UP: शैक्षणिक भ्रमण के नाम पर छात्रा को नेपाल भी ले गए थे रंगीन मिजाज प्रोफेसर, आंतरिक कमेटी कर रही जांच
राष्ट्रीय महिला आयोग की सदस्य ने आंतरिक कमेटी के साथ बैठक के बाद परिसर भ्रमण का निर्णय लिया। इसके बाद टीम को संबंधित विभाग ले जाया गया। वहां टीम ने सभी शिक्षक व कर्मचारियों से मुलाकात की।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गोरखपुर विश्वविद्यालय के रंगीन-मिजाज प्रोफेसर को लेकर नित नई-नई चर्चाएं जांच कमेटी के सामने आ रही हैं। परिसर में हो रही चर्चा के मुताबिक, जिस छात्रा को लेकर बवाल मचा है, उसे प्रोफेसर साहब शैक्षणिक भ्रमण के नाम पर नेपाल की पर्यटन स्थली पोखरा भी ले गए थे। प्रोफेसर साहब और छात्रा तीन दिन नेपाल में रहे। अंदरखाने हो रही इन चर्चाओं को लेकर विश्वविद्यालय की आंतरिक कमेटी ने जांच भी शुरू कर दी है।
गोरखपुर विश्वविद्यालय के रंगीन-मिजाज प्रोफेसर का अश्लील वीडियो व ऑडियो समेत अन्य साक्ष्य भेजकर राष्ट्रीय महिला आयोग में शिकायत की गई है। शिकायत पर राष्ट्रीय महिला आयोग ने विश्वविद्यालय की आंतरिक कमेटी को जांच की जिम्मेदारी सौंपी थी। इसी बीच बीते मंगलवार को राष्ट्रीय महिला आयोग की सदस्य डेलिना खोंगडुप ने प्रोजेक्ट क्वार्डिनेटर सर्वेश पांडेय के साथ गोरखपुर पहुंचकर गोरखपुर विश्वविद्यालय के कमेटी हॉल में आंतरिक कमेटी के साथ बैठक की। बैठक के दौरान आयोग ने आंतरिक कमेटी को 30 दिन में प्रारंभिक जांच व 90 दिन में विस्तृत रिपोर्ट देने का निर्देश दिया है।
इधर, विवि परिसर में प्रोफेसर के शैक्षणिक भ्रमण की चर्चा भी हो रही है। अंदरखाने चर्चा है कि प्रोफेसर शैक्षणिक भ्रमण के नाम पर छात्रा को लेकर नेपाल के पोखरा भी जा चुके हैं। वह तीन दिन एक होटल में ठहरे थे। इस बिंदु पर भी जांच कर रही आंतरिक कमेटी यह जानने की कोशिश करेगी कि शैक्षणिक भ्रमण छात्र-छात्राओं के समूह के साथ होता है तो किसी एक छात्रा को लेकर जाना कितना उचित है।
इसे भी पढ़ें: मेडिकल कॉलेज के वार्ड-14 में लगी आग, हड़कंप के दौरान आईसीयू में भर्ती मरीज की मौत
विश्वविद्यालय से परास्नातक की है छात्रा
छात्रा को जिस साल प्रोफेसर शैक्षणिक भ्रमण पर लेकर नेपाल गए थे, वह उस वर्ष गोरखपुर विश्वविद्यालय के परास्नातक की छात्रा थी। एमए के बाद वह प्रोफेसर ही दूसरे विश्वविद्यालय से संबंद्ध एक कॉलेज से बीएड करवा रहे हैं। जबकि अब वह उसे अपने पास निजी कर्मचारी के तौर पर रखे हुए हैं।
इसे भी पढ़ें: बीआरडी में लगी आग: कोई मरीज को गोद में उठाकर भागा तो कोई व्हीलचेयर पर लेकर दौड़ा, शीशों को तोड़कर बचाई जान
आंतरिक कमेटी ने दर्ज किया छात्रा का बयान
इसे भी पढ़ें: अयान की मौत से खौफ: खेल-खेल में कार में बंद हो गया था मासूम, अब पड़ोसी बच्चों से कह रहे; कार में कोई खेल नहीं
आयोग की टीम ने प्रोफेसर से भी की पूछताछ
राष्ट्रीय महिला आयोग की सदस्य ने आंतरिक कमेटी के साथ बैठक के बाद परिसर भ्रमण का निर्णय लिया। इसके बाद टीम को संबंधित विभाग ले जाया गया। वहां टीम ने सभी शिक्षक व कर्मचारियों से मुलाकात की। विभाग में महिलाओं से जुड़ी सुविधाओं की जानकारी ली। इस दौरान टीम ने संबंधित प्रोफेसर से भी मुलाकात कर पूछताछ की।