{"_id":"662af07165034142a10a8e84","slug":"mafia-sudhir-singh-came-out-of-jail-before-elections-seized-house-also-released-gorakhpur-news-c-7-1-gkp1006-538503-2024-04-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: चुनाव से पहले जेल से बाहर आया माफिया सुधीर सिंह... जब्त मकान भी रिलीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: चुनाव से पहले जेल से बाहर आया माफिया सुधीर सिंह... जब्त मकान भी रिलीज
विज्ञापन
विज्ञापन
आजमगढ़ जेल में बंद सुधीर की हुई जमानत, गाड़ियां भी छूटीं
यूपी के 61 माफिया की सूची में शामिल है नाम
अनुराग पांडेय
गोरखपुर। आजमगढ़ जेल में बंद प्रदेश के 61 और जिले के टॉप टेन माफिया सूची में शामिल सुधीर सिंह जमानत पर बाहर आ गया है। अप्रैल 2023 में वारंट जारी होने के बाद नाटकीय तरीके से महाराजगंज कोर्ट में हाजिर होकर वह जेल चला गया था। इसके बाद उसे गोरखपुर फिर आजमगढ़ जेल भेजा गया था। चुनाव से पहले उसके एकाएक बाहर आने से सियासी गलियारों में चर्चाएं छिड़ी हैं। पुलिस और प्रशासन की चिंता बढ़ी है।
माफिया के बाहर आने के बाद शाहपुर एल्मुनियम फैक्टरी स्थित प्रशासन की ओर से जब्त किए गए उसके मकान को भी रिलीज (मुक्त) कर दिया गया है। साथ ही गीडा थाने में सुधीर सिंह और उसके भाई के नाम से जब्त दो लक्जरी कारें भी हाईकोर्ट के आदेश पर छोड़ दी गई हैं।
विज्ञापन
जानकारी के मुताबिक, पिपरौली के पूर्व ब्लॉक प्रमुख व माफिया सुधीर सिंह के खिलाफ शाहपुर थाने में 2004 में दर्ज लूट के केस में चार अप्रैल को वारंट जारी हुआ। वारंट जारी होने के बाद पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी। इसी बीच माफिया ने दल-बल के साथ गाड़ियों का काफिला लेकर 25 मई 2023 को महराजगंज के सीजेएम कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया। इसके बाद गोरखपुर में केस चलने की वजह से उसे जिले की कारागार में भेजा गया।
विज्ञापन
इसलिए भेजा गया था आजमगढ़
सूत्रों की मानें तो चुनाव से पहले गोरखपुर की जेल में बंद सुधीर सिंह का किसी सरकारी कर्मचारी के मोबाइल फोन से बात करने का मामला चर्चा में आया था। एक सरकारी कर्मचारी के मोबाइल से वह जेल से ही कई जगहों पर फोन लगाकर बात कर रहा था। ऐसी चर्चा के बाद आनन-फानन में जेल प्रशासन ने उसे आजमगढ़ जेल भेज दिया था।
सुधीर सिंह पर दर्ज हैं 38 केस
माफिया सुधीर सिंह पर कुल 38 केस दर्ज हैं। उस पर हत्या, लूट, मारपीट, बलवा के कई मामले दर्ज हैं। सुधीर सिंह बसपा के टिकट पर सहजनवां से विधानसभा चुनाव भी लड़ चुका है। उसपर रंगदारी, गैंग बनाकर जमीनों को कब्जा करने का आरोप है। साथ ही हत्या और हत्या के प्रयास के भी केस दर्ज हैं। लखनऊ के विकासनगर में भी सुधीर सिंह पर 80/05, 384, 302, 307,120 बी भादवि में केस दर्ज हैं।
जेल में है माफिया राकेश यादव, बाहर अजीत शाही
माफिया के खिलाफ अभियान चलने के दौरान सबसे पहले अजीत शाही ने गोरखपुर कोर्ट में सरेंडर किया था। इसके बाद सुधीर सिंह महाराजगंज कोर्ट में हाजिर होकर जेल गया। इसके बाद राकेश यादव गोरखपुर कोर्ट में हाजिर हुआ। इसी क्रम में अब सबसे पहले अजीत शाही फिर सुधीर सिंह की जमानत हुई है।
वर्जन-
चुनाव में कोई अराजकता ना फैला पाए, इसके लिए सभी बदमाशों की निगरानी चल रही है। जो पहले चुनाव में अराजकता फैला चुके हैं, उन्हें चिह्नित कर पाबंद किया जा रहा है। कोई भी अराजकता फैलाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा।
-डॉ. गौरव ग्रोवर, एसएसपी