{"_id":"5ef1de8c8ebc3e42cc661a60","slug":"jawaharlal-nehru-lodged-in-gorakhpur-jail-on-his-birthday-1940","type":"story","status":"publish","title_hn":"इस एक वजह से अपने जन्मदिन पर गोरखपुर जेल में बंद थे पं. जवाहरलाल नेहरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इस एक वजह से अपने जन्मदिन पर गोरखपुर जेल में बंद थे पं. जवाहरलाल नेहरू
Tue, 23 Jun 2020 04:21 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 23 Jun 2020 04:21 PM IST
विज्ञापन
jawaharlal nehru
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जवाहर लाल नेहरू सन 1940 में अपने जन्मदिन यानी 14 नवंबर को गोरखपुर जेल में बंद थे। ऐसे इसलिए क्योंकि उसी साल यानि 1940 में ही छह व सात अक्तूबर को तीन स्थानों पर किसानों व आम जनता को संबोधित किया था। उन्होंने महात्मा गांधी के नेतृत्व में भारत की आजादी के लिए उठ खड़े होने का आह्वान किया था।
विज्ञापन
गोरखपुर के लालडिग्गी पार्क में थी सभा
लालडिग्गी पार्क सहित तीन स्थानों पर लोगों को संबोधित किया। पं. नेहरू सात नवंबर 1940 से सत्याग्रह प्रारंभ करने वाले थे और उसी के व्यापक जनजागरण के सिलसिले में दौरा कर रहे थे।
विज्ञापन
17 दिनों तक रहे जेल में
उन्हें 31 अक्टूबर 1940 से 16 नवंबर 1940 तक गोरखपुर जेल में रखा गया था। तीन नवंबर को ईडी मॉस ने गोरखपुर जेल में पं. नेहरू का ट्रायल किया और चार साल सश्रम कारावास की सजा हुई। 17 दिन गोरखपुर जेल में रखने के बाद उन्हें देहरादून जेल स्थानांतरित कर दिया गया था।
विज्ञापन
किसानों, मजदूरों, युवाओं, महिलाओं, वंचितों, दलितों, पिछड़ों, अल्पसंख्यकों, गरीबों और समाज के प्रत्येक वर्ग के लिए पंडित नेहरू ने अपनी दूरदृष्टि से एक महान कल्याणकारी मसीहा की भूमिका निभाई।