गोरखपुर: घायल व्यापारी विकास की मौत, प्रतिमा विसर्जन के दौरान लगी थी गोली
पुलिस के मुताबिक, विकास तिवारी पर 2019 में गोरखनाथ थाने में फर्जी लाइसेंस पर शस्त्र खरीदने का मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके बाद कैंट पुलिस ने विकास पर गैंगस्टर की कार्रवाई भी की थी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गोरखपुर जिले के शाहपुर इलाके में मूर्ति विसर्जन में शामिल होने के दौरान गोली से घायल राप्तीनगर के विकास तिवारी की मौत हो गई। मेडिकल कॉलेज में हालत बिगड़ने पर डॉक्टरों ने बृहस्पतिवार की देर रात लखनऊ रेफर कर दिया था। बाराबंकी के पास जाते समय मौत हो गई। पुलिस की जांच में यह बात सामने आई कि जिस लकी निषाद पर गोली मारने का आरोप है, उसे विकास ने घटना वाले दिन पहले मारा था और फिर उसने विकास को गोली मार दी।
उधर, पुलिस ने विकास तिवारी के पिता की तहरीर पर गुलरिहा के लकी निषाद, पंकज और अखिलेश के खिलाफ नामजद हत्या का केस दर्ज कर लिया है। लकी निषाद सहित तीन आरोपियों को पुलिस ने हिरासत में लिया। घटना में इस्तेमाल असलहा भी बरामद कर लिया गया है।
पुलिस के मुताबिक, विकास तिवारी पर 2019 में गोरखनाथ थाने में फर्जी लाइसेंस पर शस्त्र खरीदने का मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके बाद कैंट पुलिस ने विकास पर गैंगस्टर की कार्रवाई भी की थी।
जेल से छूटने के बाद ही उसने दवा का व्यापार शुरू कर दिया था, लेकिन उसकी पुराने दोस्तों से दोस्ती खत्म नहीं हो पाई थी। बृहस्पतिवार को वह मोहल्ले के ही पंकज के यहां स्थापित दुर्गा प्रतिमा के विसर्जन में शामिल होने गया था, जहां पर डांस करने के विवाद में उसकी गोली मारकर हत्या कर दी गई। हालांकि, पुलिस हत्या के वजहों की गहराई से जांच कर रही है।
इसे भी पढ़ें: 10 लेडी डॉन का ऐसा था खौफ, पुलिस की भी उड़ा दी थी नींद
यह हुआ था
राप्तीनगर निवासी व रिटायर्ड महिला दरोगा दमयंत्री त्रिपाठी के पुत्र विकास तिवारी दवा का व्यापार करता था। बृहस्पतिवार को मोहल्ले में स्थापित दुर्गा प्रतिमा के विसर्जन में शामिल होने के लिए गया था। रिलायंस ट्रेड के पास ही दोस्तों से उसका विवाद हो गया था और गोली लगने से घायल हो गया था। उसे मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था, जहां से लखनऊ रेफर कर दिया गया। लखनऊ ले जाते समय उसकी मौत हो गई।
अगस्त 2019 में दर्ज कराया गया था फर्जी शस्त्र लाइसेंस केस
18 अगस्त 2019 को डीएम कार्यालय में तैनात आयुध लिपिक रामसिंह व सूर्यभान ने फर्जी लाइसेंस पर असलहा खरीदे जाने के मामले में रवि आर्म्स कार्पोरेशन टाउनहाल के प्रोपराइटर प्रकाश नारायण पांडेय, कैंट क्षेत्र के रहने वाले शिवम मिश्रा, शाहपुर के राप्तीनगर के विकास तिवारी और गोरखनाथ, हुमायूंपुर के सहिदाबाद निवासी तनवीर खान के खिलाफ साजिश के तहत फर्जी दस्तावेज तैयार कर जालसाजी करने का मामला दर्ज कराया था। बाद में इस मामले में विकास तिवारी पर गैंगस्टर के तहत कार्रवाई भी की गई थी।
एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने कहा कि मेडिकल स्टोर संचालक विकास तिवारी को गोली लगी थी। इलाज के लिए लखनऊ ले जाते समय उसकी मौत हो गई। पुलिस ने तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर एक आरोपी लकी को हिरासत में ले लिया है। सीसी टीवी कैमरे, फॉरेंसिक जांच और साक्ष्यों के आधार पर पुलिस जांच कर रही है। जांच के आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।