60 दिन का हिसाब एक दिन में बराबर: दो माह सावन की लंबी पूजा से पहले छककर पेटपूजा, 2 करोड़ का नॉनवेज खा गए शौकीन
सोमवार को शहर में करीब दो करोड़ रुपये का नानवेज खप गया। यानि दो महीने का हिसाब सावन से पहले एक ही दिन में पूरा करने में कोई कसर छोड़ी नहीं गई। सावन के पवित्र माह की शुरूआत मंगलवार से हो गई है। इस दौरान लोग मीट-मछली खाने से परहेज करते हैं।
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सावन मंगलवार से शुरू हो गया है और अधिकतर लोग भक्तिमय हो गए। मगर तमाम लोगों में फिक्र मंदिर, पूजन और व्रत से ज्यादा भोजन की दिखाई दी। सुबह से शाम तक नॉनवेज के शौकीनों की चिंता शाम की दावत के इंतजाम की थी। नॉनवेज के प्रमुख काउंटर पर शौकीनों के बीच चर्चाएं थीं- भइया कल से सावन लग रहे हैं...आज जमकर खा लें, फिर दो महीने की छुट्टी है...। इस बाजार के जानकारों के मुताबिक, सोमवार को शहर में करीब दो करोड़ रुपये का नानवेज खप गया। यानि दो महीने का हिसाब सावन से पहले एक ही दिन में पूरा करने में कोई कसर छोड़ी नहीं गई।
सावन के पवित्र माह की शुरूआत मंगलवार से चुकी है। इस दौरान लोग मीट-मछली खाने से परहेज करते हैं। लोग पनीर और मशरूम सहित अन्य व्यंजन खाते हैं। इसलिए सोमवार को लोग मीट, मुर्गा और मछली की खरीदारी के लिए उमड़ पड़े। मोहद्दीपुर के कारोबारी शमशाद ने बताया कि शहर की दुकानों पर दो करोड़ रुपये से ज्यादा की बिक्री महज एक दिन में हो गई है।
होटल रॉयल दरबार में खाना खा रहे उद्यमी प्रकाश ने बताया कि सावन में नॉनवेज प्रतिबंधित रहता है। इसलिए सावन के पहले आषाढ़ के अंतिम दिन नानवेज खाने वाले लोग जुट हैं।
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पैकिंग पर दिया ज्यादा जोर, लगी रही लाइन
अब होटलों में पनीर पर रहेगा फोकस
रेलवे स्टेशन रोड के मिर्च मसाला रेस्टोरेंट संचालक भोला ने बताया कि सावन में मीट, मछली और मुर्गा लोग नहीं खाते है। इस समय पनीर और मशरूम की डिमांड ज्यादा रहती है। अधिकांश लोग पनीर चिली, पनीर बटर, कढ़ाही पनीर सहित अन्य तरह के व्यंजन की मांग करते हैं। इस दौरान आम दिनों की अपेक्षा चार गुना पनीर की बिक्री बढ़ जाती है। होटलों के अलावा लोग घरों में भी पनीर खाना पसंद करते हैं।