{"_id":"676db80d97cfe8e0f70caf3a","slug":"gorakhpur-news-khichdi-fair-people-will-be-able-to-enjoy-from-the-first-day-of-the-new-year-gorakhpur-news-c-7-gkp1038-790020-2024-12-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"खिचड़ी मेला : नए साल के पहले दिन से लोग ले सकेंगे आनंद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खिचड़ी मेला : नए साल के पहले दिन से लोग ले सकेंगे आनंद
विज्ञापन
गोरखपुर। मकर संक्रांति पर गोरखनाथ मंदिर में लगने वाले खिचड़ी मेले में लगभग 60 प्रतिशत दुकानें व मनोरंजन के साधन लग चुके हैं। नए साल के पहले दिन से ही लोग खिचड़ी मेले का जमकर आनंद उठा सकेंगे। टाॅवर झूला व रेंजर लोगों को आनंद की अनुभूति कराने के लिए तैयार है। मेले में लगभग एक हजार छोटे बड़े दुकानदार दुकानें लगा रहे हैं।
मेले में बड़े झूले भी लगभग लगकर तैयार हो चुके हैं। बड़ी नाव, ड्रैगन झूला, ज्वाइंट व्हील, मौत का कुंआ, ब्रेक डांस के साथ-साथ निशानेबाजी की दुकानें भी लग रही हैं। साथ ही फोटोग्राफी की दुकान भी विभिन्न प्रकार के बैकग्राउंड का रूप देते हुए तैयार हो गई है। कानपुर व बुलंदशहर के कारीगर भी खिचड़ी मेले में खजला बनाने के लिए दुकानें लगभग लगा चुके हैं।
दुकानदार नसीम ने बताया कि मेले के दौरान प्रतिदिन लगभग पांच से दस हजार के खजले की बिक्री होती है। मेले में लगभग 50 दुकानें लगाई जाती हैं। सरकारी स्टॉल एक जनवरी के बाद लगने शुरू हो जाएंगे।
विज्ञापन
मेला प्रबंधक शिव शंकर उपाध्याय ने बताया कि मेले मेंं लगी दुकानों व मनोरंजन के साधनों की जांच पीडब्ल्यूडी, बिजली व अग्निशमन विभाग की ओर से किया जाएगा। इसमें विभाग के अधिकारी आकर जांच करेंगे व प्रशिक्षण देने के साथ ही संसाधनों को मानक के अनुरूप कराकर उन्हें एनओसी देंगे। उनका कहना था कि मेले की लगभग सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।
विज्ञापन
मेले में बड़े झूले भी लगभग लगकर तैयार हो चुके हैं। बड़ी नाव, ड्रैगन झूला, ज्वाइंट व्हील, मौत का कुंआ, ब्रेक डांस के साथ-साथ निशानेबाजी की दुकानें भी लग रही हैं। साथ ही फोटोग्राफी की दुकान भी विभिन्न प्रकार के बैकग्राउंड का रूप देते हुए तैयार हो गई है। कानपुर व बुलंदशहर के कारीगर भी खिचड़ी मेले में खजला बनाने के लिए दुकानें लगभग लगा चुके हैं।
विज्ञापन
दुकानदार नसीम ने बताया कि मेले के दौरान प्रतिदिन लगभग पांच से दस हजार के खजले की बिक्री होती है। मेले में लगभग 50 दुकानें लगाई जाती हैं। सरकारी स्टॉल एक जनवरी के बाद लगने शुरू हो जाएंगे।
विज्ञापन
मेला प्रबंधक शिव शंकर उपाध्याय ने बताया कि मेले मेंं लगी दुकानों व मनोरंजन के साधनों की जांच पीडब्ल्यूडी, बिजली व अग्निशमन विभाग की ओर से किया जाएगा। इसमें विभाग के अधिकारी आकर जांच करेंगे व प्रशिक्षण देने के साथ ही संसाधनों को मानक के अनुरूप कराकर उन्हें एनओसी देंगे। उनका कहना था कि मेले की लगभग सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।