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यूपी: महिला नसबंदी में गोरखपुर सूबे में अव्वल, ऐसे मिली स्वास्थ्य विभाग को सफलता
Wed, 04 Aug 2021 12:51 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Wed, 04 Aug 2021 12:51 PM IST
सार
पुरुष नसबंदी में 14वें स्थान पर है जिला। स्वास्थ्य विभाग के रणनीतिक प्रयासों और पार्टनर संस्थाओं के सहयोग से मिली सफलता।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
उत्तर प्रदेश में 11 से 31 जुलाई तक चले विश्व जनसंख्या स्थिरता पखवाड़े के दौरान कुल 1508 महिलाओं को नसबंदी की सेवा देकर गोरखपुर जिले ने सूबे में पहला स्थान हासिल किया है। परिवार नियोजन के अन्य सात कार्यक्रमों में भी जिला टॉप टेन की सूची में शामिल है। एसीएमओ परिवार कल्याण डॉ. नंद कुमार ने बताया कि यह सफलता प्रतिदिन की रणनीति, अंग्रिम पंक्ति कार्यकर्ताओं की मेहनत और पार्टनर संस्था उत्तर प्रदेश टेक्निकल सपोर्ट यूनिट (यूपीटीएसयू) की मदद से मिली है।
बताया कि यूपीटीएसयू से जुड़े जिला परिवार नियोजन विशेषज्ञ (डीएफपीएस) प्रतिदिन राज्य स्तर पर गोरखपुर की रैकिंग की रिपोर्ट देकर लक्ष्य अर्जित करने के लिए उत्साहित करते थे। जिला कार्यक्रम प्रबंधक (एनएचएम) पंकज आनंद समेत पूरी टीम ब्लॉक से कोआर्डिनेट करती थी और ब्लॉक की टीम अंग्रिम पंक्ति कार्यकर्ताओं के जरिये रैकिंग सुधारने के प्रयास में जुटी थी।
इसके सुखद परिणाम सामने आए हैं। बताया कि शहरी क्षेत्र में स्वयंसेवी संस्था पापुलेशन सर्विसेज इंटरनेशनल (पीएसआई)-द चैलेंज इनीशिएटिव फॉर हेल्दी सिटीज ने भी काफी सहयोग किया। स्वास्थ्य संचार के स्तर पर स्वयंसेवी संस्था सेंटर फॉर एडवोकेसी एंड रिसर्च (सीफार) ने लोगों को जागरूक किया। सफलता पर सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय ने पूरी टीम को बधाई दी है।
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बताया कि यूपीटीएसयू से जुड़े जिला परिवार नियोजन विशेषज्ञ (डीएफपीएस) प्रतिदिन राज्य स्तर पर गोरखपुर की रैकिंग की रिपोर्ट देकर लक्ष्य अर्जित करने के लिए उत्साहित करते थे। जिला कार्यक्रम प्रबंधक (एनएचएम) पंकज आनंद समेत पूरी टीम ब्लॉक से कोआर्डिनेट करती थी और ब्लॉक की टीम अंग्रिम पंक्ति कार्यकर्ताओं के जरिये रैकिंग सुधारने के प्रयास में जुटी थी।
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इसके सुखद परिणाम सामने आए हैं। बताया कि शहरी क्षेत्र में स्वयंसेवी संस्था पापुलेशन सर्विसेज इंटरनेशनल (पीएसआई)-द चैलेंज इनीशिएटिव फॉर हेल्दी सिटीज ने भी काफी सहयोग किया। स्वास्थ्य संचार के स्तर पर स्वयंसेवी संस्था सेंटर फॉर एडवोकेसी एंड रिसर्च (सीफार) ने लोगों को जागरूक किया। सफलता पर सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय ने पूरी टीम को बधाई दी है।
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पखवाड़े की उपलब्धियां
| विधा | सेवा दी गई | प्रदेश में रैकिंग |
| महिला नसबंदी | 1508 | प्रथम स्थान |
| पुरुष नसबंदी | 12 | 14वां स्थान |
| पीपीआईयूसीडी | 1550 | दूसरा स्थान |
| आयूसीडी | 3188 | आठवां स्थान |
| अंतरा इंजेक्शन | 3789 | दूसरा स्थान |
| छाया | 15997 | नौवां स्थान |
| कंडोम | 2,21,460 | दूसरा स्थान |
| ओरल पिल्स | 21481 | पांचवां स्थान |
| इमर्जेंसी पिल्स | 10709 | तीसरा स्थान |
गत वर्ष के पखवाड़े की तुलना में बढ़े लाभार्थी
| विधा | पिछले वर्ष दी गई सेवा | इस वर्ष दी गई सेवा |
| महिला नसबंदी | 334 | 1508 |
| पुरुष नसबंदी | 2 | 12 |
| आयूसीडी | 1372 | 3188 |
| पीपीआईयूसीडी | 1099 | 1550 |
| अंतरा | 1323 | 3789 |