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गोरखपुर विश्वविद्यालय : पढ़ाई के लिए दूसरे राज्यों के विद्यार्थियों का बढ़ा रुझान
Thu, 27 Aug 2026 02:45 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Thu, 27 Aug 2026 02:45 AM IST
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गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में दूसरे राज्यों के विद्यार्थियों ने पढ़ाई के लिए रुचि दिखाई है। सत्र 2026-27 में देश के 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से कुल 798 विद्यार्थियों ने विश्वविद्यालय में प्रवेश लिया है। यह बीते वर्ष की तुलना में ढाई गुना ज्यादा है।
विश्वविद्यालय प्रशासन के आंकड़ों के मुताबिक वर्ष 2024-25 में प्रदेश के बाहर 154 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया था। यह संख्या वर्ष 2025-26 में बढ़कर 310 हो गई। प्रवेश प्रकोष्ठ के निदेशक प्रो. हर्ष कुमार सिन्हा के अनुसार बीते वर्ष अंतिम प्रवेश सूची में 15 राज्यों के अभ्यर्थी स्थान बना सके थे जबकि इस वर्ष 17 राज्यों के विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया। सबसे अधिक रुचि पड़ोसी राज्य बिहार के छात्रों में देखा गया है। इसके अलावा दिल्ली, झारखंड, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, पंजाब, छत्तीसगढ़, नागालैंड, राजस्थान, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, गुजरात, कर्नाटक, असम, ओडिशा, उत्तराखंड और केरल जैसे राज्यों से भी छात्रों ने विश्वविद्यालय में पढ़ाई के लिए प्रवेश लिया है।
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विश्वविद्यालय प्रशासन के आंकड़ों के मुताबिक वर्ष 2024-25 में प्रदेश के बाहर 154 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया था। यह संख्या वर्ष 2025-26 में बढ़कर 310 हो गई। प्रवेश प्रकोष्ठ के निदेशक प्रो. हर्ष कुमार सिन्हा के अनुसार बीते वर्ष अंतिम प्रवेश सूची में 15 राज्यों के अभ्यर्थी स्थान बना सके थे जबकि इस वर्ष 17 राज्यों के विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया। सबसे अधिक रुचि पड़ोसी राज्य बिहार के छात्रों में देखा गया है। इसके अलावा दिल्ली, झारखंड, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, पंजाब, छत्तीसगढ़, नागालैंड, राजस्थान, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, गुजरात, कर्नाटक, असम, ओडिशा, उत्तराखंड और केरल जैसे राज्यों से भी छात्रों ने विश्वविद्यालय में पढ़ाई के लिए प्रवेश लिया है।
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