गोरखपुर खाद कारखाना: लोकार्पण के बाद चालू हो जाएगा उत्पादन, एलईडी स्क्रीन पर पीएम देखेंगे प्रक्रिया
जनसभा स्थल पर जगह-जगह लगे एलईडी स्क्रीन पर आमजन भी देख सकेंगे खाद उत्पादन की प्रक्रिया, 965 मीट्रिक टन यूरिया का होगा उत्पादन, कारखाने में फरवरी से नियमित तौर पर होने लगेगा उत्पादन, खाद कारखाना परिसर में आयोजित प्रदर्शनी में पीएम देखेंगे खाद कारखाना व एम्स की विकास यात्रा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार को जैसे ही बटन दबाकर खाद कारखाने का लोकार्पण करेंगे, उसके दो मिनट बाद ही खाद का उत्पादन शुरू हो जाएगा। मंच और जनसभा स्थल पर लगे 25 एलईडी स्क्रीन पर प्रधानमंत्री के साथ ही आमजन भी यूरिया खाद के उत्पादन की पूरी प्रक्रिया को देख सकेंगे। पीएम की मौजूदगी में 965 मीट्रिक टन यूरिया का उत्पादन होगा। इसके बाद 45 से 60 दिन तक कारखाने में खाद का उत्पादन नहीं होगा। इस समयांतराल में सभी मशीनों की जांच की जाएगी। एचयूआरएल के अधिकारियों के मुताबिक फरवरी से नियमित उत्पादन शुरू हो जाएगा।
पीएम के कार्यक्रम को लेकर हिन्दुस्तान यूरिया उवर्रक रसायन लिमिटेड (एचयूआरएल) के अधिकारी सोमवार को पूरे दिन मशीनों का ट्रायल लेते रहे। भारत सरकार में उवर्रक विभाग के सचिव राजेश चतुर्वेदी ने तैयारियों का जायजा लिया। वह एम्स और खाद कारखाने को लेकर तैयार प्रदर्शनी स्थल का भी निरीक्षण किया।
इस प्रदर्शनी में प्रस्तुत चित्रों और मॉडल को राजेश चतुर्वेदी ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बताएंगे। मंच के पीछे ही एचयूआरएल के सहयोग से प्रदर्शनी लगाई जा रही है। सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) परिसर में हेलीकाप्टर से उतरने के बाद प्रधानमंत्री रैली स्थल पर पहुंचने से पहले प्रदर्शनी का अवलोकन करेंगे। प्रदर्शनी में गोरखपुर के इतिहास के साथ ही खाद कारखाना के बारे में फोटो के साथ जानकारी दी गई है।