{"_id":"5f7e900b1b203d363c22e5bf","slug":"kushinagar-soldier-rameshwar-gupta-died-posted-on-china-border-news-update","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"चीन बॉर्डर पर तैनात जवान की मौत से मचा कोहराम, घर में चल रही थी बेटी की शादी की तैयारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चीन बॉर्डर पर तैनात जवान की मौत से मचा कोहराम, घर में चल रही थी बेटी की शादी की तैयारी
Thu, 08 Oct 2020 11:41 AM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी, बेलवा कारखाना (कुशीनगर)।
संवाद न्यूज एजेंसी, बेलवा कारखाना (कुशीनगर)।
Published by: vivek shukla
Updated Thu, 08 Oct 2020 11:41 AM IST
सार
- असम प्रांत के तिनसुकिया में बीआरओ में गनमैन के रूप में तैनात थे बदुरांव के रामेश्वर गुप्ता
- मंगलवार की सुबह बॉर्डर पर हुई घटना, गुरुवार रात तक गांव आएगा पार्थिव शरीर
विज्ञापन
रोते- बिलखते परिजन।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के पटहेरवा थाना क्षेत्र के बदुरांव गांव निवासी व बीआरओ (सीमा सड़क संगठन) में बतौर गनमैन तैनात रामेश्वर गुप्ता की भारत-चीन बॉर्डर पर ड्यूटी के दौरान मौत की खबर मिली है। इससे परिवार सहित पूरे गांव में कोहराम मचा हुआ है। परिजनों के अनुसार, गुरुवार की रात तक पार्थिव शरीर घर आने की सूचना मिली है।
विज्ञापन
बदुराव गांव निवासी रामेश्वर गुप्ता (45) सेना से जुड़े सीमा सड़क संगठन के जनरल रिजर्व इंजीनियरिंग फोर्स में गनमैन थे। उनकी ड्यूटी तिनसुकिया में थी। फिलहाल वह भारत-चीन के करौली बॉर्डर पर तैनात थे। मंगलवार की सुबह उनकी ड्यूटी के दौरान मौत की खबर घरवालों को मिली तो कोहराम मच गया।
विज्ञापन
स्व. सिंगासन गुप्ता के तीन पुत्रों और दो पुत्रियों में रामेश्वर गुप्ता सबसे छोटे थे। वह अपने पीछे बूढ़ी मां, पत्नी, दो बेटे और दो बेटियों को छोड़ गए हैं। परिजनों ने बताया कि रामेश्वर वर्ष 1995 में बीआरओ में नियुक्त हुए थे। इस वर्ष 27 जनवरी को वह छुट्टी पर घर आए थे और 19 मार्च को ड्यूटी पर वापस जाना था लेकिन लॉकडाउन की वजह से तीन माह की छुट्टी ले ली थी।
विज्ञापन
बीते 23 जून को रामेश्वर ड्यूटी पर चले गए। छुट्टी में गांव रहने के दौरान उन्होंने अपनी बड़ी बेटी के लिए शादी का रिश्ता भी तय कर दिया था। अगले साल 30 अप्रैल बेटी की शादी होनी है। ऐसे में घर में शादी की तैयारी चल रही थी। रामेश्वर परिवार के लोगों से कहकर गए थे कि अब शादी के एक माह पहले छुट्टी लेकर घर आएंगे।
रामेश्वर की पत्नी मीना देवी, माता मौलेश्वरी देवी, दो पुत्रियां पिंकी और रिंकी तथा दो पुत्रों अजीत और लोकेश का रो-रो कर बुरा हाल है। डीएम भूपेंद्र एस चौधरी ने बताया कि सैनिक का शव गांव आने पर पूरे सम्मान के साथ अंतिम संस्कार कराया जाएगा। इसके लिए अफसरों व पुलिस कर्मियों की ड्यूटी लगाई जाएगी।
रामेश्वर की पत्नी मीना देवी, माता मौलेश्वरी देवी, दो पुत्रियां पिंकी और रिंकी तथा दो पुत्रों अजीत और लोकेश का रो-रो कर बुरा हाल है। डीएम भूपेंद्र एस चौधरी ने बताया कि सैनिक का शव गांव आने पर पूरे सम्मान के साथ अंतिम संस्कार कराया जाएगा। इसके लिए अफसरों व पुलिस कर्मियों की ड्यूटी लगाई जाएगी।