सरकारी नौकर को काम से रोकने पर केजरीवाल-सिसोदिया को हाजिर होने का निर्देश
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रेल भवन के बाहर 2013 में निषेधाज्ञा भंग करने व सरकारी नौकर को काम करने से रोकने के मामले में कोर्ट ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया व आप नेता संजय सिंह को अगली सुनवाई पर पेश होने का निर्देश दिया है।
पटियाला हाउस स्थित महानगर दंडाधिकारी हरविंदर सिंह ने केजरीवाल, सिसोदिया व संजय सिंह को पेशी से एक दिन की छूट बुधवार को दी, लेकिन केस की अगली सुनवाई पर पेश होने के लिए कहा है।
केस की अगली सुनवाई 12 दिसंबर 2016 को होगी। मामले की सुनवाई के दौरान आप नेता राखी बिड़लान, सोमनाथ भारती व आशुतोष कोर्ट में पेश हुए।
दिल्ली पुलिस ने इन सभी आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट पेश की थी, जिस पर संज्ञान के बाद आरोपियों को समन जारी किया था। कोर्ट में पेश होने पर इन आरोपियों को जमानत मिल गई थी।
देशद्रोह केस में जरीवाल के खिलाफ दायर शिकायत खारिज
पेश मामला केजरीवाल व अन्य आप नेताओं द्वारा रेल भवन के बाहर धरने से जुड़ा है। पुलिस ने इस इलाके में भीड़ को काबू करने के लिए निषेध आज्ञा लगाई थी लेकिन इसके बाद भी इन नेताओं ने धरना दिया था।
जबकि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल व अन्य आप नेताओं के खिलाफ दायर उस शिकायत को खारिज कर दिया जिसमें आरोपियों के खिलाफ देशद्रोह समेत कई धाराओं में मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई थी।
पटियाला हाउस स्थित महानगर दंडाधिकारी हरविंदर सिंह ने नरेंद्र शर्मा द्वारा दायर शिकायत खारिज कर दी। शिकायतकर्ता ने अरविंद केजरीवाल, पंकज गुप्ता, कुमार विश्वास व संजय सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की थी।
पेश मामले में शिकायतकर्ता एक मासिक पत्रिका के संपादक हैं। शिकायत में अरविंद केजरीवाल व अन्य आप नेताओं पर चुनावी वादे पूरे न करने, पुलिसकर्मियों को ठुल्ला कहने, डीडीसीए मामले में साक्ष्य पेश न करने, प्रमुख सचिव राजेंद्र कुमार को बचाने, गरीब लोगों के लिए तैयार फ्लैटों के आवंटन न करने संबंधी कई आरोप लगाए थे।