एमएमएमयूटी: पढ़ाई के दौरान ब्रेक लेकर विद्यार्थी शुरू कर सकेंगे स्टार्टअप, दो साल तक मिलेगा मौका
- एमएमएमयूटी दो साल तक देगा मौका, डिग्री में नहीं दर्ज होगी गैप की अवधि
- बीटेक विद्यार्थियों के स्किल को बढ़ावा देने के लिए बनी योजना
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मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमएमएमयूटी) के बीटेक के विद्यार्थी अब कोर्स के बीच में ही स्टार्टअप शुरू कर सकेंगे। इसके लिए विद्यार्थी बीटेक सेकेंड ईयर या थर्ड ईयर के बाद कोर्स में दो साल का ब्रेक ले सकेंगे। खास बात यह है कि यह ब्रेक उनकी डिग्री में दर्ज नहीं होगा बल्कि स्टार्टअप का क्रेडिट अंक उन्हें अलग से दिया जाएगा।
विश्वविद्यालय ने स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए अपनी यह योजना विद्यार्थी और बाजार केंद्रित यह बनाई है। दरअसल, तकनीकी शिक्षा के बहुत से विद्यार्थियों की रूचि कोर्स शुरू करने के साथ ही स्टार्टअप पर होता है। लेकिन उसे डिग्री पूरी होने का इंतजार करना पड़ता है।
नई व्यवस्था के तहत विद्यार्थियों को अब अपनी इच्छा को दबाना नहीं पड़ेगा। वह बीच कोर्स में स्टार्टअप शुरू करने के लिए एक से दो वर्ष तक की छुट्टी ले सकेंगे। गैप के बाद जब वह लौटकर कोर्स पूरा करने आएंगे तो विश्वविद्यालय उन्हें उसे पूरा करने की सहूलियत देगा। विद्यार्थी को दो वर्ष के गैप के बाद ही चार वर्ष की ही डिग्री मिलेगी।
उसकी डिग्री में दो साल के गैप का कहीं जिक्र नहीं होगा। विश्वविद्यालय उसकी स्टार्टअप योजना को इंडस्ट्रीयल अनुभव मान लेगा। उस अनुभव के बदले में क्रेडिट अंक के तौर पर रिवार्ड प्वाइंट भी देगा। ऐसे विद्यार्थी अगर सफल होते हैं तो वे कई युवाओं को रोजगार देने लायक बन सकेंगे।
अगले सत्र से ही होगा योजना का कार्यान्वयन
विश्वविद्यालय अपनी इस योजना को अगले सत्र से ही शुरू करने जा रहा है। इच्छुक विद्यार्थियों को इसके लिए आवेदन करना होगा और अपनी योजना को लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन और अपने विभाग के सामने प्रेजेंटेशन देना होगा। संतुष्ट होने पर अनुमति दी जाएगी।
एमएमएमयूटी के कुलपति प्रो. जेपी पांडेय ने कहा कि विद्यार्थियों के मन में स्टार्टअप शुरू करने को लेकर उठने वाली इच्छा दबने न पाए इसकी पूरी कोशिश की जा रही है। कोर्स के बीच में बिना किसी नुकसान के स्टार्टअप शुरू करने की सहूलियत देने के पीछे विश्वविद्यालय का यही उद्देश्य है।