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गोरखपुर: 12 छात्रों के विश्वविद्यालय परिसर और छात्रावास में प्रवेश पर रोक, जानिए क्या है वजह
Tue, 18 Oct 2022 01:37 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 18 Oct 2022 01:37 PM IST
सार
विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है, विश्वविद्यालय व महाविद्यालयों के कुछ छात्र असंवैधानिक तरीके से कक्षाएं छोड़कर धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। इससे विश्वविद्यालय का शैक्षणिक माहौल खराब हो रहा है। विवि प्रशासन इन छात्रों को लिखित व मौखिक रूप से बार-बार आगाह कर चुका है।
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DDU gorakhpur
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
छात्रसंघ चुनाव कराने की मांग को लेकर आंदोलित 12 छात्र छह सप्ताह तक गोरखपुर विश्वविद्यालय परिसर और उसके छात्रावास में प्रवेश नहीं कर सकेंगे। इन पर कुलपति कार्यालय में घुसने का प्रयास करने और गेट का ताला तोड़ने का आरोप है।
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विश्वविद्यालय प्रशासन ने इस संबंध में आदेश जारी करते हुए कैंट पुलिस को तहरीर भी दी है। हालांकि, देर रात तक मुकदमा नहीं दर्ज हो सका था। तहरीर के मुताबिक, योगेश प्रताप सिंह, अंकित पांडेय, सत्यम चतुर्वेदी, प्रशांत कुमार, प्रिंस यादव, उज्जवल सिंह, सुशांत शर्मा, प्रशांत गुप्ता, रितु राज निषाद, विपिन जायसवाल, शिवानंद यादव और अभिषेक यादव ने सोमवार को कुलपति कार्यालय में घुसने का प्रयास किया। कुलपित कार्यालय के दरवाजे का लॉक भी तोड़ दिया, जो कि अनुशासनहीनता की श्रेणी आता है। मामला गंभीर है। आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
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विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है, विश्वविद्यालय व महाविद्यालयों के कुछ छात्र असंवैधानिक तरीके से कक्षाएं छोड़कर धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। इससे विश्वविद्यालय का शैक्षणिक माहौल खराब हो रहा है। विवि प्रशासन इन छात्रों को लिखित व मौखिक रूप से बार-बार आगाह कर चुका है। लेकिन, नहीं मान रहे हैं। अब विश्वविद्यालय अध्यादेश की व्यवस्था के तहत इन छात्रों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा रही है।
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