{"_id":"68e423524eaaf00525003763","slug":"gorakhpur-news-preparations-to-start-construction-of-godhdhoiya-drain-after-the-rains-gorakhpur-news-c-7-gkp1038-1093984-2025-10-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: बरसात बाद गोड़धोइया नाले का निर्माण शुरू करने की तैयारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: बरसात बाद गोड़धोइया नाले का निर्माण शुरू करने की तैयारी
विज्ञापन
प्रभावित निर्माण को एक सप्ताह के अंदर तोड़ने की चेतावनी
गोरखपुर। गोड़धोइया नाला निर्माण का 75 प्रतिशत कार्य अब तक पूरा हो चुका है। बरसात का मौसम समाप्त होते ही शेष कार्य शुरू करने की तैयारी की जा रही है। सोमवार को एसडीएम सदर दीपक गुप्ता ने बशारतपुर क्षेत्र के आदित्यपुरी और शक्तिनगर मुहल्लों में जाकर भवन स्वामियों से अपील किया कि वे नाला की वांछित चौड़ाई में बाधा डालने वाले निर्माण हटाएं। उन्होंने चेताया कि इसी सप्ताह तक यदि काम शुरू नहीं हुआ तो प्रशासन स्वयं निर्माण तोड़ देगा।
अब तक 9.25 किलोमीटर लंबाई में से 7.3 किलोमीटर नाला निर्माण और 17.95 किलोमीटर इंटरसेप्टिंग सीवर लाइन में से 5.8 किलोमीटर सीवर लाइन का काम पूरा हो चुका है। 38 एमएलडी एसटीपी का 80 प्रतिशत और 61 एमएलडी एमपीएस का 70 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है।
उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय) ने जून में बारिश के कारण कार्य अस्थायी रूप से रोका था। सितंबर में दोबारा कार्य शुरू किया गया, लेकिन एक अक्तूबर की बारिश में चार स्थानों पर एक माह की मेहनत बर्बाद हो गई। अब निर्माण कार्य को बाधारहित पूरा करने के लिए प्रशासन ने भवन स्वामियों से सहयोग मांगा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
गोरखपुर। गोड़धोइया नाला निर्माण का 75 प्रतिशत कार्य अब तक पूरा हो चुका है। बरसात का मौसम समाप्त होते ही शेष कार्य शुरू करने की तैयारी की जा रही है। सोमवार को एसडीएम सदर दीपक गुप्ता ने बशारतपुर क्षेत्र के आदित्यपुरी और शक्तिनगर मुहल्लों में जाकर भवन स्वामियों से अपील किया कि वे नाला की वांछित चौड़ाई में बाधा डालने वाले निर्माण हटाएं। उन्होंने चेताया कि इसी सप्ताह तक यदि काम शुरू नहीं हुआ तो प्रशासन स्वयं निर्माण तोड़ देगा।
अब तक 9.25 किलोमीटर लंबाई में से 7.3 किलोमीटर नाला निर्माण और 17.95 किलोमीटर इंटरसेप्टिंग सीवर लाइन में से 5.8 किलोमीटर सीवर लाइन का काम पूरा हो चुका है। 38 एमएलडी एसटीपी का 80 प्रतिशत और 61 एमएलडी एमपीएस का 70 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है।
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय) ने जून में बारिश के कारण कार्य अस्थायी रूप से रोका था। सितंबर में दोबारा कार्य शुरू किया गया, लेकिन एक अक्तूबर की बारिश में चार स्थानों पर एक माह की मेहनत बर्बाद हो गई। अब निर्माण कार्य को बाधारहित पूरा करने के लिए प्रशासन ने भवन स्वामियों से सहयोग मांगा है।
विज्ञापन