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Gorakhpur News: चिप तकनीक का रिसर्च हब बनेगा एमएमएमयूटी
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गोरखपुर। सेमीकंडक्टर विकसित किए जाने की दिशा में मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय ने कदम बढ़ा दिया है। इसके लिए चार करोड़ रुपये से सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाया जाएगा। इस केंद्र पर मेमोरी चिप, सोलर सेल, एलईडी और अन्य सेमीकंडक्टर डिवाइस के डिजाइन पर काम किया जाएगा।
सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में वीएलएसआई डिजाइन, एंबेडेड सिस्टम, नैनो इलेक्ट्राॅनिक्स व चिप डिजाइन के लिए अलग-अलग प्रयोगशालाएं स्थापित होंगी। यहां अत्याधुनिक तकनीकों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे छात्र तकनीकी रूप से उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप तैयार हो सकें। इस केंद्र के विस्तार के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन भारत सरकार की सेमीकंडक्टर मिशन योजना, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय आदि से भी सहयोग लेने का प्रयास करेगा। इस केंद्र से माइनर कोर्स भी संचालित किए जाएंगे।
इस संबंध में कुलपति प्रो. जेपी सैनी ने बताया कि सेमीकंडक्टर तकनीक को लेकर माइनर कोर्स पहले ही तैयार किया जा चुका है। सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के लिए चार करोड़ रुपये स्वीकृत किए जा चुके हैं।
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सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में वीएलएसआई डिजाइन, एंबेडेड सिस्टम, नैनो इलेक्ट्राॅनिक्स व चिप डिजाइन के लिए अलग-अलग प्रयोगशालाएं स्थापित होंगी। यहां अत्याधुनिक तकनीकों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे छात्र तकनीकी रूप से उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप तैयार हो सकें। इस केंद्र के विस्तार के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन भारत सरकार की सेमीकंडक्टर मिशन योजना, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय आदि से भी सहयोग लेने का प्रयास करेगा। इस केंद्र से माइनर कोर्स भी संचालित किए जाएंगे।
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इस संबंध में कुलपति प्रो. जेपी सैनी ने बताया कि सेमीकंडक्टर तकनीक को लेकर माइनर कोर्स पहले ही तैयार किया जा चुका है। सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के लिए चार करोड़ रुपये स्वीकृत किए जा चुके हैं।
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