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गोरखपुर: एम्स में एक माह में 100 से अधिक मरीज हुए भर्ती, 22 मरीजों का सफल ऑपरेशन
Sun, 18 Jul 2021 05:08 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Sun, 18 Jul 2021 05:08 PM IST
सार
आईपीडी में हुआ 22 मरीजों का सफल ऑपरेशन, जनरल सर्जरी में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही
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AIIMS Gorakhpur
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में बीते एक महीने में 100 से ज्यादा मरीज भर्ती किए जा चुके हैं। इनमें 22 मरीजों का सफल ऑपरेशन भी हुआ है। इनमें जनरल सर्जरी के 18, एक ईएनटी और दो गायनी के ऑपरेशन शामिल हैं। बताया जा रहा है कि जनरल सर्जरी के दो मरीजों के तलवों में घाव बन गया था। काफी समय से घाव ठीक न होने के बाद मरीजों ने एम्स की सर्जरी ओपीडी में डॉक्टर को दिखाया था। इसके बाद उनका ऑपरेशन कर उन्हें डिस्चार्ज किया गया है।
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जानकारी के मुताबिक 14 जून को एम्स की कार्यकारी निदेशक डॉ. सुरेखा किशोर ने आईपीडी (इंडोर पेशेंट डिपार्टमेंट) की शुरुआत की थी। शुरुआती चरण में केवल 15 विभाग की सर्जरी की जा रही थी। इस बीच तीन और विभागों की सर्जरी शुरू करने का फैसला लिया गया। एम्स में आईपीडी के बाद से भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है।
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यही वजह है कि महज एक माह के अंदर 100 से ज्यादा मरीज भर्ती हो चुके हैं। इसमें 69 मरीजों को रेफर किया जा चुका है। जबकि 30 मरीजों का इलाज अभी जारी है। एम्स के मीडिया प्रभारी डॉ. शंशाक ने बताया कि मरीजों की सहूलियत के लिए ओपीडी की भी संख्या बढ़ाई गई है।
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इन विभागों में भर्ती हुए मरीज
आईपीडी पूरी तरह संचालित होने के साथ ही पूर्वांचल और आसपास के जिलों के मरीजों के भर्ती और इलाज में काफी आसानी हो जाएगी। आईपीडी शुरू करने के बाद से मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। एम्स बेहतर इलाज के लिए प्रयासरत है।
त्वचा, नाक कान व गला, सामान्य मेडिसिन, सामान्य सर्जरी, स्त्री एवं प्रसूति रोग, नेत्र रोग, हड्डी रोग, बाल रोग, सांस रोग और रेडियोथेरेपी विभाग में मरीज भर्ती हुए हैं। इनमें सबसे अधिक मरीज जनरल सर्जरी में 52, मेडिसिन में 19, पीडियाट्रिक में पांच, रेडियोथेरेपी में पांच, ईएनटी और चर्म रोग में चार-चार मरीज, हड्डी रोग विभाग में दो मरीज भर्ती हो चुके हैं। इसके अलावा ब्रेस्ट क्लीनिक, दंत रोग, फैमिली मेडिसिन, फ्लू क्लीनिक, होम्योपैथी, फिजिकल मेडिसिन एंड रीहैबिलिटेशन विभाग में भी मरीजों को भर्ती करने की सुविधा शुरू कर दी गई है।
त्वचा, नाक कान व गला, सामान्य मेडिसिन, सामान्य सर्जरी, स्त्री एवं प्रसूति रोग, नेत्र रोग, हड्डी रोग, बाल रोग, सांस रोग और रेडियोथेरेपी विभाग में मरीज भर्ती हुए हैं। इनमें सबसे अधिक मरीज जनरल सर्जरी में 52, मेडिसिन में 19, पीडियाट्रिक में पांच, रेडियोथेरेपी में पांच, ईएनटी और चर्म रोग में चार-चार मरीज, हड्डी रोग विभाग में दो मरीज भर्ती हो चुके हैं। इसके अलावा ब्रेस्ट क्लीनिक, दंत रोग, फैमिली मेडिसिन, फ्लू क्लीनिक, होम्योपैथी, फिजिकल मेडिसिन एंड रीहैबिलिटेशन विभाग में भी मरीजों को भर्ती करने की सुविधा शुरू कर दी गई है।