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Gorakhpur News: उत्सव केवल मनोरंजन का साधन नहीं, एकता के सूत्र में बांधने का माध्यम

Sun, 30 Aug 2026 02:32 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sun, 30 Aug 2026 02:32 AM IST
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Festivals are not merely a source of entertainment but a means to bind people together in unity.
गोरखपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ दक्षिण भाग की ओर से योगीराज बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह व उत्तर की ओर से राजेंद्र नगर स्थित एक रिजार्ट में आयोजित रक्षाबंधन उत्सव में सह सरकार्यवाह रामदत्त चक्रधर व अनिल ने कहा कि भारत उत्सवों व पर्वों का देश है। विश्व में भारत की पहचान भगवा ध्वज से भी है। उत्सव केवल मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि संपूर्ण समाज को एकता के सूत्र में बांधने का माध्यम है।
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रक्षाबंधन यह सिर्फ धागा बांधने का पर्व नहीं है, धागा जब मंत्रों से अभिमंत्रित होता है, स्नेह और समर्पण जुड़ता है तब एक सामान्य सा दिखाई देने वाला धागा भी अत्यंत प्रभाव शाली और परिणामकारी हो जाता है।
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उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन का पर्व राष्ट्र की रक्षा का संदेश देने वाला पर्व है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का कोई भी स्वयंसेवक जब प्रतिज्ञा धारण करता है तो कहता कि मैं इस पवित्र हिंदू धर्म, हिंदू संस्कृति तथा हिंदू समाज का संरक्षण कर हिंदू राष्ट्र की सर्वांगीण उन्नति करने के लिए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का घटक बना हूं। इस सपने को लेकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का प्रत्येक स्वयंसेवक प्रतिज्ञाबद्ध होकर गत 100 वर्षों से यात्रा कर रहा।
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उन्होंने कहा कि हिंदू धर्म का प्रतीक भगवा ध्वज का निर्माण राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने नहीं किया है, बल्कि यह हजारों वर्षों से इस देश की संस्कृति, जीवन मूल्य, परम्परा, धार्मिक इन सभी का प्रकार की गतिविधियों का केंद्र बिंदु रहा है। रक्षाबंधन का यह पर्व सामाजिक समरसता का संदेश देने वाला पर्व है।

उन्होंने कहा कि दुर्भाग्यवश आज हमारे उत्सवों का स्वरूप विकृत होता जा रहा है। हमें अपने उत्सवों की ऐतिहासिक, धार्मिक और वैज्ञानिक पृष्ठभूमि को समझने की आवश्यकता है। रक्षाबंधन का पर्व केवल भाई-बहन के प्रेम तक सीमित नहीं है, बल्कि यह धर्म, समाज, पर्यावरण और संस्कृति की रक्षा का भी संदेश देता है। अध्यक्षीय उद्बोधन में प्रो. शोभा गौड़ ने कहा कि रक्षाबंधन भारतीय संस्कृति का ऐसा पर्व है, जो केवल भाई-बहन के स्नेह और रक्षा-संकल्प तक सीमित नहीं है। यह समाज में परस्पर विश्वास, आत्मीयता, सामाजिक समरसता और राष्ट्रभाव को मजबूत करने का संदेश देता है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की ओर से रक्षाबंधन उत्सव के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों के बीच आत्मीय संबंध और एकात्मता की भावना को सुदृढ़ करने का प्रयास किया जाता है।
इस अवसर पर कुलपति प्रो अनुपमा कौशिक शर्मा, प्रांत संघचालक डॉ. महेंद्र अग्रवाल, भाग संघचालक ओम जालान, प्रांत प्रचारक रमेश सहित अन्य बहुत से लोग थे।
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