{"_id":"64bed26d103d44e7e10387d4","slug":"kisan-agitation-memorendom-gorakhpur-news-c-7-gkp1017-250929-2023-07-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: पिपरौली<bha>--<\/bha> किसानों ने ज्ञापन सौंपा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: पिपरौली<bha>--</bha> किसानों ने ज्ञापन सौंपा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिपरौली। गीडा कॉरिडोर के लिए अधिग्रहित की जाने वाली किसानों की जमीन मामले में मल्हीपुर और खरैला के प्रधानों के नेतृत्व में हरैंया कानूनगो, खरैला, कालेसर, मल्हीपुर, उसका गांव के किसानों ने सोमवार को गीडा के सीईओ को ज्ञापन सौंपा।
मल्हीपुर के प्रधान उमेश पांडेय एवं खरैला के प्रधान चंदन सिंह ने ज्ञापन में कहा कि गीडा प्रशासन द्वारा जो भूमि अधिग्रहित की जा रही है वहां पर किसानों की बोई फसल नष्ट न की जाए। साथ ही जिन लोगों ने वहां मकान बनवा लिए हैं उसे भी न हटाया न जाए। मुआवजे की रकम वर्तमान सर्किल रेट के तहत दी जाए।
इस संबंध में गीडा सीईओ पवन अग्रवाल ने किसानों से कहा कि फसल को नष्ट नहीं किया जाएगा। जिन लोगों ने मकान बनवा लिए हैं उसे भी नहीं तोड़ा जाएगा। सर्किल रेट के संबंध में किसान डीएम के यहां केस करें, बाकी हम अपने स्तर से किसानों के पक्ष में अनुमोदन कर देंगे।
विज्ञापन
ज्ञापन देने वालों में दूधनाथ सिंह, कमलेश सिंह, रामसागर सिंह, राजमणि सिंह, भानु प्रताप, सियाराम, ओमप्रकाश, उदय प्रताप, चंदन, राम नगीना, जयराम, दुर्गेश आदि रहे। संवाद
विज्ञापन
मल्हीपुर के प्रधान उमेश पांडेय एवं खरैला के प्रधान चंदन सिंह ने ज्ञापन में कहा कि गीडा प्रशासन द्वारा जो भूमि अधिग्रहित की जा रही है वहां पर किसानों की बोई फसल नष्ट न की जाए। साथ ही जिन लोगों ने वहां मकान बनवा लिए हैं उसे भी न हटाया न जाए। मुआवजे की रकम वर्तमान सर्किल रेट के तहत दी जाए।
विज्ञापन
इस संबंध में गीडा सीईओ पवन अग्रवाल ने किसानों से कहा कि फसल को नष्ट नहीं किया जाएगा। जिन लोगों ने मकान बनवा लिए हैं उसे भी नहीं तोड़ा जाएगा। सर्किल रेट के संबंध में किसान डीएम के यहां केस करें, बाकी हम अपने स्तर से किसानों के पक्ष में अनुमोदन कर देंगे।
विज्ञापन
ज्ञापन देने वालों में दूधनाथ सिंह, कमलेश सिंह, रामसागर सिंह, राजमणि सिंह, भानु प्रताप, सियाराम, ओमप्रकाश, उदय प्रताप, चंदन, राम नगीना, जयराम, दुर्गेश आदि रहे। संवाद