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25 years of Hey Ram: पहली बार शाहरुख खान ने बोली थी तमिल, विरोध के बावजूद ‘हे राम’ ने जीते थे तीन नेशनल अवॉर्ड
Tue, 18 Feb 2025 11:15 AM IST
कामेश द्विवेदी
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Published by: कामेश द्विवेदी
Updated Tue, 18 Feb 2025 11:15 AM IST
सार
25 years of Hey Ram: कामल हासन निर्देशित और अभिनीत फिल्म 'हे राम' साल 2000 में रिलीज हुई थी। यह एकमात्र ऐसी भारतीय फिल्म थी, जो एक समय में दो भाषाओं तमिल और हिंदी में शूट की गई थी। शाहरुख खान, नसीरुद्दीन शाह समेत कई स्टार कलाकारों से सजी इस फिल्म ने आज अपनी रिलीज के 25 साल पूरे कर लिए हैं। आइए जानते हैं इस फिल्म के बारे में...
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'हे राम' के 25 साल
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कमल हासन फिल्म इंडस्ट्री में अपने शानदार अभिनय के लिए जाने जाते हैं। उनके निर्देशन में बनी फिल्म ‘हे राम’ भारतीय सिनेमा की एक अनूठी रचना थी, जो ऐतिहासिक और राजनीतिक विषयों पर आधारित थी। इस फिल्म में महात्मा गांधी से जुड़ी कहानी को दिखाया गया था, जिसने लोगों को प्रभावित किया था। साथ ही यह फिल्म विवादों में भी रही थी, इसके बावजूद इसने कई अवार्ड अपने नाम किए थे।
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हे राम
- फोटो : एक्स
महात्मा गांधी से जुड़ी थी इसकी कहानी..
'हे राम' फिल्म की कहानी भारत की आजादी के संघर्षों के दिनों की है, जिसमें गांधीजी की हत्या को एक अलग नजरिए से दिखाया जाता है। फिल्म में महात्मा गांधी की भूमिका में नसीरुद्दीन शाह नजर आए थे। हालांकि, कमल हासन ने पहले बेन किंग्सले को गांधी के किरदार में लेना चाहा था। इसकी कहानी की मुख्य भूमिका में कमल हासन (सक्थी रामन) थे, जिनकी पत्नी रानी मुखर्जी (अपर्णा) का विभाजन के दौरान सांप्रदायिक दंगों में दुर्व्यवहार करके हत्या कर दी जाती है। इस घटना के बाद कमल हासन को लगता है कि यह सब गांधी की अहिंसा नीति के कारण हुआ है, फिर वह गांधी की हत्या करने का मन बनाते हैं। हालांकि, बाद में उन्हें यह समझ आ जाता है कि गांधी के विचार गलत नहीं है और वह उन्हें मारने की इच्छा त्याग देते हैं। फिल्म 'हे राम' में कमल हासन के अलावा शाहरुख खान, रानी मुखर्जी, हेमा मालिनी, नसीरुद्दीन शाह, फरीदा जलाल और अतुल कुलकर्णी महत्वपूर्ण भूमिका में थे।
यह खबर भी पढ़ें: Paquita La Del Barrio: ग्रैमी नामांकित गायिका फ्रांसिस्का विवेरोस का निधन, 77 की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा
'हे राम' फिल्म की कहानी भारत की आजादी के संघर्षों के दिनों की है, जिसमें गांधीजी की हत्या को एक अलग नजरिए से दिखाया जाता है। फिल्म में महात्मा गांधी की भूमिका में नसीरुद्दीन शाह नजर आए थे। हालांकि, कमल हासन ने पहले बेन किंग्सले को गांधी के किरदार में लेना चाहा था। इसकी कहानी की मुख्य भूमिका में कमल हासन (सक्थी रामन) थे, जिनकी पत्नी रानी मुखर्जी (अपर्णा) का विभाजन के दौरान सांप्रदायिक दंगों में दुर्व्यवहार करके हत्या कर दी जाती है। इस घटना के बाद कमल हासन को लगता है कि यह सब गांधी की अहिंसा नीति के कारण हुआ है, फिर वह गांधी की हत्या करने का मन बनाते हैं। हालांकि, बाद में उन्हें यह समझ आ जाता है कि गांधी के विचार गलत नहीं है और वह उन्हें मारने की इच्छा त्याग देते हैं। फिल्म 'हे राम' में कमल हासन के अलावा शाहरुख खान, रानी मुखर्जी, हेमा मालिनी, नसीरुद्दीन शाह, फरीदा जलाल और अतुल कुलकर्णी महत्वपूर्ण भूमिका में थे।
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हे राम
- फोटो : एक्स
किंग खान ने बोली थी तमिल, नहीं लिया था एक भी पैसा
