फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Invention Resident of UP Basti made a car looking like a Formula One racing car from waste Hindi news

जुगाड़ का कमाल: कबाड़ से बना डाली 'फॉर्मूला-वन रेसिंग कार', आनंद महिंद्रा ने भी की शिव के श्रम 'पूजन' की सराहना

Mon, 02 May 2022 04:07 PM IST
आकाश दुबे संवाद न्यूज एजेंसी, नगर बाजार( बस्ती) 
संवाद न्यूज एजेंसी, नगर बाजार( बस्ती)  Published by: आकाश दुबे Updated Mon, 02 May 2022 04:07 PM IST
सार

बस्ती की हर्रैया तहसील क्षेत्र के गांव रौताईनपुर निवासी शिवपूजन ने जुगाड़ से बना दी फॉर्मूला वन जैसी गाड़ी। जिसको लेकर उद्योगपति आनंद महिंद्रा ने भी शिवपूजन की सराहना की है। शिवपूजन ने बताया कि तीन पहिया वाहन बनाने में उन्हें बहुत की कम समय लगा। 

विज्ञापन
Invention Resident of UP Basti made a car looking like a Formula One racing car from waste Hindi news
जुगाड़ से बनाई गई फॉर्मूला-वन रेसिंग कार जैसी दिखने वाली गाड़ी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आवश्यकता आविष्कार की जननी है। इसे सच साबित करके दिखाया है बस्ती में हर्रैया तहसील क्षेत्र के शिवपूजन ने। उन्होंने कबाड़ से फॉर्मूला वन रेसिंग कार की तरह दिखने वाली गाड़ी बनाई है, जिससे वह रोज ग्रामीण क्षेत्र से दूध इकट्ठा कर शहर पहुंचाते हैं। शिवपूजन की इस कला और मेहनत को प्रख्यात उद्योगपति आनंद महिंद्रा ने भी सराहा है। जिससे शिवपूजन भी फूले नहीं समां रहे हैं।

विज्ञापन


हर्रैया तहसील क्षेत्र के गांव रौताईनपुर (परिवारपुर) निवासी शिवपूजन ने बताया की वह इंटर पास हैं। पहले वह दूध का व्यवसाय मोटरसाइकिल से करते थे। जिससे वे जरूरत के हिसाब से दूध उतनी मात्रा में नहीं ले जा सकते थे। उन्होंने बताया कि उनके मन में पेट्रोल रहित एक वाहन बनाने का ख्याल आया, फिर क्या था उन्होंने कबाड़ से सामान इकट्ठा किया और एक तीन पहिया वाहन को बना डाला। उन्होंने यह साबित कर दिया कि प्रतिभा किसी की मोहताज नहीं होती।

विज्ञापन


अब जिंदगी हो गई आसान
मेहनत और लगन से उनकी मुफलिसी में पूंजी का अभाव भी आड़े नहीं आया। अब शिव पूजन दूध के ड्रम को ग्रामीण क्षेत्र से शहर तक आसानी से पहुंचाते हैं। कहते हैं कि पहले परिवार चलाने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ता था लेकिन अब जिंदगी आसान हो गई है। दूध के व्यवसाय में काफी फायदा हो रहा है।

तीन महीने के श्रम से कर डाला कमाल, आई इतनी लागत
शिवपूजन ने बताया कि तीन पहिया वाहन बनाने में तीन महीने का समय लगा। जिसमें कबाड़ से लोहे का एंगल व ई-रिक्शा का मोटर और दो बैटरी का उपयोग करके इसे बनाया है। ये दिखने में बिल्कुल ओपन है। जिसमें कबाड़ से कार का रिम व टायर, ट्यूब को बाजार से खरीदकर लगाया गया है। जुगाड़ करने के बाद भी इसे तैयार करने में लगभग एक लाख तीस हजार रुपये की लागत आई। वाहन की बैटरी चार्ज करने के बाद लगभग 70 किलोमीटर की दूरी तय करती है। इस वाहन की क्षमता दो कुंतल भार वहन करने की है। इसमें गियर, क्लच, ब्रेक और कार के अन्य हिस्सों को कबाड़ से लेकर लगाया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed