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आप सोने के गहने खरीदने के दौरान ठगे नहीं जाएंगे, मोदी सरकार लेने वाली है काफी बड़ा फैसला
Fri, 17 Jan 2020 11:19 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
डिजिटल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
डिजिटल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 17 Jan 2020 11:19 AM IST
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gold hallmark
अगले साल से आप सोने के गहने खरीदने के दौरान ठगे नहीं जाएंगे। केंद्र सरकार 15 जनवरी 2021 से बिना हॉलमार्क के स्वर्ण आभूषण की बिक्री पर रोक लगाने जा रही है। प्रावधान के अनुसार 15 जनवरी 2021 से सिर्फ हॉलमार्क वाले आभूषण और कलाकृतियां ही बिक पाएंगी। इसका उल्लंघन करने वालों पर भारी जुर्माना लग सकता है और जेल भी जाना पड़ सकता है। ऐसे में अगले साल से 18 कैरेट का सोना 22 कैरेट का बताकर ग्राहकों को ठगने वाले बच नहीं पाएंगे।
हॉलमार्क की कसौटी को भी परख कर खरीदें सोना
बदलते इस युग में स्वर्ण आभूषणों की शुद्धता का पैमाना हॉलमार्क हो गया है। निश्चित तौर पर इस मार्किंग वाले स्वर्ण आभूषण शुद्धता की गारंटी देते हैं, लेकिन हॉलमार्क के मानक के हिसाब से भी सभी स्वर्ण आभूषणों में सोने की मात्रा अलग अलग होती है।
हॉलमार्क वाले आभूषणों में शुद्ध सोने की मात्रा
22 कैरेट के आभूषण में - 91.6 प्रतिशत शुद्ध सोना
18 कैरेट के आभूषण में - 75.0 प्रतिशत शुद्ध सोना
14 कैरेट के आभूषण में - 58.5 प्रतिशत शुद्ध सोना
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हॉलमार्क की कसौटी को भी परख कर खरीदें सोना
बदलते इस युग में स्वर्ण आभूषणों की शुद्धता का पैमाना हॉलमार्क हो गया है। निश्चित तौर पर इस मार्किंग वाले स्वर्ण आभूषण शुद्धता की गारंटी देते हैं, लेकिन हॉलमार्क के मानक के हिसाब से भी सभी स्वर्ण आभूषणों में सोने की मात्रा अलग अलग होती है।
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हॉलमार्क वाले आभूषणों में शुद्ध सोने की मात्रा
22 कैरेट के आभूषण में - 91.6 प्रतिशत शुद्ध सोना
18 कैरेट के आभूषण में - 75.0 प्रतिशत शुद्ध सोना
14 कैरेट के आभूषण में - 58.5 प्रतिशत शुद्ध सोना
हालमार्किंग में उकेरे जाते हैं पांच चिह्न
हॉलमार्क, सोने का कैरेट, शुद्ध सोने की मात्रा, ज्वेलर की पहचान और हालमार्क सेंटर की पहचान
(खरीदार मैग्नीफाइंग ग्लास से इन्हें पढ़कर आभूषणों की क्वालिटी परख सकता है।)
हालमार्किंग के शहर में तीन सिर्फ सेंटर
- दीपिका हालमार्क सेंटर, एसवी हालमार्क सेंटर और आशीर्वाद हालमार्क सेंटर
बिना हॉलमार्क वाले आभूषणों को नहीं करा सकते हॉलमार्किंग
केंद्र सरकार ने हॉलमार्क की अनिवार्यता में छूट एक साल के लिए बढ़ा दी है। अब 15 जनवरी 2021 से स्वर्ण आभूषणों पर हॉलमार्किंग अनिवार्य है। इस दौरान जिन सराफा व्यवसायियों के पास बिना हॉलमार्क वाले स्वर्ण आभूषण हैं, उन्हें इन्हें बेचना या फिर गलाना होगा। बिना हॉलमार्क वाले आभूषणों पर हॉलमार्क नहीं कराया जा सकता है।
- वैभव सराफ, निदेशक, एस्प्रा जेम्स एंड ज्वेल्स
पूरी तरह से सुरक्षित है घर में रखा आपका सोना
अगर आपके सोने के गहने हॉलमार्किंग वाले नहीं हैं तो भी आपको बिलकुल ही चिंता करने की जरूरत नहीं है। आपके घर में रखा सोना पूरी तरह से सुरक्षित है। कोई भी इसे आराम से किसी भी स्वर्णकार को बेच सकता है। सराफा व्यवसायी अतुल सराफ ने बताया कि अब भी सोना या स्वर्ण आभूषण पुराने तरीके से ही बेचा जाएगा। कोई भी व्यक्ति अगर किसी सोनार के पास अपने आभूषण बेचने जाता है तो सबसे पहले आभूषण की कैरेट मीटर से जांच होगी। इसके बाद इसे गलाया जाएगा। गलाने के बाद शुद्ध सोना निकलेगा, जिसके हिसाब से उसकी कीमत निर्धारित होगी।
(खरीदार मैग्नीफाइंग ग्लास से इन्हें पढ़कर आभूषणों की क्वालिटी परख सकता है।)
हालमार्किंग के शहर में तीन सिर्फ सेंटर
- दीपिका हालमार्क सेंटर, एसवी हालमार्क सेंटर और आशीर्वाद हालमार्क सेंटर
बिना हॉलमार्क वाले आभूषणों को नहीं करा सकते हॉलमार्किंग
केंद्र सरकार ने हॉलमार्क की अनिवार्यता में छूट एक साल के लिए बढ़ा दी है। अब 15 जनवरी 2021 से स्वर्ण आभूषणों पर हॉलमार्किंग अनिवार्य है। इस दौरान जिन सराफा व्यवसायियों के पास बिना हॉलमार्क वाले स्वर्ण आभूषण हैं, उन्हें इन्हें बेचना या फिर गलाना होगा। बिना हॉलमार्क वाले आभूषणों पर हॉलमार्क नहीं कराया जा सकता है।
- वैभव सराफ, निदेशक, एस्प्रा जेम्स एंड ज्वेल्स
पूरी तरह से सुरक्षित है घर में रखा आपका सोना
अगर आपके सोने के गहने हॉलमार्किंग वाले नहीं हैं तो भी आपको बिलकुल ही चिंता करने की जरूरत नहीं है। आपके घर में रखा सोना पूरी तरह से सुरक्षित है। कोई भी इसे आराम से किसी भी स्वर्णकार को बेच सकता है। सराफा व्यवसायी अतुल सराफ ने बताया कि अब भी सोना या स्वर्ण आभूषण पुराने तरीके से ही बेचा जाएगा। कोई भी व्यक्ति अगर किसी सोनार के पास अपने आभूषण बेचने जाता है तो सबसे पहले आभूषण की कैरेट मीटर से जांच होगी। इसके बाद इसे गलाया जाएगा। गलाने के बाद शुद्ध सोना निकलेगा, जिसके हिसाब से उसकी कीमत निर्धारित होगी।