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विदेश में नौकरी दिलाने का झांसा देकर करता था ठगी, गिरफ्तार
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नई दिल्ली। पुलिस की अपराध शाखा ने विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले राजस्थान के नागौर निवासी मुरारी स्वामी (28) को गिरफ्तार किया है। वह 50 से ज्यादा युवाओं से लाखों रुपये ठग चुका है। इसके बैंक खाते को सीज कर दिया गया है। इसमें 4,07,000 रुपये हैं। मुरारी फेसबुक पर फर्जी आईडी बनाकर उस पर विदेश में नौकरी के विज्ञापन देता था। वह साइप्रस एंबेसी के वीजा के लिए फर्जी वेबसाइट भी चलाता था। उससे पीड़ितों के पांच पासपोर्ट, लैपटॉप, रजिस्टर, तीन मोबाइल फोन व काफी सिम बरामद हुए हैं।
अपराध शाखा के अतिरिक्त आयुक्त शिबेश सिंह के अनुसार, एक युवक ने उसे व उसके दोस्त को विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगने की शिकायत दी थी। एक फरवरी को मामला दर्ज किया गया। जांच के बाद इंस्पेक्टर शिवदर्शन, एसआई रोबिन त्यागी व एएसआई विकाल की टीम ने बागडोला गांव, द्वारका से मुरारी स्वामी को गिरफ्तार किया।
उसने पुलिस को बताया कि वह कई देशों में वेटर, इलेक्ट्रिशियन व अन्य नौकरियां कर चुका है। फेसबुक पर मोहित शर्मा, सुमित शर्मा, रोहित शर्मा, अमित स्वामी और अखिल आदि नामों से फर्जी आईडी बनाकर वह विदेशों में नौकरी लगवाने के विज्ञापन देता। साथ में वीजा लगवाने का झांसा भी देता। ये एजेंटों को भी पैसा देता था, ताकि वे ज्यादा से ज्यादा ग्राहक ला सकें। उसने पैसे लेकर लोगों को नौकरी के पत्र भी भेजे। वह लोगों से कहता था कि वीजा के बारे में उसकी वेबसाइट पर देख सकते हैं। इसके बाद वह लोगों के पैसे लेकर गायब हो जाता। सिम व मोबाइल को तोड़कर फेंक देता।
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पुलिस के मुताबिक, मुरारी स्वामी वर्ष 2012 में मलेशिया गया और वहां सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी की। वर्ष 2014 में वह लौट आया। आठ महीने बाद वह बैंकाक गया। वहां रेस्तरां में वेटर की नौकरी की और फरवरी 2016 में लौट आया। इसके बाद वह चीन गया। वहां नौकरी नहीं मिली तो एक हफ्ते बाद वापस आ गया। इसने अपने दोस्त विजय के साथ ट्रक खरीदा। इसमें भी घाटा हो गया। वर्ष 2018 में वह दिल्ली आया और लोगों से ठगी करने लगा। विदेश में नौकरी लगवाने के नाम पर वह हर युवा से आठ लाख 20 हजार रुपये लेता था।
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अपराध शाखा के अतिरिक्त आयुक्त शिबेश सिंह के अनुसार, एक युवक ने उसे व उसके दोस्त को विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगने की शिकायत दी थी। एक फरवरी को मामला दर्ज किया गया। जांच के बाद इंस्पेक्टर शिवदर्शन, एसआई रोबिन त्यागी व एएसआई विकाल की टीम ने बागडोला गांव, द्वारका से मुरारी स्वामी को गिरफ्तार किया।
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उसने पुलिस को बताया कि वह कई देशों में वेटर, इलेक्ट्रिशियन व अन्य नौकरियां कर चुका है। फेसबुक पर मोहित शर्मा, सुमित शर्मा, रोहित शर्मा, अमित स्वामी और अखिल आदि नामों से फर्जी आईडी बनाकर वह विदेशों में नौकरी लगवाने के विज्ञापन देता। साथ में वीजा लगवाने का झांसा भी देता। ये एजेंटों को भी पैसा देता था, ताकि वे ज्यादा से ज्यादा ग्राहक ला सकें। उसने पैसे लेकर लोगों को नौकरी के पत्र भी भेजे। वह लोगों से कहता था कि वीजा के बारे में उसकी वेबसाइट पर देख सकते हैं। इसके बाद वह लोगों के पैसे लेकर गायब हो जाता। सिम व मोबाइल को तोड़कर फेंक देता।
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पुलिस के मुताबिक, मुरारी स्वामी वर्ष 2012 में मलेशिया गया और वहां सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी की। वर्ष 2014 में वह लौट आया। आठ महीने बाद वह बैंकाक गया। वहां रेस्तरां में वेटर की नौकरी की और फरवरी 2016 में लौट आया। इसके बाद वह चीन गया। वहां नौकरी नहीं मिली तो एक हफ्ते बाद वापस आ गया। इसने अपने दोस्त विजय के साथ ट्रक खरीदा। इसमें भी घाटा हो गया। वर्ष 2018 में वह दिल्ली आया और लोगों से ठगी करने लगा। विदेश में नौकरी लगवाने के नाम पर वह हर युवा से आठ लाख 20 हजार रुपये लेता था।