आंखों में बन रहे खून के थक्के से हो रहा कोरोना, अब तक तीन मामले आ चुके हैं सामने
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोरोना वायरस अब तक अबूझ पहेली बना हुआ है। इसका दुष्प्रभाव अब आंखों में देखा जा रहा है। सबसे खराब स्थिति तो रेटिना पर पड़ रहा है। रेटिना में खून के थक्के बन रहे हैं। इस तरह के तीन मामले अब तक सामने आ चुके हैं। जिनके आंखों में खून के थक्के बन गए।
इसकी वजह से उन्हें कम दिखाई भी देना लगा। जांच में यह बात सामने आई है कि पर्दे के पीछे खून की नलियों में खून के थक्के जमे हुए हैं। इसकी वजह से खून पर्दे तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। हालांकि इलाज के बाद उनकी आंखों की रोशनी वापस आ रही है।
जानकारी के मुताबिक अब तक जहां गंध, स्वाद, पाचन तंत्र खराब होने पर मरीजों की जांच की गई तो उनमें कोरोना की पुष्टि हुई है। लेकिन इन सबके बीच अब ऐसे भी मरीज सामने आ रहे हैं, जिन्हें आंखों में परेशानी हुई है। शहर के एक निजी अस्पताल में तीन मरीज ऐसे आए हैं, जिनकी आंखें पूरी तरह से लाल हो गई थी। इसके अलावा एक मरीज के आंखों में खून के थक्के जमे थे।
आंखों की जा सकती है हमेशा के लिए रोशनी
तीनों मरीजों की एहतियात के तौर पर कोरोना जांच कराई गई तो रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इसके बाद उनका इलाज शुरू किया गया और आंखों की दवा दी गई तो काफी हद तक राहत मिली। अब दोनों मरीजों की आंखों की लाली पूरी तरह से समाप्त हो गई है।
नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ रजत कुमार के मुताबिक मरीजों की 50 फीसदी रोशनी चली गई थी। इलाज के बाद दोनों की आंखों की रोशनी आने लगी है। लेकिन इनका इलाज काफी लंबे समय तक चलेगा। डॉक्टर दोनों केस में शोध की बात कह रहे हैं।
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के नेत्र रोग विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. राम कुमार जायसवाल ने बताया कि जिनकी आंखों में खून के थक्के जमते हैं। उनकी आंखों की रोशनी भी हमेशा के लिए जा सकती है। ऐसा कार्निया थ्रोम्बोसिस के कारण होता है। ऐसे मरीजों को आंखों और सिर में दर्द के साथ धुंधला दिखाई देने लगता है। यह बेहद खतरनाक लक्षण है। ऐसे में जिन लोगों को इस तरह की समस्या हो रही है वह तत्काल डॉक्टर से संपर्क करें।