बॉलीवुड में अपने अभिनय का जादू बिखेरने वाले शाहरुख खान की तमिल इंडस्ट्री में यह पहली फिल्म थी। कमल हासन ने शाहरुख खान को अमजद अली के भूमिका के लिए कास्ट किया था। इस फिल्म में पहली बार शाहरुख ने तमिल भाषी ना होते हुए भी तमिल में डब किया था। बताया जाता है कि शाहरुख ने इस फिल्म के लिए कोई भी फीस नहीं ली थी। उनका मानना था गुरु के सामने काम करना ही सबसे बड़े सौभाग्य की बात है।
बॉलीवुड में अपने अभिनय का जादू बिखेरने वाले शाहरुख खान की तमिल इंडस्ट्री में यह पहली फिल्म थी। कमल हासन ने शाहरुख खान को अमजद अली के भूमिका के लिए कास्ट किया था। इस फिल्म में पहली बार शाहरुख ने तमिल भाषी ना होते हुए भी तमिल में डब किया था। बताया जाता है कि शाहरुख ने इस फिल्म के लिए कोई भी फीस नहीं ली थी। उनका मानना था गुरु के सामने काम करना ही सबसे बड़े सौभाग्य की बात है।
हे राम
- फोटो : एक्स
उस दौर की सबसे महंगी फिल्म
इस फिल्म के बारे में कहा जाता है कि कमल हासन ने इसे बनाने के लिए लगभग 17 सालों का रिसर्च किया था। 1940 साल जैसा दृश्य दिखाने के लिए कमल हासन ने इस फिल्म के लिए आज के हिसाब से लगभग 100 करोड़ (साल 2000 में 11 करोड़) रूपये खर्च कर दिए थे। इस फिल्म की शूटिंग मुंबई, कोलकाता और दिल्ली जैसे ऐतिहासिक स्थलों पर हुई थी। साथ ही पुराने समय का लुक देने के लिए हजारों परिधानों के सेट बनवाए गए थे।
यह खबर भी पढ़ें: Nawazuddin Siddiqui: जब 'हे राम' से कट गया नवाजुद्दीन सिद्दीकी का रोल, दोस्तों के सामने फूट-फूट कर रोए अभिनेता
इस फिल्म के बारे में कहा जाता है कि कमल हासन ने इसे बनाने के लिए लगभग 17 सालों का रिसर्च किया था। 1940 साल जैसा दृश्य दिखाने के लिए कमल हासन ने इस फिल्म के लिए आज के हिसाब से लगभग 100 करोड़ (साल 2000 में 11 करोड़) रूपये खर्च कर दिए थे। इस फिल्म की शूटिंग मुंबई, कोलकाता और दिल्ली जैसे ऐतिहासिक स्थलों पर हुई थी। साथ ही पुराने समय का लुक देने के लिए हजारों परिधानों के सेट बनवाए गए थे।
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हे राम
- फोटो : एक्स
विवादों के डर से बीच में छोड़ दिया संगीत
कमल हासन ने शुरुआत में एल सुब्रमण्यम को संगीत के लिए चुना था। बाद में एक करोड़ फीस लेने के कारण कमल हासन ने इलैयाराजा को संगीत देने के लिए चुना, जिन्होंने संगीत में जान डालने का काम किया। हालांकि, बताया जाता है कि सुब्रमण्यम को इस फिल्म के विवादों में रहने की आशंका थी। इसलिए उन्होंने फिल्म को बीच में ही छोड़ दिया था।
कमल हासन ने शुरुआत में एल सुब्रमण्यम को संगीत के लिए चुना था। बाद में एक करोड़ फीस लेने के कारण कमल हासन ने इलैयाराजा को संगीत देने के लिए चुना, जिन्होंने संगीत में जान डालने का काम किया। हालांकि, बताया जाता है कि सुब्रमण्यम को इस फिल्म के विवादों में रहने की आशंका थी। इसलिए उन्होंने फिल्म को बीच में ही छोड़ दिया था।
हे राम
- फोटो : एक्स
भारत ने इसे ऑस्कर के लिए भेजा..
'हे राम' फिल्म को दर्शकों ने तो बहुत प्यार नहीं दिया था, लेकिन बुद्धजीवियों और फिल्म समिति ने इस फिल्म को बहुत सराहा था। इस कारण से भारत ने इसे ऑस्कर के लिए भेजा था, लेकिन कुछ विवादों की वजह से इसे नामांकन नहीं मिला। विवादों में गांधी के चित्रण को अलग ढंग से दर्शाए जाने के साथ सांप्रदायिक दृश्यों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया था। हालांकि, इस फिल्म ने अलग-अलग क्षेत्रों में राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार, फिल्मफेयर पुरस्कार दक्षिण और वार्षिक स्क्रीन पुरस्कार जीता था।
'हे राम' फिल्म को दर्शकों ने तो बहुत प्यार नहीं दिया था, लेकिन बुद्धजीवियों और फिल्म समिति ने इस फिल्म को बहुत सराहा था। इस कारण से भारत ने इसे ऑस्कर के लिए भेजा था, लेकिन कुछ विवादों की वजह से इसे नामांकन नहीं मिला। विवादों में गांधी के चित्रण को अलग ढंग से दर्शाए जाने के साथ सांप्रदायिक दृश्यों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया था। हालांकि, इस फिल्म ने अलग-अलग क्षेत्रों में राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार, फिल्मफेयर पुरस्कार दक्षिण और वार्षिक स्क्रीन पुरस्कार जीता था।