इतिहासकारों के प्रपंच एवं झूठ को वैज्ञानिक तथ्यों के आधार पर उजागर किया।
विज्ञापन
विज्ञापन


'आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया की वर्तमान हालात ठीक नहीं'
डॉ. मोहम्मद ने कहा कि ऑर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया (एएसआई) की वर्तमान हालत ठीक नहीं है। सरकार को इस पर विशेष ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि उत्खनन में प्राप्त पुरातात्विक अवशेषों की रेप्लीका की मार्केटिंग, ब्रांडिंग और पैकेजिंग की भी जरूरत है, जिससे पुरातत्व अवशेषों को विशेष महत्व मिल सके और भारतीय सभ्यता-संस्कृति को व्यापक पैमाने पर रेखांकित किया जा सके।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed