अजित सिंह पर मानहानि का केस करेंगे यशवंत सिन्हा
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पहले से ही विवादों में आए राष्ट्रीय लोकदल के अध्यक्ष अजित सिंह ने एक नया बवाल मोल ले लिया है। 12 तुगलक रोड को खाली कराने के सरकारी नोटिस और बिजली पानी काटे जाने से नाराज अजित सिंह ने भाजपा नेता यशवंद सिन्हा पर हमला करते हुए कहा कि मुझसे पहले उन्हें बंगला खाली करने को कहना चाहिए।
अजित सिंह के बयान पर तीखी टिप्पणी करते हुए यशवंत सिन्हा ने कहा कि अजित सिंह को पता होना चाहिए कि उन्होंने 26 जुलाई को ही बंगला खाली कर दिया है। अजित सिंह ने बिना किसी जानकारी के मुझपर आरोप लगाया है।
यशवंत सिन्हा ने चेतावनी देते हुए कहा है कि वो अजित सिंह पर मानहानि का मुकद्दमा भी करेंगे। गौरतलब है कि आज सुबह ही अपने समर्थकों को का हाल-चाल लेने अजित सिंह अस्पताल गए थे।
अस्पताल से निकलते हुए उन्होंने यशवंत सिंह पर आरोप लगाया कि वह आराम से वीवीआईपी बंगले का मजा ले रहे हैं जबकि मुझे निकालने के लिए घर की बिजली और पानी कनेक्शन तक काट दिया।
ऐसे ही बनाया गया था शास्त्री जी का मेमोरियल
उनके समर्थकों द्वारा गाजियाबाद में हंगामा खड़ा करने और दिल्ली का पानी रोकने की बात पर उन्होंने कहा कि सरकार को पहले से ही इन बातों के लिए तैयार रहना चाहिए।
गौरतलब है कि अजित सिंह और उनके समर्थक 12 तुगलक रोड को पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह के नाम पर चरण सिंह स्मृति भवन बनाना चाहते हैं। अजित सिंह ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री मेमोरियल भी इसी तरह बनाया गया था।
अजित सिंह के बयान पर टिप्पणी करते हुए संसदीय मंत्री वेंकैया नायडू ने कहा कि केंद्र में दस साल कांग्रेस की सरकार थी। मेमोरियल बनाने की बात तब क्यों नहीं की गई।
अजित सिंह ने कहा कि किसी का घर खाली कराने से पहले यह जानना भी जरूरी है कि उसे रहने के लिए किसी ठिकाने की जरूरत होती है।
खाली होने लगा 12 तुगलक रोड
इस मामले में विवाद उस वक्त बढ़ गया जब अजित सिंह ने सरकार पर निशान साधते हुए कहा कि भाजपा के कई नेता पिछले दस सालों से सरकारी बंगले में रह रहे हैं फिर उनपर कोई कार्यवाई क्यों नहीं की जाती।
हालांकि वेंकैया नायडू ने कहा कि अजित सिंह को पर्याप्त समय दिया गया था। इस मामले में नियमों का पालन किया जा रहा है। ऐसे में राजनीतिक पक्षपात का आरोप लगाना बिल्कुल गलत है।
दूसरी ओर खुद पर लगाए गए आरोप का जवाब देते हुए यशवंत सिन्हा का कहना है कि अजित सिंह को यह स्पष्ट करना चाहिए कि वह बंगले को मेमोरियल बनाना चाहते हैं या वहां खुद रहना चाहते हैं।
यशवंत सिन्हा ने कहा कि सरकारी बंगले को मेमोरियल बनाने के बारे में पिछली एनडीए सरकार में ही नियम बना दिए गए थे। ऐसे में उस पर सवाल खड़े करने का कोई औचित्य अब नहीं है।
हालांकि खबर ये भी है कि अजित सिंह ने 12 तुगलक रोड से अपना सामान हटाना शुरू कर दिया है।